ताज़ा खबर
 

जाटों को कंट्रोल करने के लिए 3000 जवान तैनात, Internet सेवा ठप्प

आरक्षण के लिए जाटों की आंदोलन फिर शुरू करने की चेतावनी को लेकर उपजी तनाव की स्थिति के बीच केंद्र ने अर्धसैनिक बलों के 3000 जवानों को हरियाणा में शांति सुनिश्चित करने के लिए भेजा है। तो दूसरी ओर रोहतक में कई मोबाइल सर्विस प्रोवाइडर्स ने इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई हैं।

Author नई दिल्ली/ रोहतक | March 18, 2016 7:44 AM
जाटों के आंदोलन पर काबू पाने के लिए तैनात हुए जवान

आरक्षण के लिए जाटों की आंदोलन फिर शुरू करने की चेतावनी को लेकर उपजी तनाव की स्थिति के बीच केंद्र ने अर्धसैनिक बलों के 3000 जवानों को हरियाणा में शांति सुनिश्चित करने के लिए भेजा है तथा दिल्ली को जल की आपूर्ति करने वाली मुनक नहर की सुरक्षा के लिए 300 अन्य जवानों को तैनात किया गया है।

गृह मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने आज कहा, हरियाणा के लिए सभी बंदोबस्त कर लिये गये हैं और बलों को भेज दिया गया है। अधिकारी ने कहा कि सभी संवेदनशील जगहों पर, राजमार्गों पर कुछ स्थानों पर और मुनक नहर के लिए अतिरिक्त अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है।

तो दूसरी ओर रोहतक में कई मोबाइल सर्विस प्रोवाइडर्स ने इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई हैं। सरकार ने ये कदम जाट आंदोलन की आग फिर से ना भड़के इस लिए उठाया है। गौरतलब है कि बीते माह ही जाट आंदोलन में हरियाणा का रोहतक, सोनीपत में हिंसक जाट आंदोलन हुआ था। जहां नगरों में लोगों की दुकानें जलाई गई तो वहीं दूसरी ओर रेलवे ट्रैक पर जाम कर दिया था।

हरियाणा में जाट समुदाय का सरकार को दिया गया अल्टीमेटम आज खत्म हो गया है। सरकार ने भी आरक्षण का आश्वासन दिया था लेकिन अभी तक कोई फैसला नहीं आया है। ऐसे में दोबारा आंदोलन की धमकी दी गई है। इस बीच जाटों की मांग है कि पिछले महीने हुई हिंसा के दौरान जाट समुदाय के जिन लोगों पर केस दर्ज हुआ था उसे वापस लिया जाए।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App