ताज़ा खबर
 

26/11 की बरसी पर पाकिस्‍तान के साथ श्रीलंका में क्रिकेट सीरीज को हरी झंडी, टि्वटर पर फूटा लोगों का गुस्‍सा

पूर्व क्रिकेटर और बीजेपी सांसद कीर्ति आजाद ने इस फैसले पर यह कहते हुए चुटकी ली है कि बीसीसीआई ने मुंबई हमलों की बरसी के दिन भारत सरकार से पाकिस्‍तान के साथ क्रिकेट खेलने की गुजारिश की है।

बीसीसीआई और पीसीबी के बीच पिछले साल MoU साइन हुआ था, जिसके तहत दिसंबर 2015 में सीरीज कराई जानी थी। इसी सिलसिले में पाकिस्‍तान क्रिकेट बोर्ड के अध्‍यक्ष शहरयार खान अक्‍टूबर में भारत आए थे। लेकिन शिवसेना के विरोध की वजह से उन्‍हें वापस लौटना पड़ा था।

दिसंबर में प्रस्‍तावित भारत-पाकिस्‍तान क्रिकेट सीरीज को हरी झंडी मिल गई है। आईपीएल चेयरमैन राजीव शुक्ला ने इस खबर की पुष्टि करते हुए बताया कि दोनों देशों के बीच 15 दिसंबर से पांच मैचों की सीरीज खेली जाएगी, जिसका आयोजन श्रीलंका में किया जाएगा। यह खबर सामने आते ही विवाद भी शुरू हो गया है। पूर्व क्रिकेटर और बीजेपी सांसद कीर्ति आजाद ने इस फैसले पर यह कहते हुए चुटकी ली है कि बीसीसीआई ने मुंबई हमलों की बरसी के दिन भारत सरकार से पाकिस्‍तान के साथ क्रिकेट खेलने की गुजारिश की है। वहीं, पाकिस्‍तानी क्रिकेटर वसीम अकरम ने कहा कि वह सिर्फ भारत-पाकिस्‍तान को खेलते देखना चाहते हैं, वेन्‍यू चाहे कोई भी हो। बहरहाल, मतभेद सिर्फ क्रिकेटर्स में ही हैं बल्कि क्रिकेट फैन भी बंटे हुए हैं। वैसे ज्‍यादातर पाकिस्‍तान के साथ क्रिकेट नहीं खेलने के हिमायती हैं। ऐसे लोग टि्वटर पर #NoCricketWithPakistan हैशटैग पर लगातार अपनी राय दे रहे हैं और इस समय यह भारत में टॉप ट्रेंड बना हुआ है।

जानकारी के अनुसार दुबई में बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर और पीसीबी चेयरमैन शहरयार खान के बीच बैठक में सहमति बन गई है। अब सिर्फ औपचारिक घोषणा का इंतजार है, जो 27 नवंबर को किया जा सकता है। पाकिस्‍तानी मीडिया में चल रही खबरों के अनुसार पीएम नवाज शरीफ ने भी भारत के साथ सीरीज को हरी झंडी दिखा दी है। एक पाकिस्तानी चैनल ने दावा किया है कि पाकिस्तानी क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने शरीफ से सीरीज के लिए इजाजत मांगी थी, जिस पर उन्‍होंने मुहर लगा दी है। इससे पहले बीसीसीआई सचिव अनुराग ठाकुर ने भी गृह मंत्री राजनाथ सिंह से पाकिस्‍तान के साथ सीरीज खेलने की इजाजत मांगी थी। भारत-पाकिस्तान ने 2012 के बाद से एक-दूसरे के खिलाफ सीरीज नहीं खेली है। 2012 में पाकिस्तान की टीम भारत खेलने आई थी। लेकिन वह सीरीज सिर्फ तीन वनडे की थी। तब से दोनों टीमें सिर्फ वर्ल्डकप 2015, एशिया कप जैसे आईसीसी वनडे टूर्नामेंट्स में आमने-सामने आ सकी हैं।

कुछ दिन पहले BCCI के टॉप ऑफिशियल ने ‘इंडियन एक्‍सप्रेस’ से कहा था, ‘हम पाकिस्‍तान के साथ क्रिकेट संबंध बनाए रखना चाहते हैं। हम नहीं चाहते कि पॉलिटिक्‍स का असर खेल पर पड़े। हम कुछ प्रपोजल लेकर जा रहे हैं। इनमें पहला- 5 वन-डे और 2 टी-20 का है, जबकि दूसरे प्रपोजल में 3 वन-डे और 2 टी-20 कराने का प्रस्‍ताव है। हम पाकिस्‍तान के साथ सभी मैच ऐसी जगहों पर कराने की कोशिश करेंगे, जहां पर पॉलिटिकल पार्टीज बाधा न डाल सकें।’

बीसीसीआई और पीसीबी के बीच पिछले साल MoU साइन हुआ था, जिसके तहत दिसंबर 2015 में सीरीज कराई जानी थी। इसी सिलसिले में पाकिस्‍तान क्रिकेट बोर्ड के अध्‍यक्ष शहरयार खान अक्‍टूबर में भारत आए थे। उन्‍हें BCCI अध्‍यक्ष शशांक मनोहर से मिलना था, लेकिन शिवसेना के विरोध की वजह से दोनों के बीच मीटिंग नहीं हो सकी थी और शहरयार खान सिर्फ राजीव शुक्‍ला से मुलाकात कर पाकिस्‍तान लौट गए थे। शहरयार ने इसे अपमान बताते हुए धमकी दी थी कि अगर BCCI ने सीरीज पर अपना रुख साफ नहीं किया तो पाकिस्‍तान अगले साल भारत में खेले जाने वाले टी-20 वर्ल्‍ड कप का बॉयकॉट कर देगा।

Read Also:

भारत में हमले का खतरा बताकर पाकिस्‍तान ने रद्द की इंडो-पाक बिजनेस फोरम की बैठक

कश्मीरियों की अकांक्षाओं को दबाया नहीं जा सकता: पाकिस्तान

Next Stories
1 सोनिया का एनडीए सरकार पर वार, कहा-संविधान को न मानने वाले ही जप रहे हैं इसका नाम
2 संसद के शीतकालीन सत्र के पहले दिन पहली बार हुईं ये पांच बातें
3 पृथ्‍वी-2 का सफल परीक्षण, 1000 किलो वजनी हथियार ले जाने में सक्षम है यह मिसाइल
ये पढ़ा क्या?
X