ईडी ने शुक्रवार को कथित नगर निकाय भर्ती घोटाले की जांच के सिलसिले में पश्चिम बंगाल के मंत्री सुजीत बोस से करीब नौ घंटे तक पूछताछ की। एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी।

मंत्री सुजीत बोस पूर्वाह्न साढ़े दस बजे से कुछ समय पहले यहां साल्ट लेक में सीजीओ कॉम्प्लेक्स स्थित ईडी कार्यालय पहुंचे। उनके साथ उनके बेटे समुद्र एवं दो वकील थे।

बोस ने शाम को ईडी कार्यालय से बाहर निकलने के बाद मीडिया से कहा कि मैंने ईडी अधिकारियों के साथ सहयोग किया और उनके सभी सवालों के जवाब दिए हैं। अगर वे मुझे दोबारा बुलाते हैं तो मैं निश्चित रूप से आऊंगा। लेकिन मेरी बस यही गुजारिश है कि मुझे परेशान न करें।

वह इससे पहले ईडी के तीन समन के बावजूद निदेशालय के सामने पेश नहीं हुए थे तथा उन्होंने चुनाव अभियान में व्यस्त रहने का हवाला दिया था। उन्होंने परेशान किये जाने का आरोप लगाते हुए समन के खिलाफ कलकत्ता हाई कोर्ट में याचिका भी दायर की थी। कलकत्ता हाई कोर्ट ने उन्हें शुक्रवार को पूर्वाह्न 10:30 बजे से पहले एजेंसी के समक्ष पेश होने का निर्देश दिया था।

बोस बिधाननगर सीट से दोबारा चुनाव लड़ रहे हैं। जहां विधानसभा चुनाव के अंतिम चरण में बुधवार को मतदान हुआ था। मतगणना चार मई को होगी।

दक्षिण दमदम नगरपालिका में भर्ती से जुड़ी कथित अनियमितताओं के संबंध में बोस और उनके बेटे के स्वामित्व वाले प्रतिष्ठानों की ईडी ने दो बार तलाशी ली थी। जांचकर्ताओं ने दावा किया है कि तलाशी अभियान के दौरान उन्हें अभियोजनयोग्य दस्तावेज बरामद हुए। बोस ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वह भाजपा की राजनीतिक बदले की कार्रवाई का शिकार हुए हैं। (भाषा)

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