ताज़ा खबर
 

मेलानिया ट्रम्प ने दिल्ली स्कूल का किया दौरा, ‘हैप्पीनेस क्लास’ को बताया प्रेरणादायक, जानिए क्या है इन कक्षाओं की खासियत, जिसकी मुरीद हुई अमेरिका की फर्स्ट लेडी

दिल्ली के सरकारी स्कूलों में संचालित हो रही हैप्पीनेस क्लासेज योजना दिल्ली सरकार की फ्लैगशिप योजना है। इस योजना की शुरुआत जुलाई 2018 में की गई थी। इस योजना का मकसद बच्चों में भाषा, साक्षरता, गणना, कला और अनुभूति जैसे गुणों का विकास करना है।

अमेरिका फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रम्प। (REUTERS)

अमेरिका की फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रम्प ने मंगलवार को दिल्ली सरकार के एक स्कूल का दौरा किया। इस दौरान वह स्कूल में एक घंटे रुकीं और ‘हैप्पीनेस क्लास’ की तारीफ की। मेलानिया ट्रम्प दक्षिणी दिल्ली के नानकपुरा इलाके में स्थित सर्वोदय सीनियर सेकेंडरी स्कूल में पहुंची थीं और उन्होंने वहां स्कूली बच्चों और अध्यापकों से बात की।

मेलानिया ट्रम्प ने दिल्ली के सरकारी स्कूलों में संचालित हो रही हैप्पीनेस क्लास को प्रेरणादायक बताया। इसके साथ ही स्कूल की सुंदरता की भी तारीफ की। मेलानिया ट्रम्प ने स्कूल की विजिट के दौरान भारत के लोगों के स्वागत सत्कार की भी तारीफ की और कहा कि यहां के लोग बेहद दयालु।

क्या हैं हैप्पीनेस क्लासेज: बता दें कि दिल्ली के सरकारी स्कूलों में संचालित हो रही हैप्पीनेस क्लासेज योजना दिल्ली सरकार की फ्लैगशिप योजना है। इस योजना की शुरुआत जुलाई 2018 में की गई थी। इस योजना का मकसद बच्चों में भाषा, साक्षरता, गणना, कला और अनुभूति जैसे गुणों का विकास करना है।

इस योजना का समर्थन करने वाले लोगों का कहना है कि हैप्पीनेस क्लासेज का मकसद बच्चों को जागरुक, सशक्त, बुद्धिमान बनाने के साथ ही उन्हें उनकी जड़ों से जोड़े रखने की कोशिश है।

कैसे लागू होती है यह योजनाः हैप्पीनेस क्लासेज का पाठ्यक्रम नर्सरी कक्षा से लेकर आठवीं कक्षा तक के बच्चों के लिए डिजाइन किया गया है। इसे ग्रुप में बांटा गया है, जिसमें ग्रुप 1 में नर्सरी से लेकर केजी के बच्चे शामिल होते हैं। 45 मिनट की यह हैप्पीनेस क्लास हफ्ते में दो दिन होती है, जिसका संचालन अध्यापकों द्वारा किया जाता है।

क्लास के दौरान बच्चों से ऐसी एक्टिविटीज करायी जाती हैं, जिनसे वह खेल-खेल में जागरुक और बुद्धिमान बनें। कक्षा 1-2 के बच्चों के लिए साप्ताहांत में इस क्लास का आयोजन किया जाता है।

ग्रुप 2 में कक्षा 3 से लेकर 5 और ग्रुप तीन में कक्षा 6 से लेकर 8 तक के बच्चों को शामिल किया जाता है। इन कक्षाओं में बच्चों को खुद को एक्सप्रेस (व्यक्त) करने को कहा जाता है और फिर उनके स्वभाव में आए बदलाव पर ध्यान दिया जाता है।

हैप्पीनेस क्लास से होने वाले फायदों को भी चार श्रेणियों में बांटा गया है। जिनमें पहली श्रेणी है बच्चों को जागरुक बनाना, जिससे उनमें सुनने की क्षमता का विकास हो और वह जाग्रत रहें। दूसरी श्रेणी है बच्चों में मुश्किल हालात में भी सोचने की क्षमता को बनाए रखना। तीसरी श्रेणी है बच्चों में सामाजिक-भावनात्मक स्किल विकसित करना और चौथी श्रेणी है बच्चों में व्यक्तिगत बदलाव जैसे आत्मविश्वास, जिम्मेदार और स्वास्थय, सफाई के प्रति जागरुक बनाना।

बता दें कि मेलानिया ट्रम्प भी अमेरिका में बच्चों के कल्याण के कामों से जुड़ी हुई हैं। वहां मेलानिया Be Best नामक कैंपेन चलाती है, जिसमें बच्चों को ड्रग्स से दूर रखने, ऑनलाइन सेफ्टी और स्वस्थ रहने के लिए प्रेरित किया जाता है।

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 Kerala State Lottery Today Results announced: लॉटरी के रिजल्‍ट जारी, कहीं SY-533585 टिकट नंबर आपका तो नहीं
2 सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा स्वाइन फ्लू का कहर, 6 जज बीमार; चीफ जस्टिस ने जजों और वकीलों से संक्रमण के रोकथाम पर चर्चा की
3 Delhi Violence: ‘प्रधानमंत्री जी आपने जो सांप पाला है ना वह आपको ही काट लेगा’, दिल्ली हिंसा को लेकर ओवैसी ने पूर्व भाजपा विधायक पर साधा निशाना