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भारत पर हमला कर सकता है IS

ब्रिटेन ने भारत को आइएसआइएस के संभावित हमले के बारे में आगाह किया है और कहा है कि पश्चिम एशिया के इस आतंकवादी संगठन की गतिविधियों पर लगाम कसने के लिए हरसंभव प्रयास किए जाने चाहिए। ब्रिटिश अधिकारियों ने 15-16 जनवरी को लंदन में भारत-ब्रिटेन आतंकवाद निरोधक संयुक्त कार्यसमूह की बैठक में भारतीय अधिकारियों को […]

ब्रिटेन ने किया आगाह, कहा-इस आतंकी संगठन पर लगाम लगाने की जरूरत

ब्रिटेन ने भारत को आइएसआइएस के संभावित हमले के बारे में आगाह किया है और कहा है कि पश्चिम एशिया के इस आतंकवादी संगठन की गतिविधियों पर लगाम कसने के लिए हरसंभव प्रयास किए जाने चाहिए। ब्रिटिश अधिकारियों ने 15-16 जनवरी को लंदन में भारत-ब्रिटेन आतंकवाद निरोधक संयुक्त कार्यसमूह की बैठक में भारतीय अधिकारियों को यह संदेश दिया।

अधिकारियों ने कहा कि बैठक में भारत ने ब्रिटेन से कहा था कि पेशावर के एक स्कूल में पिछले दिनों हुए भयावह हमले के मद्देनजर पाकिस्तान पर ‘अच्छे’ और ‘बुरे’ आतंकवादियों के बीच अंतर नहीं करने के लिए दबाव बनाया जाए और ब्रिटेन को इस बात पर कड़ा रुख अपनाना चाहिए कि पाकिस्तान आतंकवादियों की नर्सरी क्यों बन गया है।

अधिकारी ने कहा कि हमने ब्रिटेन को वहां लश्कर-ए-तैयबा के संभावित हमले को लेकर अलर्ट किया। ब्रिटेन ने भी हमें चेतावनी दी है कि भारत में आइएसआइएस हमला कर सकता है। ब्रिटेन का ध्यान पाकिस्तानी आतंकवादी संगठनों से ज्यादा आइएसआइएस के खतरे पर था। ब्रिटेन इस बात से हक्का बक्का है कि आइएसआइएस उसकी सरजमीं पर आतंकवादी हमला कर सकता है और उससे जुड़े चरमपंथी तत्व संगठन की मदद कर सकते हैं।

इस अधिकारी के मुताबिक ब्रिटिश सुरक्षा एजंसियों के पाकिस्तानी खुफिया एजंसी आइएसआइ के साथ अच्छे संबंध हैं और उन्हें लगता है कि यह पाकिस्तानी आतंकवादी संगठनों द्वारा उसके क्षेत्र में आतंकवादी हमला नहीं होने देने का बीमा है। मालूम हो कि मई, 2014 में इराक-सीरिया में मुंबई के चार युवक लापता हो गए थे और कथित तौर पर आइएसआइएस में शामिल हो गए थे। इनमें से एक पिछले साल नवंबर में लौटा और उसे बाद में गिरफ्तार कर लिया गया।

पिछले महीने बंगलुरु के एक कर्मी को भी आइएसआइएस का समर्थन करने वाले ट्विटर हैंडल संचालित करने के मामले में गिरफ्तार किया गया था। अमेरिका से लौटे एक इंजीनियर को दो दिन पहले हैदराबाद में गिरफ्तार किया गया था। वह आइएसआइए में शामिल होने जा रहा था।

 

 

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