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टॉयलेट तक नहीं, लेकिन जिलाधिकारी ने नेदुमकयाम को घोषित कर दिया पहली डिजिटल कॉलोनी

इस घोषणा से पहले कॉलोनी के लोगों को कैशलेस ट्रांजैक्शन और डिजिटल भुगतान के बारे में एक सप्ताह तक प्रशिक्षित किया गया।

केरल के नीलांबुर स्थित नेदुमकयाम की आदिवासी कॉलोनी में यूं तो टॉयलेट जैसी मूलभूत सुविधाएं तक नहीं हैं, लेकिन यह देश की पहली डिजिटल कॉलोनी बन गई है। नक्सलियों से खतरा का सामना करने वाले इस कॉलोनी के लोग डिजिटल भुगतान के लिए तैयार हैं। जिलाधिकारी अमित मीणा ने नेदुमकयाम को मंगलवार को पहली डिजिटल और कैशलेस आदिवासी कॉलोनी घोषित की।

टाइम्स अॉफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक इस घोषणा से पहले कॉलोनी के लोगों को कैशलेस ट्रांजैक्शन और डिजिटल भुगतान के बारे में एक सप्ताह तक प्रशिक्षित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान कॉलोनी के लोगों ने स्मार्टफोन की मदद से जिलाधिकारी के खाते में 5-5 रुपये भेजे। फिर उन्होंने ऑनलाइन ट्रांजैक्शन से उनको 25-25 रुपये लौटाए। यह कॉलोनी कारूलयी पंचायत के तहत आती है। सांसद आदर्श ग्राम योजना के तहत सांसद पी वी अब्दुल बहाव ने इसे गोद लिया हुआ है।

कॉलोनी के सामुदायिक केंद्र पर जन शिक्षण संस्थान ने वाई-फाई की सुविधा उपलब्ध कराई है। डिजिटल साक्षरता कार्यक्रम के लिए एक साल के लिए एक आदिवासी स्वयंसेवक को लगाया गया है। सांसद वहाब का कहना है कि जल्द ही इस कार्यक्रम को इस क्षेत्र के सभी आदिवासी कॉलोनियों में शुरू किया जाएगा। उन्होंने बताया कि कॉलोनी के कुछ लोगों को प्रशिक्षण दिया गया है और वे लोग बाकी लोगों को प्रशिक्षित करेंगे। उम्मीद है कि कॉलोनी के सभी लोग जल्द ही डिजिटल भुगतान के बारे में जान जाएंगे।

बता दें कि छत्तीसगढ़ का नक्सल प्रभावित सुकमा जिला भी छत्तीसगढ़ का पहला कैशलेस जिला बनने की ओर अग्रसर है। आधिकारिक सूत्रों ने 3 दिसंबर को बताया था कि राज्य के दक्षिण क्षेत्र बस्तर का नक्सल प्रभावित सुकमा जिला अब कैशलेस जिला बनने की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है। यहां बड़ी संख्या में लोग नकदी रहित लेन-देन के लिए राज्य सरकार द्वारा स्थापित सामान्य सेवा केन्द्रों (कॉमन सर्विस सेन्टर्स) का उपयोग कर रहे हैं। अधिकारियों ने बताया था कि राज्य सरकार ने प्रधानमंत्री के डिजिटल भारत अभियान सफल बनाने के लिए इस प्रकार के केंद्रों की स्थापना राज्य के सभी 27 जिलों में की है। दक्षिण छत्तीसगढ़ के अंतिम छोर पर स्थित सुकमा जिले में 38 सामान्य सेवा केंद्रों (कियोस्क) की स्थापना की गई है। ये सामान्य सुविधा केंद्र सुकमा जिले में लोगों को आधार पंजीयन, बिजली बिल भुगतान, रेलवे टिकट बुकिंग, डीटीएच टीवी रिचार्जिंग, मोबाइल फोन रिचार्जिंग, जीवन बीमा की प्रीमियम राशि के भुगतान जैसी सुविधाएं दे रहा है।

 

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