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ब्रिटेन की महारानी ने दिया था न्‍यौता, पंजाब के राज्‍यपाल ने ठुकरा दिया, जानिए क्‍यों

बदनोर की ओर से कहा गया, "महारानी के जन्मदिन के जश्न में मुझे अपने आवास पर खास मेहमान के तौर पर बुलाने के लिए शुक्रिया। मैं उनकी लंबी आयु और अच्छे स्वास्थ्य की कामना करता हूं।"

पंजाब के राज्यपाल वीपी सिंह बदनोर। (फाइल फोटोः FB/vpsinghbadnore)

ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय ने पंजाब के राज्यपाल को अपने जन्मदिन के जश्न में शामिल होने के लिए न्यौता भिजवाया था। पर ब्रिटिश डिप्टी हाई कमीशन की ओर से आया निमंत्रण राज्यपाल वीपी सिंह बदनोर ने ठुकरा दिया। यह कार्यक्रम बुधवार रात को हुआ था।

‘डेली ट्रिब्यून’ की खबर के मुताबिक, राज्यपाल की तरफ से इन्कार करने के पीछे जलियांवाला बाग नरसंहार के 100 साल पूरे होना कारण बताया गया। कहा गया, “चूंकि, कार्यक्रम उसी संध्या पर है, जब जलियांवाला बाग नरसंहार के 100 साल पूरे हो रहे हैं। पंजाब के लिए यह बेहद जज्बाती कर देने वाला मुद्दा है। ऐसे यह कार्यक्रम में शामिल होने का सही समय नहीं होगा।”

आगे उन्होंने देश में चुनावी माहौल को भी कार्यक्रम में न शरीक हो पाने के लिए एक कारण बताया। बदनोर की ओर से कहा गया, “महारानी के जन्मदिन के जश्न में मुझे अपने आवास पर खास मेहमान के तौर पर बुलाने के लिए शुक्रिया। मैं उनकी लंबी आयु और अच्छे स्वास्थ्य की कामना करता हूं।”

राज्यपाल ने अपनी चिट्ठी में आगे लिखा था, “हम विभिन्न क्षेत्रों में एक-दूसरे (भारत-ब्रिटेन) का लंबे समय से साथ दे रहे हैं। मसलन कारोबार व शिक्षा आदि। दोनों देशों के बीच आर्थिक करार भी मजबूत हैं। भारत, ब्रिटेन में निवेश करने वाला दूसरा सबसे बड़ा देश है, जबकि ब्रिटेन भी भारत में अच्छा-खासा इन्वेस्टमेंट करता है।”

बता दें कि इस घटनाक्रम से कुछ देर पहले ब्रिटेन की प्रधानमंत्री थेरेसा मे ने जलियांवाला बाग नरसंहार पर की अपनी टिप्पणी को लेकर माफी मांगी। दरअसल, उन्होंने इस घटना को ब्रिटिश और भारतीय इतिहास में ‘शर्मनाक धब्बा’ बताया था। हालांकि, ब्रिटेन के मंत्री मार्क फील्ड ने हाउस ऑफ कॉमन्स में चर्चा के बीच जलियांवाला बाग घटना को लेकर गहरा खेद प्रकट किया था।

क्या हुआ था जलियांवाला बाग कांड के दौरान?: सैकड़ों निहत्थे भारतीयों (महिलाएं और बच्चे भी शामिल) को ब्रिटिश सेना ने तब मौत के घाट उतार दिया था। 13 अप्रैल, 1919 को उस दौरान ब्रिटिश सेना का नेतृत्व ब्रिगेडियर जनरल रेगिनाल्ड डायर कर रहे थे।

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