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कांग्रेस शासित दो राज्यों की जुदा तस्वीर-एक करप्शन में देश में अव्वल, तो दूसरे में है सबसे कम भ्रष्टाचार- सर्वे

सेंटर फॉर मीडिया स्टडीज ने 20 राज्यों में सर्वे कर पाया कि देश में सबसे कम भ्रष्ट राज्यों में हिमाचल प्रदेश, केरल और छत्तीसगढ़ आते हैं।
इस तस्वीर का इस्तेमाल केवल प्रतीक के तौर पर किया गया है।

कर्नाटक देश के भ्रष्ट राज्यों की सूची में नंबर वन है। एक गैर सरकारी संगठन द्वारा कराये गये सर्वे में ये खुलासा हुआ है। सेंटर फॉर मीडिया स्टडीज नाम के इस संगठन ने सरकारी काम कराने के लिए लोगों के अनुभव के आधार पर ये निष्कर्ष निकाला कि कर्नाटक में लोक सेवा से जुड़े कामों को कराने के लिए सबसे ज्यादा रिश्वत देनी पड़ती है। भ्रष्ट राज्यों की सूची में दूसरा नंबर आंध्र प्रदेश का है। इसके बाद क्रमश: तमिलनाडु, महाराष्ट्र, जम्मू और कश्मीर एवं पंजाब का नंबर आता है। सेंटर फॉर मीडिया स्टडीज ने 20 राज्यों में सर्वे कर पाया कि देश में सबसे कम भ्रष्ट राज्यों में हिमाचल प्रदेश, केरल और छत्तीसगढ़ आते हैं। खास बात ये है कि कर्नाटक और हिमाचल प्रदेश दोनों ही कांग्रेस शासित राज्य हैं, लेकिन कर्नाटक भ्रष्टाचार में अव्वल है तो हिमाचल प्रदेश में करप्शन सबसे कम है।

इस संस्था की रिपोर्ट के मुताबिक तकरीबन एक तिहाई घरों के लोगों को पब्लिक सर्विस का लाभ उठाने के लिए पिछले साल कम से कम एक बार करप्शन से होकर गुजरना पड़ा। 2005 में एक ऐसी ही स्टडी के मुताबिक पब्लिक सर्विस का फायदा पाने के लिए 53 फीसदी लोगों को रिश्वत देनी पड़ी थी।

सर्वे के लिए 3 हजार लोगों से सवाल पूछे गये, इसमें शहरी और ग्रामीण इलाकों के लोग भी शामिल थे। सर्वे में ये भी दावा किया गया कि आधा से ज्यादा लोगों का मानना है कि सरकारी सेवाओं में नोटबंदी के दौरान भ्रष्टाचार में कमी आई है। पिछले साल 8 नवंबर को प्रधानमंत्री मोदी ने करप्शन के खिलाफ एक अहम कदम उठाते हुए 500 और 1000 रुपये के पुराने नोट पर रोक लगा दी थी। इस रिपोर्ट के मुताबिक 20 राज्यों में लोगों ने 10 सरकारी सेवाओं का लाभ उठाने के लिए 6,350 करोड़ रुपये की रिश्वत दी है, जबकि 2005 में ये रकम 20,500 करोड़ थी।

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  1. B
    BHARAT
    Apr 28, 2017 at 1:02 pm
    इस रिपोर्ट के मुताबिक 20 राज्यों में लोगों ने 10 सरकारी सेवाओं का लाभ उठाने के लिए 6,350 करोड़ रुपये की रिश्वत दी है, जबकि 2005 में ये रकम 20,500 करोड़ थी।
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