ताज़ा खबर
 

देश की 284 हस्तियों ने पीएम मोदी और राष्ट्रपति को लिखी चिट्ठी- कश्मीर के हालात अस्वीकार्य, उन्हें भी मिले मौलिक अधिकार

चिट्ठी लिखने वालों में शिक्षाविद, पत्रकार, राजनीतिक नेताओं जैसी हस्तियां शामिल हैं। चिट्ठी में कहा गया है कि घाटी में मानवीय आधार पर इंटरनेट सेवाओं को बहाल किया जाना चाहिए

jammu kashmirप्रतीकात्मक तस्वीर (इंडियन एक्सप्रेस)

कश्मीर के हालातों पर देश की 284 हस्तियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को चिट्ठी लिखी है। चिट्ठी में कहा गया है कि कश्मीर के हालात अस्वीकार्य हैं और कश्मीरियों को भी मौलिक अधिकार मिलने चाहिए। चिट्ठी लिखने वालों में शिक्षाविद, पत्रकार, राजनीतिक नेताओं जैसी हस्तियां शामिल हैं। सभी ने एक स्वर में कहा है कि केंद्र के अनुच्छेद 370 को खत्म करने और जम्मू-कश्मीर को दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित करने के निर्णय को स्थानीय लोगों से सलाह के बिना लिया गया है।

हस्ताक्षरकर्ताओं ने कहा कि ‘हम अभी भी नहीं जानते कि जम्मू और कश्मीर के लोग क्या महसूस कर रहे हैं।’ हाल ही में केरल हाई कोर्ट के फैसले का हवावा देते हुए हस्तियों ने कहा है जम्मू-कश्मीर के लोगों को भी इंटरनेट चलाने की इजाजत मिलनी चाहिए। कोर्ट ने अपने फैसले में कहा है कि इंटरनेट मौलिक अधिकार है। ऐसे में घाटी में मानवीय आधार पर इंटरनेट सेवाओं को बहाल किया जाना चाहिए।’

‘द वॉयर’ में छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक चिट्ठी में लिखा गया है कि राज्य में 5 अगस्त के बाद लोगों के घरों के बाहर भारी सुरक्षा बल तैनात है। इसमें कई नेताओं जिनमें पूर्व मुख्यमंत्री और विधायक को नजरबंद रखा गया है। इस स्थिति राज्य में व्यापार पूरी तरह से प्रभावित हुआ है। मोबाइल फोन और इंटरनेट पर पाबंदी के चलते हम अपने दोस्तों और रिश्तेदारों से बात नहीं कर पा रहे हैं। मानवीय आधार के साथ-सआथ हम लोकतांत्रिक आधार पर भी, हम इस स्थिति को अस्वीकार्य मानते हैं। राज्य में अभी भी विधानसभा चुनाव करवाने, प्रतिबंध हटवाने और आर्टिकल 370 का फैसला जनता पर छोड़ने में देरी नहीं हुई है।’

बता दें कि सभी प्रकार की इंटरनेट सेवाएं पूरी घाटी में बंद है। पूरी घाटी में लैंडलाइन टेलीफोन सेवा बहाल कर दी गयी है। हंदवारा और कुपवाड़ा को छोड़ कर शेष कश्मीर में मोबाइल सेवा चार अगस्त से लगातार निलंबित है। राज्य में सोमवार को लगातार 64वें दिन मुख्य बाजार बंद रहे और सार्वजनिक परिवहन की गाड़ियां सड़कों से नदारद रहीं जिससे जन जीवन अस्त व्यस्त रहा। अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी।

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 नरेंद्र मोदी सरकार में मंत्री रामविलास पासवान की तबीयत बिगड़ी, सांस लेने में तकलीफ के बाद हॉस्पिटल में भर्ती
2 Aarey Trees Case: जो काम शिव सैनिकों की फौज न कर सकी, वह इस लॉ स्टूडेन्ट ने कर दिया, जानें कौन हैं ऋषभ रंजन?
3 मिशन 2022 में जुटीं प्रियंका गांधी, लखनऊ में ढूंढ़ रहीं घर, इस ऐतिहासिक मकान का कर चुकी हैं मुआयना
बिहार चुनाव
X