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कोई और पढ़ न सके इसलिए मीटिंग में गुजराती में नोट लिखते हैं पीएम नरेंद्र मोदी, खुद करते हैं फॉलो-अप

पीएम जब भी किसी मीटिंग में होते हैं तो वह जरूरी पॉइन्ट्स को हिंदी या अंग्रेजी भाषा में नहीं बल्कि गुजराती भाषा में लिखना पसंद करते हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कुछ जरूरी दस्तावेजों पर साइन करते हुए (Express Photo By Bhupendra Rana)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अलग कार्यशैली उनके कार्यालय के कई अधिकारियों को चौंकाती है। जब भी वे संवैधानिक पदों पर बैठी शख्सियतों जैसे- चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया, राज्‍यपालों, यहां तक कि मुख्‍यमंत्रियों के साथ बैठक करते हैं तो नोट्स बनाते हैं। पीएम हर जरूरी मुद्दे पर पैनी नजर रखते हैं और उनका फॉलो-अप करके जल्‍द से जल्‍द समस्‍या दूर करने का प्रयास करते हैं। रेडिफ डॉट कॉम ने सूत्रों के हवाले से लिखा है कि कई मौकों पर दशकों से चली आ रहीं समस्‍याओं को एक सप्‍ताह या 15 दिन में ही सुलझा लिया गया। सिर्फ साढ़े चार-पांच घंटे की नींद लेने वाले पीएम नरेंद्र मोदी अपने मंत्रालय में समीक्षा बैठक के दौरान भी नोट्स बनाते हैं। इसके बाद वह संबंधित विभाग के मंत्रियों और अफसरों से बात करते हैं। इस तरीके से पीएम मोदी ने कम से कम 30 महत्‍वपूर्ण मुद्दों के हल निकालने में कामयाबी पाई है। मजे की बात यह है कि बैठकों के दौरान मोदी अपनी मातृभाषा गुजराती में नोट्स बनाते हैं, इसकी एक वजह यह भी हो सकती है कि अन्‍य लोग यह न देख पाएं कि वह क्‍या नोट कर रहे हैं।

नरेंद्र मोदी जब प्रधानमंत्री बने थे, जब उनकी कार्यशैली पर कई रिपोर्ट्स प्रकाशित हुई थीं। वह रोज सुबह योग करते हैं, 90 के दशक में उन्‍हें योग गुरु एचआर नागेन्‍द्र ने योग करना सिखाया था, तब से मोदी योग करते आ रहे हैं। मोदी रोज 18 घंटे काम करते हैं और अपने मंत्रियों से भी ऐसा करने को कहते हैं। पीएम के वर्किंग स्टाइल को लेकर कई राजनीतिक विश्लेषक भी उनकी तुलना किसी कॉर्पोरेट सीईओ के स्टाइल से कर चुके हैं। उनके मुताबिक पीएम मोदी अपने भाषणों में किसी कंपनी के सीईओ की तरह ही टिप्स देते हैं।

रिपोर्ट्स के मुताबिक पीएम अपने काम के लिए रोज सुबह 5 बजे ही उठ जाते हैं और सबसे पहले चाय लेने के साथ-साथ इंटरनेट का इस्तेमान देश-दुनिया की खबरें जानने के लिए करते हैं। इसके बाद वह योगाभ्यास और मेडिटेशन भी करते हैं। यह सब करने के बाद 9 बजे पीएम अपने दफ्तर पहुंचते हैं और अपने निजी सचिव से दिनभर का ब्यौरा लेकर जरूरी कार्यों को पूरा करते हैं।

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