लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने एक बार फिर से ट्रेड डील को लेकर मोदी सरकार को घेरा है। राहुल गांधी ने कई सवाल किए और किसानों के साथ विश्वासघात होने का आरोप लगाया। राहुल गांधी ने सरकार पर ट्रेड डील के जरिए सरेंडर करने का आरोप लगाते हुए कहा कि यह मुद्दा देश के भविष्य से जुड़ा है। उन्होंने सवाल किया कि क्या भारत किसी दूसरे देश को अपने कृषि क्षेत्र पर नियंत्रण हासिल करने की अनुमति दे रहा है।

राहुल गांधी ने अमेरिका के साथ ट्रेड डील पर मोदी सरकार से 5 सवाल पूछे हैं।

  1. DDG इंपोर्ट करने का वास्तव में क्या मतलब है? क्या इसका मतलब यह है कि भारतीय मवेशियों को GM अमेरिकी मक्का से बने डिस्टिल्ड ग्रेन खिलाए जाएंगे? क्या इससे हमारे दूध उत्पाद प्रभावी रूप से अमेरिकी कृषि उद्योग पर निर्भर नहीं हो जाएंगे?
  2. अगर हम GM सोया तेल के आयात की अनुमति देते हैं, तो मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान और देशभर के हमारे सोया किसानों का क्या होगा? वे एक और कीमतों का झटका कैसे झेल पाएंगे?
  3. जब आप एडिशनल प्रोडक्ट कहते हैं, तो उसमें क्या-क्या शामिल है? क्या यह समय के साथ दाल और अन्य फसलों को अमेरिकी आयात के लिए खोलने के दबाव का संकेत है?
  4. नॉन ट्रेड बैरियर हटाने का क्या मतलब है? क्या भविष्य में भारत पर GM फसलों पर अपने रुख को ढीला करने, प्रोक्योरमेंट को कमजोर करने या MSP और बोनस को कम करने का दबाव डाला जाएगा?
  5. एक बार यह दरवाज़ा खुल गया, तो हर साल इसे और ज़्यादा खुलने से हम कैसे रोकेंगे? क्या इसकी रोकथाम होगी, या हर बार सौदे में धीरे-धीरे और भी फसलों को टेबल पर रख दिया जाएगा?

राहुल गांधी ने कहा कि किसानों को ये सफ़ाई तो मिलनी ही चाहिए। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ आज की बात नहीं है। ये भविष्य की भी बात है – क्या हम किसी दूसरे देश को भारत की कृषि उद्योग पर लंबे समय की पकड़ बनाने दे रहे हैं। पढ़ें अमेरिका के साथ ट्रेड डील को लेकर राहुल गांधी ने साधा निशाना

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