ताज़ा खबर
 

गुलामी की इस निशानी को खत्म करेगी मोदी सरकार, आजादी के बाद भी ढो रहा है भारत

भारत सरकार जल्द ही अंग्रेजों की गुलामी के निशान से मुक्ति पाने वाला है। भारत सरकार ने इस गुलामी के प्रतीक से आजादी पाने के लिए तैयारी शुरू कर दी है।

Civilian Aircraft, VT, Viceroy Territory, Aviation Ministry, British-era markingयह वीटी कोड भारत के हर विमान पर रजिस्टर्ड होता है और यह 1929 से चला आ रहा है। (PTI Photo)

भारत सरकार जल्द ही अंग्रेजों की गुलामी के निशान से मुक्ति पाने वाला है। भारत सरकार ने इस गुलामी के प्रतीक से आजादी पाने के लिए तैयारी शुरू कर दी है। भारत असैनिक विमान (सिविल एयरक्राफ्ट) का पंजीकरण कोड को बदलने के लिए नए सिरे से प्रयास कर रही है, जो कि VT (Viceroy Territory या वायसराय टेरेटरी) के रूप में प्लेन पर अंकित होता है। यह वीटी कोड भारत के हर विमान पर रजिस्टर्ड होता है और यह 1929 से चला आ रहा है। आजादी के बाद भी यह कोड भारत द्वारा अभी तक बनाए रखा गया है। जबकि ब्रिटिश को अन्य गुलाम देश जैसे पाकिस्तान, फिजी और नेपाल इससे काफी पहले की पीछा छुड़ा चुके हैं।

हिंदुस्तान टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक एविएशन सेक्रेटरी ने बताया कि सरकार इस मामले को नए सिरे से देखने का फैसला किया है। हम इसकी जांच कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हम इस मामले को इंटरनेशनल सिविल एविएशन ऑर्गेनाइजेशन के सामने उठाकर इसको बदलने की तैयारी कर रहे हैं। वहीं एविएशन इंडस्ट्री से जुड़े एक एक्सपर्ट का कहना है कि VT की वजह से दिमाग में ब्रिटिश राज आता है। क्या जरुरत है इस कोड को बरकरार रखने की जबकि सभी देश इसे हटा चुके हैं। ये हमारे साथ काफी लंबे समय से हैं।

वीडियो: पंपोर एनकाउंटर के दूसरे दिन जारी रहने से लेकर भारत के न्यूज़ीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज़ जीत तक सभी बड़ी खबरें

क्या है VT का मतलब
VT का मतलब है ‘Viceroy Territory’ यानी वायसरॉय का इलाका। अंतरराष्ट्रीय नियमों के मुताबिक, हर हवाई जहाज के ऊपर ये कोड प्रमुखता से लिखा होना चाहिए कि वो किस देश का है, यानी उसकी पहचान क्या है। रजिस्ट्रेशन कोड पांच अक्षरों का होता है। पहले दो अक्षर देश का कोड होता है और उसके बाद के अक्षर ये दिखाते हैं कि हवाई जहाज की मालिक कौन सी कंपनी है। ये रेजिस्ट्रेशन कोड इंटरनेशनल सिविल एविएशन ऑर्गनाइजेशन (ICAO) देती है।

READ ALSO: ट्रंप द्वारा महिलाओं पर की अपमानजनक टिप्पणी के टेप को सुनकर बोलो ओबामा

1929 में मिला था VT
भारत को ICOA से VT कोड 1929 में मिला था। उस समय भारत में अंग्रेजों का राज था। लेकिन हैरानी की बात यह है कि भारत अपनी गुलामी की इस पहचान को बदलने में नाकाम रहा है। चीन, पाकिस्तान, नेपाल, श्रीलंका और फि‍जी जैसे देशों ने भी अपने देश का कोड बदल कर नया कोड हासिल कर लिया. लेकिन भारत अभी तक ये करने में नाकाम रहा है। कुछ समय पहले जब यह मामला संसद में उठा तो इसका मतलब बहुत से सांसदों को नहीं पता था। मतलब पता चलने पर सभी पार्टियों के सांसदों ने सरकार से एक स्वर में जल्दी से जल्दी इस कोड को हटाने की मांग की थी।

READ ALSO: अब शराब पीकर काम पर आने वाले विमान इंजीनियर्स के खिलाफ कार्रवाई कर सकती DGCA

यूपीए सरकार में हुई थी कोशिश
VT कोड से आजादी पाने की कोशिश यूपीए सरकार में हुई थी। भारत ने BA (भारत) या IN (इंडिया) कोड हासिल करने की कोशिश की थी, लेकिन पता चला कि B कोड चीन और I कोड इटली पहले ही ले चुका है। इसके बाद तत्कालीन सिविल एविएशन मिनिस्टर प्रफुल्ल पटेल ने ऐलान किया था कि मनमुताबिक कोड उपलब्ध नहीं होने के कारण भारत VT कोड ही जारी रखेगा।

READ ALSO: एक्स लवर से बदला लेने के लिए महिला ने बनाए बम, उड़ाना चाहती थी उसके चिथड़े

 

 

Next Stories
1 भारत ने संयुक्त राष्ट्र में कहा- पाकिस्तान है विश्व शांति और स्थिरता के लिए सबसे बड़ा खतरा
2 कार्यकर्ताओं को नहीं पसंद आ रही संघ की ‘नई ड्रेस’, बोले- हाफ पैंट ज्यादा अच्छी थी
3 छुट्टी के बावजूद सुषमा स्वराज ने एक मां की गुहार पर दिलाया वीज़ा, इकलौता बेटा दे सकेगा पिता को मुखाग्नि
ये पढ़ा क्या?
X