गुजरात के कच्छ जिले से हृदयविदारक घटना सामने आई है। यहां सड़क निर्माण में कथित लापरवाही के कारण बड़ा हादसा हो गया। जानकारी अनुसार 9 मई की रात ग्रामीण कच्छ में सड़क पर ड्रेनेज लाइन डालने के लिए खोदे गए लगभग 15 फीट लंबे गड्ढे में एक कार और दो बाइक गिर गईं। अलग-अलग हादसों में तीन लोगों की मौत हो गई। मृतकों में एक महिला भी शामिल है जिसने कुछ घंटे पहले ही भुज के जीके जनरल अस्पताल में बच्चे को जन्म दिया था।

चौंकाने वाली बात यह रही कि हादसे में नवजात सुरक्षित बच गया लेकिन जन्म के कुछ ही घंटों बाद उसने अपनी मां को खो दिया। घटना के बाद लोगों में भारी नाराजगी फैल गई क्योंकि कंस्ट्रक्शन साइट पर न तो कोई बैरिकेडिंग थी और न ही वॉर्निंग बोर्ड लगाए गए थे। मामले में कच्छ पुलिस ने 12 मई को अज्ञात ठेकेदारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की।

पुलिस ने सड़क एवं भवन विभाग को पत्र लिखकर इस काम के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान मांगी है। एफआईआर खावड़ा पुलिस स्टेशन में 32 वर्षीय आमद इब्राहिम सामा की शिकायत पर दर्ज की गई। आमद अपने परिवार को अस्पताल से घर लेकर लौट रहे थे।

एफआईआर के अनुसार 9 मई की शाम करीब 6:30 बजे आमद भुज के जीके जनरल अस्पताल से कार लेकर निकले थे। कार में उनकी सास अमियत लतीफ सामा, ससुर लतीफ उमर सामा, बेटी अफसीन, रिश्तेदार नूरबाई जुमा सामा और रेहाना हकीम सामा भी सवार थीं। रेहाना ने उसी दिन अस्पताल में बच्चे को जन्म दिया था।

परिवार रण ऑफ कच्छ के किनारे बसे जूना गांव जा रहा था। रास्ते में दद्दर-साधरा रोड पर अचानक उनकी कार सड़क पर बने बड़े गड्ढे में गिर गई। शिकायत में कहा गया कि वहां कोई साइन बोर्ड, डायवर्जन संकेत या बैरिकेड नहीं था। रात के अंधेरे में गड्ढा दिखाई नहीं दिया। केवल मिट्टी का छोटा ढेर लगाया गया था, जो स्पीड ब्रेकर जैसा लग रहा था।

यह इलाका भारत-पाकिस्तान सीमा के बेहद करीब और काफी दूरदराज का क्षेत्र है। यहां सड़क पर स्ट्रीट लाइट की सुविधा भी नहीं है। आमद सामा ने बताया कि आसपास के गांव के लोग मौके पर पहुंचे और सभी को कार से बाहर निकाला। थोड़ी देर बाद GVK-EMRI 108 एंबुलेंस आई और घायलों को खावड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। बाद में उन्हें फिर भुज के उसी अस्पताल रेफर किया गया, जहां से वे कुछ घंटे पहले निकले थे।

हादसे में आमद और उनके ससुर को फ्रैक्चर हुए, जबकि उनकी बेटी अफसीन को मामूली चोटें आईं। लेकिन नूरबाई जुमा सामा और रेहाना हकीम सामा के सिर में गंभीर चोटें आईं और इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस अधिकारी एमबी चावड़ा ने बताया कि रेहाना का नवजात बच्चा सुरक्षित बच गया।

इसी दौरान उसी गड्ढे में दो बाइक भी गिर गईं। एक बाइक पर सवार इब्राहिम हुसैन सामा गंभीर रूप से घायल हुए, जबकि दूसरी बाइक पर सवार राशिद सुमार कलार की मौत हो गई। अन्य लोगों को मामूली चोटें आईं। पुलिस ने अज्ञात ठेकेदारों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 105 (गैर इरादतन हत्या), 110 (गैर इरादतन हत्या का प्रयास) और 125(ए), 125(बी) (लापरवाही से मानव जीवन को खतरे में डालना) के तहत मामला दर्ज किया है।

खावड़ा पुलिस स्टेशन के प्रभारी एमबी छाबड़ा ने कहा, “सड़क पहले से बनी हुई थी, लेकिन नाले के निर्माण के लिए बीच में 15-20 फीट लंबा हिस्सा खोदा गया था। इस कारण हादसा हुआ। कार में सवार दो महिलाओं और बाइक पर सवार एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई। हमने जिम्मेदार लोगों के नाम मांगे हैं और विभाग के जवाब का इंतजार कर रहे हैं।”