Ola, Uber जैसी कैब सर्विस का इस्तेमाल करने वालों के लिए राहत की खबर है। केंद्र सरकार ने कैब सेवा संचालन करने वाली कंपनियों को निर्देश दिया है कि वो कैब बुकिंग के दौरान ‘टिप देने’ या इससे मिलते-जुलते ऑप्शन को तत्काल प्रभाव से बंद करें।
अभी तक उबर, ओला और रैपिडो जैसी कैब-बुकिंग कंपनियां बुकिंग से पहले कैब या बाइक ड्राइवर्स को टिप देने का विकल्प दिखाते थे। इससे ग्राहकों को कई बार ऐसा लगता था कि टिप देने से उन्हें जल्दी सर्विस मिल जाएगी। अब केंद्र सरकार के निर्देश के बाद कैब कंपनियों को यह ऑप्शन बंद करना होगा।
क्या कैब ड्राइवर्स को टिप नहीं दे सकेंगे?
केंद्र सरकार ने कंपनियों को कैब बुकिंग के दौरान टिप देने या इससे मिलते-जुलते ऑप्शन दिखाने के लिए मना किया है। इसका मतलब यह है कि अब आपको कैब बुकिंग के दौरान यह ऑप्शन नहीं दिखाई देगा। हालांकि अगर यात्री चाहें तो अपना सफर पूरा होने के बाद ड्राइवर को अपनी मर्जी से टिप दे सकते हैं।
दरअसल सरकार ने यह फैसला ग्राहकों की शिकायतों को देखते हुए लिया है। इन शिकायतों में कहा गया है कि कैब कंपनियां टिप की आड़ में उनपर जबरदस्ती ज्यादा पैसा देने का दबाव डालती हैं। इसी वजह से सड़क मंत्रालय ने सभी कैब कंपनियों को अपने ऐप से ‘बुकिंग से पहले टिप’ वाले विकल्प को तुरंत हटाने के निर्देश दिए हैं।
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महाराष्ट्र का भाषा नियम अब ओला, उबर और रैपिडो ड्राइवरों पर भी लागू होगा। राज्य के परिवहन मंत्री ने कहा कि ड्राइवरों के लिए पैसेंजर से अच्छे से बातचीत करने के लिए मराठी की प्रैक्टिकल जानकारी जरूरी है। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें।
