प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को पंजाब के जालंधर में डेरा सचखंड बल्लां पहुंचे और संत गुरु रविदास की 649वीं जयंती के मौके पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। मोदी ने कहा, ”श्री गुरु रविदास महाराज जी ने भारत के लिए भविष्य की एक संकल्पना भी पेश की थी। मुझे संतोष है कि आज देश मिशन मोड में इस संकल्पना को साकार करने में जुटा है। इसी मिशन का नाम है – विकसित भारत!”
गुरु रविदास जयंती और माघ पूर्णिमा के मौके पर लोगों को बधाई देते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ”मैं पंजाब दी इस धरती नूं नमन करदा हां।”
प्रधानमंत्री ने एक सभा को संबोधित करते हुए कहा, ”विकसित भारत का अर्थ है ऐसा देश जहां किसी को भी गरीबी में जीने के लिए मजबूर न होना पड़े, जहां सभी का सम्मान हो और सभी को अवसर प्राप्त हों। संत रविदास के आशीर्वाद से, मुझे पूरा विश्वास है कि हम निश्चित रूप से विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त कर लेंगे।”
हमारी ऊंची उड़ान का मजबूत आधार है ये बजट- पीएम मोदी
रविदास संप्रदाय के प्रमुख संत निरंजन दास को 25 जनवरी को पद्मश्री सम्मान दिये जाने की घोषणा की गई थी। इसके कुछ दिन बाद ही मोदी ने यह यात्रा की है।
रविदासिया समुदाय का सबसे बड़ा डेरा
जालंधर के बल्लां में स्थित डेरा सचखंड, राज्य में रविदासिया समुदाय का सबसे बड़ा डेरा है। पिछले साल दिसंबर में डेरा प्रमुख संत दास ने प्रधानमंत्री मोदी से दिल्ली में मुलाकात कर उन्हें एक फरवरी को गुरु रविदास की जयंती के अवसर पर आने के लिए आमंत्रित किया था।
आदमपुर हवाई अड्डे का नाम बदला
डेरा सचखंड जाने से पहले पीएम मोदी ने आदमपुर हवाई अड्डे का नाम बदलकर श्री गुरु रविदास महाराज जी हवाई अड्डा, आदमपुर रखा और लुधियाना के हलवारा हवाई अड्डे पर सिविल टर्मिनल भवन का वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन भी किया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि यह सम्मान और गौरव की बात है कि आज संत रविदास जयंती के अवसर पर यह निर्णय लिया गया है कि आदमपुर हवाई अड्डे को अब से श्री गुरु रविदास महाराज जी हवाई अड्डा के नाम से जाना जाएगा।
अगर आज चुनाव हुए तो एनडीए को मिलेंगी कितनी सीटें?
पीएम ने जताया डेरे का आभार
डेरा सचखंड बल्लां की प्रशंसा करते हुए मोदी ने कहा कि सामाजिक सेवा के क्षेत्र में डेरा का कार्य अत्यंत सराहनीय रहा है। मोदी ने डेरा प्रमुख संत दास के चरण स्पर्श कर उनका आशीर्वाद भी लिया। प्रधानमंत्री ने कहा कि वह डेरे के प्रति व्यक्तिगत रूप से आभार व्यक्त करना चाहते हैं, क्योंकि उन्हें याद है कि कुछ महीने पहले उनके जन्मदिन पर उनके लिए विशेष अरदास की गई थी।
