केंद्र सरकार ने शनिवार को पेट्रोल-डीजल और एलपीजी की उपलब्धता को लेकर फैली आशंकाओं को शांत करने की कोशिश की। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव (मार्केटिंग और ऑयल रिफाइनरी) सुजाता शर्मा ने कहा कि खुदरा दुकानों पर स्टॉक खत्म होने की कोई भी घटना सामने नहीं आई है, पेट्रोल और डीज़ल भरपूर मात्रा में उपलब्ध हैं।
सुजाता शर्मा ने कहा कि जहां तक कच्चे तेल और रिफाइनरियों का सवाल है, हमारे पास कच्चे तेल की पर्याप्त आपूर्ति है, और हमारी रिफाइनरी भी पूरी क्षमता से काम कर रही हैं। खुदरा दुकानों पर स्टॉक खत्म होने की कोई भी घटना सामने नहीं आई है, पेट्रोल और डीज़ल भरपूर मात्रा में उपलब्ध हैं। हम अपनी ज़रूरतों को पूरा करने के लिए घरेलू स्तर पर ही पर्याप्त पेट्रोल और डीज़ल का उत्पादन करते हैं इसलिए हमें आयात करने की कोई ज़रूरत नहीं है।
उन्होंने कहा कि जहां तक प्राकृतिक गैस का सवाल है कल मैंने आपका ध्यान सरकार के इस उद्देश्य की ओर दिलाया था जहां भी व्यावसायिक उपभोक्ताओं को अपनी LPG आपूर्ति में कठिनाइयों या रुकावटों का सामना करना पड़ रहा है, उन्हें PNG कनेक्शनों पर स्थानांतरित किया जाना चाहिए। इस उद्देश्य को आगे बढ़ाते हुए GAIL (गैस अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया लिमिटेड) ने विभिन्न CGD ऑपरेटरों के साथ एक बैठक की और उन्हें सलाह दी कि जहां भी संभव हो, सभी पात्र व्यावसायिक उपभोक्ताओं को PNG कनेक्शन उपलब्ध कराने की प्रक्रिया में तेज़ी लाई जाए।
LPG सप्लाई के बारे में उन्होंने कहा कि मुझे यह कहना होगा कि मौजूदा भू-राजनीतिक हालात को देखते हुए यह हमारे लिए चिंता का विषय बना हुआ है, हालांकि अब तक स्टॉक खत्म होने की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। उन्होंने कहा कि मैं एक खास बात पर फिर से ज़ोर देना चाहूंगी कि पैनिक बुकिंग करने के मामले अभी भी बहुत ज़्यादा हैं। जो आंकड़ा मैंने कल आपके साथ शेयर किया था लगभग 75 से 76 लाख बुकिंग बताया था वह अब बढ़कर लगभग 88 लाख हो गया है ये पैनिक बुकिंग है तो मेरी अपील है कि पैनिक बुकिंग से बचे और जब जरूरत हो तब बुकिंग करें।
सुजाता शर्मा ने कहा कि व्यावसायिक सिलेंडर के बारे में काफी चर्चा हुई है उसके बाद निर्णय ये लिया गया कि व्यावसायिक उपभोक्ता को कुछ LPG दी जाए और इस संबंध में राज्य सरकार से भी बात हुई है और लगभग 29 राज्य और केंद्र शासित प्रदेश में व्यावसायिक सिलेंडर का वितरण शुरू हो गया है और वो ग्राहक को मिल रहे है।
16-17 मार्च को भारत पहुंचेंगे LPG ला रहे जहाज
वहीं, भारत सरकार के शिपिंग मंत्रालय के राजेश कुमार सिन्हा ने कहा कि फ़ारसी खाड़ी क्षेत्र में मौजूद सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं, और पिछले 24 घंटों में उनके साथ किसी भी तरह की अप्रिय घटना की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। फ़ारसी खाड़ी में जो होर्मुज़ जलडमरूमध्य के पश्चिम में स्थित है, 24 भारतीय झंडे वाले जहाज़ मौजूद थे। इनमें से दो जहाज़-शिवालिक और नंदा देवी, ये भारतीय झंडे वाले जहाज़ हैं और दोनों ही LPG कैरियर हैं। ये दोनों जहाज़ कल देर रात या आज सुबह होर्मुज़ जलडमरूमध्य से सुरक्षित रूप से गुज़र गए और अब भारत की ओर बढ़ रहे हैं।
सिन्हा ने कहा कि ये जहाज़ लगभग 92,700 मीट्रिक टन LPG ले जा रहे हैं, इनके पहुंचने के बंदरगाह मुंद्रा और कांडला होंगे, जहां इनके पहुंचने की संभावित तारीखें क्रमशः 16 मार्च और 17 मार्च हैं। नतीजतन अब फ़ारसी खाड़ी में 22 भारतीय झंडे वाले जहाज़ बचे हैं, जिनमें कुल 611 नाविक सवार हैं हम इनकी निगरानी कर रहे हैं।
सेबी प्रमुख ने मार्केट क्रैश पर दिया बड़ा बयान, निवेशकों को दी जरूरी सलाह
भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के अध्यक्ष तुहिन कांता पांडे ने कहा है कि मध्य-पूर्व के युद्ध की वजह से बाजारों में घबराहट जरूर बढ़ी है, लेकिन ऐसी ज्यादा अस्थिरता हमेशा नहीं रहती। उन्होंने बताया कि अभी दुनिया में कई कारणों से अनिश्चितता बढ़ी हुई है, जैसे भू-राजनीतिक तनाव, नई तकनीकी चुनौतियां और ऊर्जा संकट। खासकर मध्य-पूर्व के संघर्ष से तेल और ऊर्जा की सप्लाई प्रभावित हुई है, जिसका असर शेयर बाजारों पर भी पड़ा है। पढ़ें पूरी खबर।
