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नितिन गडकरी बोले- देश में पानी बहुत है, बस उसका मैनेजमेंट ठीक नहीं

केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने सोमवार को कहा कि आतंकवाद को समर्थन देकर पाकिस्तान सिंधु जल समझौते के लिए अपनी प्रतिबद्धता को पूरा नहीं कर रहा है, जो आपसी प्रेम और अच्छे संबंधों पर आधारित था

Author February 26, 2019 10:01 AM
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी। (Photo: PTI)

केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने सोमवार को कहा कि आतंकवाद को समर्थन देकर पाकिस्तान सिंधु जल समझौते के लिए अपनी प्रतिबद्धता को पूरा नहीं कर रहा है, जो आपसी प्रेम और अच्छे संबंधों पर आधारित था। जल संसाधन, जहाजरानी, नदी विकास और गंगा संरक्षण मंत्री गडकरी ने पंजाब के फगवाड़ा में एक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार पूर्वी नदियों के पानी के भारत के हिस्से को पाकिस्तान में नहीं जाने देगी। गडकरी ने रावी, सतलुज, ब्यास के पानी के भारत के हिस्से को पाकिस्तान में बहने से रोकने की घोषणा का जिक्र करते हुए कहा कि दोनों देशों के बीच इस संबंध में संधि आपसी समझ, प्रेम और घनिष्ठ संबंधों पर आधारित थी।

सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय द्वार जारी एक बयान में मंत्री के हवाले से कहा गया है, ‘‘आतंकवाद को समर्थन देकर पाकिस्तान इस प्रतिबद्धता को पूरा नहीं कर रहा है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘इस पानी को पंजाब, हरियाणा और राजस्थान की तरफ मोड़ने का काम जारी है।’’ वर्ष 1960 में हस्ताक्षरित सिंधु जल संधि के तहत पश्चिमी नदियों -सिंधु, झेलम और चिनाब का पानी पाकिस्तान को और पूर्वी नदियों -रावी, ब्यास और सतलुज का पानी भारत को दिया गया था।

इससे पहले पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर हुए आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान को सबक सिखाने की मांग के बीच केंद्रीय जल संसाधन मंत्री नितिन गडकरी ने ट्वीट कर कहा था कि अब तीन नदियों का पानी पाकिस्तान नहीं जाने दिया जाएगा। उन्होंने ट्वीट किया, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार ने फैसला लिया है कि पाकिस्तान जाने वाला भारत के हिस्से का पानी अब वहां नहीं जाने दिया जाएगा। पूर्वी भारत की इन नदियों के पानी को डायवर्ट कर उसे जम्मू-कश्मीर और पंजाब के लोगों को मुहैया कराएंगे। उन्होंने बताया कि शाहपुर-कांदी रावी नदी पर डैम बनने का काम शुरू भी हो गया है।

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