देश में आरक्षण एक ऐसा मुद्दा रहा है जिसका राजनीतिक पार्टियों ने अपने फायदे के लिए से इस्तेमाल किया है। आरक्षण को लेकर देश में कई तरह की मांगें भी वक्त-वक्त पर उठती रहीं। इतना ही नहीं, यह मामला इतना पेचींदा हो गया कि कई बार यह संसद की दहलीज पर तो पहुंचा ही, यहां तक की सुप्रीम कोर्ट की चौखट पर भी गया।

अभी हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि ओबीसी (OBC) क्रीमी लेयर का निर्धारण केवल माता-पिता की आय (Income) के आधार पर नहीं किया जा सकता। कोर्ट के अनुसार, क्रीमी लेयर तय करने के लिए माता-पिता की आय के साथ-साथ उनके पद (Post) और सेवा श्रेणी (Service Category) पर विचार करना भी अनिवार्य है।

अब इसी बीच बुधवार को पूर्व राज्यसभा सांसद हरनाथ सिंह यादव ने OBC, SC, ST वर्ग को लेकर अपने एक्स हैंडल पर एक पोस्ट लिखा है। जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, यूपी बीजेपी, BJP4India को टैग किया है।

पूर्व राज्यसभा सांसद हरनाथ सिंह यादव ने अपनी पोस्ट में लिखा है, “OBC, SC, ST वर्ग के धनवान व्यक्तियों को आरक्षण की सीमा से बाहर करना चाहिए और इन वर्गों के गरीब परिवारों के बच्चों को आरक्षण का लाभ मिलना चाहिए।”

हरनाथ सिंह यादव ने आगे लिखा कि जिससे आरक्षण का जो हिस्सा धनवान परिवारों को चला जाता है, वह लाभ OBC, SC, ST वर्ग के गरीब और मध्यम वर्ग के बच्चों को मिलेगा।

ओबीसी में क्रीमी लेयर को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया फैसला

सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को कहा कि अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) में क्रीमी लेयर का दर्जा केवल माता-पिता की आय के आधार पर निर्धारित नहीं किया जा सकता है। जस्टिस पी.एस. नरसिम्हा और आर. महादेवन की पीठ ने केंद्र सरकार द्वारा दायर अपीलों के एक समूह को खारिज करते हुए यह टिप्पणी की। पढ़ें पूरी खबर।