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कश्‍मीर: नौगाम में घुसपैठ की कोशिश कर रहे दो आतंकी मार गिराए गए, दो जवान भी शहीद

एएनआई के अनुसार, मुठभेड़ में दो जवान भी शहीद हो गए।

तस्‍वीर का प्रयोग केवल प्रस्‍तुतिकरण के लिए किया गया है। (FILE: PTI)

सेना ने कश्मीर में नियंत्रण रेखा पर नौगाम सेक्टर में घुसपैठ की कोशिश को आज नाकाम कर दिया जिसके बाद हुई भीषण मुठभेड़ में दो आतंकवादी मारे गए और दो जवान शहीद हो गए। सेना के एक अधिकारी ने कहा, ‘‘नियंत्रण रेखा पर नौगाम सेक्टर में सतर्क जवानों ने घुसपैठ की कोशिश को नाकाम कर दिया। घुसपैठ की कोशिश में लगे दो आतंकवादी मारे गए।’’ उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान दो सैनिक शहीद हो गये। अंतिम सूचना मिलने तक अभियान जारी था।

जम्मू कश्मीर में जारी अलगाववादी हिंसा के दौरान पिछले तीन दशक में 40 हजार से ज्यादा जानें जा चुकी हैं। साल 1990 से 9 अप्रैल 2017 तक की अवधि में मौत के शिकार हुये इन लोगों में स्थानीय नागरिक, सुरक्षा बल के जवान और आतंकवादी शामिल हैं। गृह मंत्रालय की ओर से जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक पिछले 27 सालों में अब तक राज्य में आतंकवादी गतिविधियों और आतंकवाद विरोधी अभियानों में 40961 लोग मारे गये हैंं। जबकि 1990 से 31 मार्च 2017 तक की अवधि में घायल हुये सुरक्षाबल के जवानों की संख्या 13 हजार से अधिक हो गयी है।

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साल 2010 से साल 2016 तक स्थानीय नागरिकों की मौत का आंकड़ा 47 से गिर कर 15 तक आ गया है। इसके उलट इस अवधि में शहीद हुये सुरक्षा बल के जवानों की संख्या में बढ़ोतरी दर्ज की गयी। इस दौरान शहीद हुये सुरक्षा बल के जवानों की संख्या 69 से बढ़कर साल साल 2016 में 82 तक पहुंच गयी।

हालांकि साल 2017 में 9 अप्रैल तक 5 स्थानीय नागरिक और 35 आतंकवादी मारे गये। जबकि सुरक्षा बल के 12 जवान शहीद हुये हैं। वहीं इस साल 31 मार्च तक सुरक्षा बल के 219 जवान घायल हो चुके हैं।

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