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रवजोत कौर ग्रेवालः डेंटिस्ट से सिविल सेवा में ली एंट्री, पंजाब PCS परीक्षा में पाई थी रैंक-1; ऐसी है कहानी

रवजोत ग्रेवाल एक बेहतरीन डेंटिस्ट रही हैं। फिलहाल उन्होंने पंजाब सिविल सर्विसेज में धमाकेदार एंट्री ली है। उन्होंने एग्जाम में पहली रैंक हासिल की। उनके पिता सेना में कर्नल हैं जबकि मां एक अध्यापिका। रवजोत ने अपने दूसरे चांस में पहली रैंक हासिल की।

Dr. Ravjot grewal, Punjab, Patiala, Topper PSC, EX SP Ruralपंजाब सिविल सर्विसेज में टॉप करने वाली डॉ. रवजोत ग्रेवाल (फोटोः फेसबुक रवजोत ग्रेवाल)

इरादे अगर बुलंद हों तो कौन सी मंजिल फनां नहीं की जा सकती। पंजाब के पटियाला में रहने वाली रवजोत कौर ग्रेवाल इस कहावत को चरितार्थ साबित करती हैं। डेंटल सर्जन के तौर पर अपना करियर शुरू करने वाली रवजोत आज पंजाब सिविल सेवा की ऑफिसर हैं। आज की युवा पीढ़ी उन्हें अपने आइकॉन में शुमार करती है।

रवजोत ग्रेवाल एक बेहतरीन डेंटिस्ट रही हैं। फिलहाल उन्होंने पंजाब सिविल सर्विसेज में धमाकेदार एंट्री ली है। उन्होंने एग्जाम में पहली रैंक हासिल की। उनके पिता सेना में कर्नल हैं जबकि मां एक अध्यापिका। रवजोत ने अपने दूसरे चांस में पहली रैंक हासिल की। पहले प्रयास में उनकी रैंक 47वीं थी। अभी वह फतेहगढ़ साहिब जिले में असिस्टेंट कमिश्नर ग्रेविएंसेज के तौर पर अपनी सेवा दे रही हैं।

फर्जी डिग्री बनाने वाले गिरोह के बारे में बतातीं रवजोत ग्रेवाल

इससे पहले वह पुलिस महकमे में बतौर एसपी तैनात रही थीं। अपनी मोहाली पोस्टिंग के दौरान उन्होंने एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया था, जो कम पढ़े-लिखे व स्टडी गैप वाले युवकों से मोटी रकम लेकर उन्हें प्रसिद्ध यूनिवर्सिटी और संस्थानों की फर्जी डिग्रियां मुहैया कराता था। फरवरी में मोहाली पुलिस ने गिरोह का पर्दाफाश किया।

अपने परिजनों के साथ रवजोत ग्रेवाल

पुलिस के मुताबिक-गिरोह के शातिर कई साल में नहीं, बल्कि 30-40 दिन में ही युवकों को इंजीनियर, डॉक्टर, अकाउंटेंट, एमबीए, बीटेक, एमटेक की फर्जी डिग्रियां सौंप देते थे। इस गिरोह का नेटवर्क पूरे देश में फैला हुआ है। बदमाश पंजाब, हिमाचल, यूपी, हरियाणा, दिल्ली और मध्य प्रदेश समेत कई शहरों में स्थित 16 सरकारी और निजी यूनिवर्सिटी की फर्जी डिग्रियां जारी कर रहे थे।

रवजोत कौर ग्रेवाल ने इस गिरोह को बारीकी से फालो किया और उसकी हर गतिविधि पर नजर रखी। उनकी कड़ी मेहनत और रणनीति के चलते ही पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली थी। गिरोह के बदमाशों से पुलिस ने जाली दस्तावेज, मुहर, होलोग्राम, कंप्यूटर और अन्य उपकरण बरामद किए हैं। पुलिस ने इस गिरोह के पांच शातिर गिरफ्तार किए थे।

फुर्सत के क्षणों में डॉ. रवजोत कौर ग्रेवाल

रवजोत शादीशुदा हैं। उनके पति नवनीत सिंह हैं। अपनी फेसबुक पोस्ट में बीते साल रवजोत ने दिल को छूने वाली बात लिखी थी। उनका कहना था कि उनके पति हरजीत सिंह के नामका टैग पहनते हैं। इसके जरिए वो उस एएसआई को याद करते हैं जिनका कटा हाथ लोगों के जेहन में आज भी मौजूद है।

पंजाब सिविल सर्विसेज में टॉप करने वाली डॉ. रवजोत कौर ग्रेवाल

कोरोना लॉकडाउन के दौरान पुलिस की कार्यप्रणाली की यह जीती जागती मिसाल है। रवजोत का कहना है कि पुलिस के जवानों को अपने कर्तव्य पथ से हिंसा, संक्रमण और मृत्यु जैसी चीजें नहीं डिगा सकतीं। उन्होंने अपनी फेसबुक में पोस्ट भी किया है, मैं भी हरजीत सिंह।

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