एनजीटी के आदेश के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे ईंट-भट्ठा मालिक - Jansatta
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एनजीटी के आदेश के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे ईंट-भट्ठा मालिक

एनजीटी के आदेश के खिलाफ 27 जुलाई को ईंट भट्ठा कारोबारी जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करेंगे। प्रदर्शन को लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बैठकों का आयोजन किया गया..

Author July 18, 2015 9:23 AM

एनजीटी के आदेश के खिलाफ 27 जुलाई को ईंट भट्ठा कारोबारी जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करेंगे। प्रदर्शन को लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बैठकों का आयोजन किया गया। इनका आरोप है कि सरकारें ईंट भट्ठाओं को बंद कर फ्लाई एश की ईंटों को बढ़ावा देने के पक्ष में है। इसलिए सरकार ईंट भट्ठा कारोबार को बंद करने पर तुली है। इससे हजारों परिवारों के सामने रोजी रोटी का संकट पैदा हो जाएगा। फिर भट्ठे की ईंटों जैसी मजबूती भी फ्लाई एश की ईंटों में नहीं है। ये ईंटें खड़ंजा आदि में तो कामयाब है, फिर यह भट्ठा की ईंटों से महंगी भी है। इन्हें खरीद पाना हर किसी के बस का काम नही हैं। इस मामले को लेकर दनकौर समेत कई जिलों के कस्बों में बैठकों का दौर चला।

ईंट भट्ठा समिति के अध्यक्ष ओमवीर सिंह भाटी ने आरोप लगाया कि पहले तो केंद्र सरकार भट्ठा वालों को कोई सुविधा मुहैया नहीं कराती है। फिर भट्ठे पर लगी सैकड़ों मजदूरों की रोजी रोटी का भी संकट पैदा हो गया है। महंगाई से सभी परेशान हैं। उन्होंने बताया कि एनजीटी के मौजूदा आदेश के बाद ईंट भट्ठा चलाना कठिन काम है। उनका आरोप है कि सरकार की मंशा भी फ्लाई ऐश से बने ईंट को बढ़ावा देने में लगी है। ऐसे में सरकार भी ईंट भट्ठा बंद करना चाहती है। भट्ठा मालिकों का कहना था कि सरकार सीमेंट उद्योग और मल्टीनेशनल कंपनियों से सांठ-गांठ कर कुछ एनजीओ इस सीजनल उद्योग को बंद कराने के फिराक में है। उन्होंने दावा किया कि ईंट भट्ठे में निर्मित ईंट की लाइफ ऐश से ज्यादा होती है। बिल्डर खर्चा कम करने के मकसद से ईंट भट्टा बंद कराना चाहते हैं। अदालत के माध्यम से कच्ची ईंट बनाने पर स्वक्षता प्रमाण पत्र हासिल करने की अनिवार्यता लागू करने के खिलाफ ईंट व टाइल निर्माता महासंघ नई दिल्ली ने बीते तीस जून को ही निर्णय तक प्रमाण पत्र की अनिवार्यता खत्म नहीं करने की बात कही थी। तब तक भट्ठे बंद रहेंगे।

गाजियाबाद, बुलंदशहर मेरठ, खुर्जा, अलीगढ़ समेत मथुरा और आगरा समेत दनकौर में हुई बैठक में प्रदेश भर से ईंट भट्ठा मालिक शामिल हुए और निर्णय लिया गया कि आगामी 27 जुलाई को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन और धरना दिया जाएगा। यह प्रदर्शन और धरना ईंट भट्ठा समिति के बैनर तले दिया जाएगा। इस प्रदर्शन में देश भर के भट्ठा मलिक भाग लेंगे। अपनी मांगों का एक ज्ञापन देश के प्रधानमंत्री और प्रदेश मुख्यमंत्रियों को भी सौंपा जाएगा। बैठक में कई प्रदेशों के भट्ठा संघ के पदाधिकारी व भट्ठा मालिकों ने एकजुटता दिखाते हुए हड़ताल को अपना समर्थन दिया है। जिसमें रजनीकांत अग्रवाल, रविंद्र कुमार तेवतिया, विजय गोपाल, प्रमोद चौधरी समेत दूसरे लोग मौजूद थे।

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