ताज़ा खबर
 

सीबीआई को ‘पिंजड़े में तोता’ बताने वाले पूर्व सीजेआई ने कहा- बिना आजादी कैसे उड़ेगा पक्षी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, न्यायमूर्ति एके सीकरी और लोकसभा में कांग्रेस के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे की सदस्यता वाली उच्चाधिकार प्राप्त समिति ने वर्मा का सीबीआई से बृहस्पतिवार को तबादला कर दिया था। सरकार ने अतिरिक्त निदेशक नागेश्वर राव को एजेंसी का प्रभार सौंपा।

Author January 12, 2019 12:58 PM
जस्टि लोढ़ा (रिटायर्ड) ने इंडियन एक्सप्रेस से कहा, ‘समय आ गया है जब कुछ करने की जरुरत है, और यह सुनिश्चित करने के लिए यह किया जाना चाहिए कि सीबीआई सही मायने में प्रमुख जांच एजेंसी बन जाए।’ (इंडियन एक्सप्रेस फोटो)

केंद्र सरकार द्वारा पिछले दस महीने में आलोक वर्मा को दो बार सीबीआई डायरेक्टर के पद से हटाए जाने पर पूर्व चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया आरएम लोढ़ा ने टिप्पणी की है। शुक्रवार को उन्होंने कहा, ‘तोता वास्तव में तब तक आकाश में उड़ नहीं सकता जब तक वह आजाद ना हो।’ आरएम लोढ़ा पूर्व में सीबीआई को ‘पिंजरे में बंद तोता’ कह चुके हैं। जस्टि लोढ़ा (रिटायर्ड) ने इंडियन एक्सप्रेस से कहा, ‘समय आ गया है जब कुछ करने की जरुरत है, और यह सुनिश्चित करने के लिए यह किया जाना चाहिए कि सीबीआई सही मायने में प्रमुख जांच एजेंसी बन जाए।’ सीबीआई की स्वतंत्रता को कैसे सुरक्षित रखा जाए? इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, ‘ऐसे तरीकें हैं जिनके द्वारा यह किया जा सकता है।’

आलोक वर्मा के ट्रांसफर पर उन्होंने कहा कि पहली ही नजर में जैसे सुप्रीम कोर्ट ने सिर्फ समिति ने बुलाने की प्रक्रियात्मक दुर्बलता की तरफ इशारा किया, जो कि सरकार की तरफ से सीबीआई प्रमुख का तबादला किया गया। जानना चाहिए कि मई 2013 में कोयला आवंटन में सुनवाई के दौरान जस्टिस लोढ़ा ने तब की केंद्र सरकार के वकील को बर्खास्त कर दिया था। तब उन्होंने कहा था कि पिंजरे में बंद तोते को मुक्त कराने में कितना समय लगेगा?

बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, न्यायमूर्ति एके सीकरी और लोकसभा में कांग्रेस के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे की सदस्यता वाली उच्चाधिकार प्राप्त समिति ने वर्मा का सीबीआई से बृहस्पतिवार को तबादला कर दिया था। सरकार ने अतिरिक्त निदेशक नागेश्वर राव को एजेंसी का प्रभार सौंपा। वर्मा और अस्थाना को जबरन छुट्टी पर भेजे जाने के दौरान भी राव ने 77 दिनों तक प्रभार संभाला था। उच्चतम न्यायालय ने राव को कोई भी बड़ा नीतिगत निर्णय लेने से रोक दिया था लेकिन इस बार उनके कार्यकाल में ऐसी कोई शर्त नहीं है। एक सीबीआई प्रवक्ता ने शुक्रवार को एक बयान में कहा कि राव ने बृहस्पतिवार नौ बजे एजेंसी का कार्यभार संभाला।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App