जंतर मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का प्रदर्शन जारी है। कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने 20 मार्च को संसद तक मार्च का ऐलान किया है। 20 जुलाई से ही संसद का मानसून सत्र शुरू हो रहा है। इस बीच दिल्ली पुलिस ने एडवाइजरी जारी की है और नई दिल्ली जिले में धारा 163 के लागू होने की भी जानकारी दी है।
पुलिस ने क्या कहा?
डीसीपी नई दिल्ली के X हैंडल से एक पोस्ट में कहा गया, “पब्लिक एडवाइजरी! CJP के 20.07.2026 (सोमवार) को संसद तक मार्च करने की खबरों को देखते हुए, दिल्ली पुलिस साफ तौर पर यह साफ करती है कि ऐसे किसी भी प्रोटेस्ट मार्च/जुलूस के लिए कोई परमिशन नहीं मांगी गई है और न ही दी गई है। नई दिल्ली डिस्ट्रिक्ट में सेक्शन 163 BNSS (पहले सेक्शन 144 CrPC) के तहत रोक का आदेश लागू है। इसके मुताबिक, जंतर-मंतर पर तय प्रोटेस्ट साइट को छोड़कर पहले से परमिशन लेकर प्रोटेस्ट मार्च, जुलूस, प्रदर्शन और पांच या उससे ज़्यादा लोगों के इकट्ठा होने पर पूरी तरह रोक है।”
कानून का उल्लंघन करने वालों को चेतावनी
पोस्ट में आगे कहा गया, “संसद का मॉनसून सत्र 20 जुलाई से शुरू हो रहा है, इसलिए लोगों की सुरक्षा, लोगों की सिक्योरिटी और ज़रूरी सरकारी जगहों की सुरक्षा पक्का करने के लिए कड़े सिक्योरिटी इंतज़ाम किए गए हैं। इन रोक के आदेशों का उल्लंघन करने वाला कोई भी व्यक्ति सेक्शन 223 BNS और कानून के दूसरे लागू नियमों के तहत केस का सामना कर सकता है।दिल्ली पुलिस सभी नागरिकों से अपील करती है कि वे कानून का सम्मान करें, किसी भी बिना इजाज़त के इकट्ठा होने या मार्च में हिस्सा न लें, और जनता में शांति, सुरक्षा बनाए रखने में सहयोग करें।”
सोनम वांगचुक का हेल्थ बुलेटिन जारी
सफदरजंग हॉस्पिटल की तरफ से सोनम वांगचुक का हेल्थ बुलेटिन जारी किया गया है। अस्पताल के अनुसार, “सोनम वांगचुक को VMMC और सफदरजंग हॉस्पिटल में ज़रूरी मेडिकल केयर मिल रही है। उनके वाइटल पैरामीटर्स स्टेबल हैं। हालांकि उनके ब्लड पैरामीटर्स में थोड़ा सुधार हुआ है, लेकिन उन्हें करीब से मॉनिटर करने की ज़रूरत है। लंबे समय तक उपवास रखने के फिजिकल स्ट्रेस और सिस्टमिक असर को देखते हुए, उन्हें एक्सपर्ट्स की एक मल्टीडिसिप्लिनरी टीम की कड़ी निगरानी में लगातार मेडिकल केयर की ज़रूरत है। VMMC और सफदरजंग हॉस्पिटल और AIIMS, नई दिल्ली के डॉक्टरों की इलाज करने वाली टीमों का मानना है कि किसी भी संभावित कॉम्प्लीकेशंस का तुरंत पता लगाने और उन्हें मैनेज करने के लिए लगातार मेडिकल इंटरवेंशन और चौबीसों घंटे क्लिनिकल मॉनिटरिंग ज़रूरी है। इसलिए, सभी ज़रूरी मेडिकल केयर दी जा रही है और उनकी क्लिनिकल कंडीशन पर करीब से नज़र रखी जा रही है।”
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दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दीपके पर स्याही फेंकने वाली बरखा त्रेहान ने अब पूरे मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि ये लोग सोनम वांगचुक का इस्तेमाल अन्ना हजारे की तरह कर रहे हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
