मणिपुर के मशहूर म्यूजिशियन चोंगथाम विक्रम सिंह को बुधवार को उनके गृहनगर इम्फाल में अंतिम विदाई दी गई। दक्षिण दिल्ली में उनके घर के बाहर हुए हमले में उनकी मौत हो गई थी। इसके बाद बुधवार दोपहर उनका पार्थिव शरीर इम्फाल ले जाया गया। एयरपोर्ट पर बड़ी संख्या में लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे। इसके बाद पार्थिव शरीर को इम्फाल वेस्ट के थांगमेइबंद स्थित उनके घर ले जाया गया, जहां कलाकारों, संगीतकारों और मणिपुर फिल्म जगत से जुड़े लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी।

बाद में इम्फाल ईस्ट के खोयाथोंग में उनके अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की गई। विक्रम सिंह की मौत से मणिपुर में शोक और चिंता का माहौल है। इस घटना के बाद देश के दूसरे हिस्सों में रहने वाले पूर्वोत्तर के लोगों की सुरक्षा और उनके साथ होने वाले व्यवहार को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।

परिवार ने कहा- मामले का राजनीतिकरण नहीं चाहते

म्यूजिशियन के छोटे भाई चोंगथाम विवेक ने कहा कि परिवार पुलिस की जांच के नतीजे का इंतजार कर रहा है। उन्होंने कहा कि परिवार जांच की प्रक्रिया का सम्मान करता है और मामले का राजनीतिकरण नहीं चाहता। साथ ही उन्होंने न्याय की मांग करते हुए कहा कि ऐसी घटना दोबारा नहीं होनी चाहिए।

उन्होंने कहा, “यह इस तरह की आखिरी घटना हो। हम जांच की प्रक्रिया का सम्मान करेंगे, लेकिन हमें न्याय चाहिए। साथ ही, हम इस मामले का राजनीतिकरण नहीं करना चाहते।”

Family of Manipur Musician Killed in Delhi Seeks Justice
बुधवार, 9 सितंबर 2026 को मणिपुर के इंफाल में बीर टिकेंद्रजीत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों ने 54 वर्षीय संगीतकार चोंगथम विक्रम सिंह के पार्थिव शरीर को प्राप्त किया। (Photo Source: PTI)

हमले में गई 55 वर्षीय संम्यूजिशियन की जान

55 वर्षीय चोंगथम विक्रम सिंह को मणिपुर के रॉक म्यूजिक मूवमेंट के शुरुआती और प्रमुख चेहरों में माना जाता था। वह फीनिक्स और ईस्टर्न डार्क जैसे बैंड से जुड़े रहे थे। करीब दो दशक पहले वह दिल्ली आ गए थे, जहां वह संगीत शिक्षक के तौर पर काम कर रहे थे।

चोंगथम विक्रम सिंह के परिवार में उनकी पत्नी और 20 वर्षीय बेटा है। उनकी अचानक हुई मौत ने परिवार, दोस्तों और संगीत जगत को गहरा सदमा पहुंचाया है।

दिल्ली में हमले के बाद हुई थी मौत

पुलिस के मुताबिक, सिंह को रविवार देर रात दक्षिण दिल्ली स्थित उनके घर के बाहर कथित तौर पर कुछ लोगों ने बुरी तरह पीटा था। हमले में गंभीर रूप से घायल होने के बाद उनकी मौत हो गई। मामले में पुलिस अब तक आठ लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है, जिनमें एक नाबालिग भी शामिल है।

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दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में पांच मंजिला इमारत गिरने से सात लोगों की मौत हो गई थी। इस मामले में पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। हादसे के बाद मौके पर पहुंचा यह शख्स वहां मौजूद छात्रों के पहचानने पर डरकर भाग गया था। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें।