सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक ने ऐलान किया कि वह शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को बर्खास्त करने की मांग को लेकर प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन में शामिल होंगे। उन्होंने मंगलवार को घोषणा की कि अगर 5 जून तक कोई कार्रवाई नहीं की जाती है तो वह कॉकरोच जनता पार्टी के 6 जून के विरोध प्रदर्शन में शामिल होंगे और धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग का समर्थन करेंगे।
वांगचुक ने एक वीडियो पोस्ट में कहा, “मैंने अपनी पिछली पोस्ट में से यह साबित करने, मुझे आश्वस्त करने के लिए कहा था कि यह कॉकरोच जनता पार्टी भारतीय युवाओं की अभिव्यक्ति है न कि विदेशी शक्तियों की कोई साजिश।” उन्होंने आगे कहा, “उसके बाद सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके जी ने मुझसे संपर्क किया और अपने समर्थकों के आधार से संबंधित आंकड़े मेरे साथ साझा किए। जब मैंने उनसे बात की तो मुझे समझ आया कि उनका कोई सीक्रेट मिशन नहीं है, वे बेहद देशभक्त हैं, वे देश की भलाई के लिए कुर्बानी दे रहे हैं।”
सोनम वांगचुक ने किया दिल्ली आने का आह्वान
सोनम वांगचुक ने आगे कहा, “6 तारीख जो कि शनिवार है, वे लोगों को दिल्ली बुला रहे हैं ताकि हम शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग कर सकें। अब, आपका और उनका कारण NEET पेपर लीक या CUET और CBSE परीक्षाएं हो सकती हैं लेकिन मेरे लिए यह एक बड़ा मुद्दा है।” उन्होंने आगे कहा कि इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने के बाद से ही वे पिछले चार दशकों से शिक्षा के क्षेत्र में संघर्ष कर रहे हैं लेकिन जब उन्होंने कुछ भी बदलते हुए नहीं देखा तो वे निराश हो गए और उन्हें कुछ करने की जरूरत महसूस हुई।
वांगचुक ने कहा कि 2047 तक एक विकसित भारत का लक्ष्य एक इरादे के रूप में बहुत अच्छा है लेकिन यह केवल इच्छाओं पर निर्भर नहीं है बल्कि उपयुक्त नीतियों के कार्यान्वयन पर निर्भर है। उन्होंने आगे कहा, “अगर आप पिछले तीन-चार शिक्षा मंत्रियों को देखें तो गूगल पर सर्च करके पता करें कि कौन आया और उन्होंने क्या-क्या उपलब्धियां हासिल कीं। इसे देखते हुए, मुझे नहीं लगता कि एक विकसित भारत का निर्माण होने वाला है। “इसलिए, इन्हीं कारणों से मैं शिक्षा मंत्री का इस्तीफा चाहता हूं।”
NEET परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक होना बड़ा मामला- वांगचुक
सोशल एक्टिविस्ट ने आगे कहा, “आप सही कह रहे हैं, NEET परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक होना एक बहुत बड़ा मामला है। इससे लाखों छात्रों का भविष्य खतरे में है लेकिन आगे क्या होगा, यह एक बड़ा सवाल है। इसलिए, इस सब में सुधार लाने के लिए, मैं प्रधानमंत्री से आग्रह करूंगा कि किसी भी स्वाभिमानी देश में, किसी भी स्वाभिमानी शिक्षा मंत्री को ऐसी स्थिति में इस्तीफा दे देना चाहिए। अगर प्रश्नपत्र लीक होते हैं, और कुछ भी ठीक से काम नहीं कर रहा है।”
वांगचुक ने वीडियो में घोषणा की, “अगर 5 जून तक भी ऐसा नहीं होता है तो मजबूरीवश मुझे भी 6 जून को दिल्ली में आप सबके साथ यह अनुरोध करना पड़ेगा। इसलिए मैं आप सबके साथ और दिपके जी के साथ जुड़ने के लिए दिल्ली आ रहा हूँ।” वीडियो खत्म करने से पहले उन्होंने कहा, “दोस्तों, मेरा हमेशा से एक नारा रहा है: अगर अभी नहीं, तो कब? अगर हम नहीं, तो कौन? अगर अभी नहीं, तो कब? और अगर हम नहीं तो भारत में बदलाव कौन लाएगा?”
CBSE मामले में राहुल-केजरीवाल का मोदी सरकार पर निशाना
सीबीएसई के ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) सिस्टम को लेकर चल रहे विवाद के बीच कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को कहा कि यह मामले पर पर्दा डालने की कोशिश है। वहीं, दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल ने भी इन ट्रांसफर को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें
