Petrol Diesel Latest Price Today: पेट्रोल-डीजल के दाम में तेल कंपनियों की तरफ से एक बार फिर से बढ़ोतरी की गई है। तेल कंपनियों ने डीजल के दाम में 91 पैसे प्रति लीटर और पेट्रोल के दाम में 87 पैसे प्रति लीटर इजाफा किया है। अब दिल्ली में डीजल का दाम बढ़कर 91.58 रुपये प्रति लीटर और पेट्रोल का दाम 98.64 रुपये प्रति लीटर हो गया है।

न्यूज एजेंसी एजेंसी एएनआई द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, कोलकाता में पेट्रोल 96 पैसे प्रति लीटर और डीजल 94 पैसे प्रति लीटर महंगा हुआ है। अब यहां पेट्रोल के नए रेट 109.70 रुपये प्रति लीटर जबकि डीजल के नए रेट 96.07 रुपये प्रति लीटर निर्धारित किया गया है।

मुंबई और चेन्नई में क्या हैं पेट्रोल-डीजल के दाम?

मुंबई में पेट्रोल और डीजल के दाम में क्रमश: 91 पैसे और 94 पैसे की बढ़ोतरी की गई है। मुंबई में अब पेट्रोल 107.59 रुपये प्रति लीटर और डीजल 94.08 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। चेन्नई में पेट्रोल-डीजल के दाम में क्रमश: 82 पैसे और 86 पैसे बढ़ाए गए हैं। यहां पेट्रोल और डीजल का नया दाम 104.49 रुपये और 96.11 रुपये निर्धारित किया गया है।

एक हफ्ते में दूसरी बार बढ़े पेट्रोल-डीजल के दाम

इससे पहले शुक्रवार को पेट्रोल और डीजल के दाम तीन रुपये प्रति लीटर बढ़ाये गये थे। यह पिछले चार सालों में पेट्रोल-डीजल के दाम में पहली वृद्धि थी। पेट्रोल-डीजल के दाम में इस बढ़ोतरी से पहले दिल्ली में पेट्रोल 94.77 रुपये प्रति लीटर जबकि डीजल 87.67 रुपये प्रति लीटर पर बिक रहा था।

पीएम कर चुके हैं पेट्रोल-डीजल बचाने की अपील

पश्चिम एशिया में व्याप्त तनाव की वजह से प्रभावित हुई ईंधन की सप्लाई के बीच पीएम नरेंद्र मोदी ने कुछ ही दिनों पहले देशवासियों से पेट्रोल और डीजल बचाने की अपील की थी। पीएम नरेंद्र मोदी की इस अपील के बाद कई राज्यों ने वर्क फ्रॉम होम सहित कई उपायों को लागू करने का फैसला किया था।

हालांकि इस बीच पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दाम के विरोध में कई संगठनों ने सड़क पर उतरने का भी ऐलान किया है। दिल्ली में टैक्सी और ऑटो चालकों की यूनियन किराये में वृद्धि की मांग को लेकर 21 से 23 मई तक तीन दिवसीय हड़ताल पर जाने की योजना बना रही हैं। राजधानी में  चालक शक्ति यूनियन ने 21, 22 और 23 मई को चक्का जाम का आह्वान किया है और इन दिनों वाहन न चलाने की अपील की है।

यह भी पढ़ें: ‘अच्छे दिन’ से ‘संकट की घड़ी’ तक? अब जनता से संयम की अपेक्षा

काश चुनावों का मौसम थोड़ा और लंबा होता। उसके खत्म होते ही प्रधानमंत्री ने चेताया हमको कि अच्छे दिन अभी रूई की बत्ती की तरह उड़ गए हैं और बुरे दिनों की तैयारी हम सबको करनी होगी। पढ़िए तवलीन सिंह का लेख