Punjab News: विधानसभा चुनावों से कुछ महीने पहले कांग्रेस ने शुक्रवार को पंजाब में अपनी राज्य इकाई का नया अध्यक्ष नियुक्त किया। पार्टी को उम्मीद है कि इस कदम से गुटबाजी की वजह से हो रही कमजोरी को पीछे छोड़ा जा सकेगा।
अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के इस्तीफा देने के कुछ ही घंटों बाद पार्टी ने भारतीय हॉकी टीम के पूर्व कप्तान परगट सिंह को पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष नियुक्त किया। दिल्ली में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को अपना इस्तीफा सौंपने के बाद वड़िंग ने इस बदलाव के लिए ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी के पंजाब प्रभारी सचिन पायलट को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि नए महासचिव ने मुझे हटाना ही बेहतर समझा।”
वड़िंग और चन्नी के बीच चल रही थी खींचतान
यह घटनाक्रम लुधियाना के सांसद वड़िंग और जालंधर के सांसद व पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के बीच पंजाब कांग्रेस पर नियंत्रण के लिए महीनों से चल रही खींचतान का नतीजा है। चन्नी इस पद के लिए कोशिश कर रहे थे, लेकिन आखिरकार उन्हें समझौता करना पड़ा और हाई कमान के उस फैसले को मानना पड़ा जिसके तहत परगट सिंह को आगे बढ़ाया गया। परगट सिंह 2012 से जालंधर कैंटोनमेंट से विधायक हैं।
पार्टी आलाकमान का मानना था कि राज्य के लगभग सभी बड़े नेता वड़िंग से नाराज थे। इसीलिए नेतृत्व बदलने के लिए अजय माकन कमेटी की सिफारिशों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। दिल्ली और पंजाब, दोनों जगहों पर पार्टी के एक बड़े हिस्से का मानना था कि वड़िंग इसलिए अपनी कुर्सी पर बने हुए थे क्योंकि उन्हें भूपेश बघेल का समर्थन हासिल था।
हालांकि, सूत्रों के अनुसार, पिछले महीने बघेल को हटाए जाने के बाद यह साफ हो गया था कि राज्य कांग्रेस के नेतृत्व में वड़िंग का समय समाप्त होने वाला है। सूत्रों के अनुसार, पायलट को नेताओं से यह प्रतिक्रिया मिली कि वे नेताओं के एक बड़े वर्ग में विश्वास जगाने में सक्षम नहीं होंगे और उन्हें प्रभारी बनाए रखने से पंजाब को फिर से जीतने के प्रयासों में जटिलता आएगी। बताया जाता है कि पायलट ने यह बात पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और गांधी को बता दी है और उन पर निर्णय लेने का जिम्मा छोड़ दिया है।
इस हफ्ते की शुरुआत में पार्टी ने वड़िंग को बदलने का फैसला किया
इस सप्ताह की शुरुआत में पार्टी ने आखिरकार वड़िंग को बदलने का फैसला किया, लेकिन सूत्रों के अनुसार, पायलट नहीं चाहते थे कि नेतृत्व परिवर्तन की घोषणा एक बयान के माध्यम से की जाए। उन्होंने नेतृत्व से वड़िंग से मिलने और यह सुनिश्चित करने का अनुरोध किया कि नेतृत्व परिवर्तन सुचारू और गरिमामय हो।
हालांकि, वड़िंग ने माहौल को भांप लिया और अपनी नाराजगी सार्वजनिक करके दबाव बनाने की कोशिश की। उन्होंने एक्स पर अपने अकाउंट का बायो बदल दिया, लेकिन सूत्रों के अनुसार, तब तक नेतृत्व अपना मन बना चुका था। उन्होंने बताया कि हाई कमांन को यह स्पष्ट था कि चन्नी या पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा (जो वर्तमान में गुरदासपुर से सांसद हैं) को पीसीसी अध्यक्ष नियुक्त करने से स्थिति बिगड़ सकती है, क्योंकि ये दोनों राज्य के विपक्ष नेता प्रताप सिंह बाजवा के साथ मुख्यमंत्री पद के दावेदार हैं।
कई नामों पर चर्चा हुई
विजय इंदर सिंगला, राणा केपी सिंह और भारत भूषण आशु सहित कुछ हिंदू नेताओं के नामों पर चर्चा हुई, लेकिन नेतृत्व का यह स्पष्ट मत था कि राज्य कांग्रेस की बागडोर एक सिख के हाथों में होनी चाहिए और वह भी पंजाब भर में जाना-माना चेहरा, जो अगले साल पार्टी के सत्ता में आने पर मुख्यमंत्री पद की दौड़ में न हो। इसी आधार पर नेतृत्व ने परगट सिंह को चुना।
कौन हैं परगट सिंह?
62 साल के सिंह जालंधर के मीठापुर गांव के रहने वाले हैं। सिंह फुल-बैक के तौर पर खेलते थे और उन्हें अपनी पीढ़ी के बेहतरीन डिफेंडरों में से एक माना जाता है। उन्होंने 1988 के सियोल, 1992 के बार्सिलोना और 1996 के अटलांटा ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व किया और आखिरी दो बार टीम की कप्तानी भी की। 1996 के अटलांटा ओलंपिक में ओपनिंग सेरेमनी के दौरान वे देश के ध्वजवाहक भी थे।
सिंह के शानदार खेल करियर में सियोल में आयोजित 1986 एशियाई खेलों में कांस्य पदक और बीजिंग में आयोजित 1990 एशियाई खेलों में रजत पदक जीतना शामिल है। उन्हें 1989 में अर्जुन पुरस्कार और 1998 में पद्म श्री से सम्मानित किया गया। खेल से संन्यास लेने के बाद, उन्होंने पुरुष राष्ट्रीय टीम को कोचिंग दी और बाद में पंजाब में हॉकी प्रशासन में कई भूमिकाएं निभाईं। इनमें हॉकी पंजाब के महासचिव (2017) का पद भी शामिल है।
उन्होंने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत 2012 में शिरोमणि अकाली दल से की, जब उन्होंने पहली बार जालंधर छावनी सीट जीती। हालांकि, उन्होंने 2016 में अकाली दल से नाता तोड़ लिया और अगले ही साल कांग्रेस में शामिल हो गए।
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कांग्रेस ने शुक्रवार को पंजाब के लिए अपने नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम का ऐलान कर दिया है। विधायक परगट सिंह को पंजाब कांग्रेस का नया अध्यक्ष बनाया गया है। इससे पहले शुक्रवार दिन में अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने कांग्रेस हाईकमान से मिलकर अपना इस्तीफा सौंप दिया था। पंजाब में अगले साल की शुरुआत में विधानसभा के चुनाव होने हैं। यहां क्लिक कर पढ़ें पूरी खबर…
