पुणे जिले के बारामती एयरपोर्ट के पास बुधवार सुबह एक ट्रेनिंग विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस घटना की जानकारी पुणे ग्रामीण पुलिस ने दी। पुणे ग्रामीण पुलिस के एसपी संदीप सिंह गिल के अनुसार हादसा सुबह करीब 8:50 बजे हुआ। उन्होंने बताया, “प्रत्यक्षदर्शियों से मिली शुरुआती जानकारी के मुताबिक विमान कम ऊंचाई पर उड़ान भर रहा था। तभी उसमें तकनीकी खराबी आ गई। क्रैश लैंडिंग के दौरान विमान का एक हिस्सा पहले एक लाइट पोल से टकराया और फिर जमीन पर गिर गया।”

एसपी ने कहा कि हादसे के समय विमान में केवल एक प्रशिक्षु पायलट (Trainee Pilot) मौजूद था। राहत की बात यह रही कि किसी को गंभीर चोट नहीं आई। इधर, घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। फिलहाल अधिक जानकारी का इंतजार है।

प्लेन क्रैश में अजित पवार की मौत

यह हादसा इसी साल जनवरी में हुए घातक लियरजेट 45 विमान हादसे के कुछ महीनों बाद हुआ है। उस दुर्घटना में विमान रनवे पर उतरने की कोशिश के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था और उसमें सवार सभी पांच लोगों की मौत हो गई थी। मृतकों में अजित पवार, उनका निजी सुरक्षा अधिकारी, एक फ्लाइट अटेंडेंट और दो पायलट शामिल थे। वह मुंबई से बारामती जिला परिषद चुनाव प्रचार के लिए जा रहे थे।

घटना के बाद नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) ने एक ऑडिट टीम गठित की थी। जांच में एयरवर्दीनेस, एयर सेफ्टी और फ्लाइट ऑपरेशंस से जुड़े कई नियमों के उल्लंघन पाए गए, जिसके बाद मेसर्स VSR वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड का विशेष सुरक्षा ऑडिट कराने के आदेश दिए गए।

रिपोर्ट में सामने आई थीं कई गड़बड़ियां

वहीं विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AAIB) की रिपोर्ट में कहा गया था कि बारामती एयरफील्ड पर मौसम संबंधी कोई स्थायी सुविधा उपलब्ध नहीं है। अस्थायी टावर में लगे उपकरणों की मदद से ही मौसम की जानकारी विमान तक पहुंचाई जाती है।

रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि बारामती एयरफील्ड एक “अनकंट्रोल्ड एयरफील्ड” है, जहां विंड सॉक्स के अलावा कोई नेविगेशनल सहायता उपलब्ध नहीं है। रनवे 29 की ओर दो विंड सॉक्स मौजूद थे, जबकि रनवे 11 की ओर कोई विंड सॉक नहीं था, जहां अजित पवार के विमान ने उतरने की कोशिश की थी।

रिपोर्ट के अनुसार एयरफील्ड पर केवल विजुअल फ्लाइट रूल्स (VFR) के तहत संचालन की अनुमति है, लेकिन वहां नियमित फ्लाइंग ट्रेनिंग और नॉन-शेड्यूल्ड उड़ानें भी संचालित की जा रही थीं।