ताज़ा खबर
 

AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी के भाई की बढ़ीं मुश्किलें, ’15 मिनट’ वाले बयान पर FIR

गुरुवार (21, नवंबर, 2019) को उनके विवादित बयान पर संज्ञान लेते हुए कोर्ट ने पुलिस से कार्रवाई करने को कहा। ओवैसी पर आरोप है कि उन्होंने सभा में एक बार फिर अपने '15 मिनट' वाले पुराने बयान को दोहराया।

Author नई दिल्ली | Published on: November 22, 2019 5:49 PM
AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी के छोटे भाई और विधायक अकबरुद्दीन ओवैसी। (ANI)

AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी के छोटे भाई और विधायक अकबरुद्दीन ओवैसी अपने विवादित बयानों के चलते एक बार फिर मुश्किलों में घिर गए। राजधानी हैदराबाद के सईदाबाद पुलिस स्टेशन में इस बाबत उनके खिलाफ एक एफआईआर भी दर्ज की गई है। न्यूज एजेंसी एएनआई की खबर के मुताबिक अकबरुद्दीन ओवैसी ने इस साल जुलाई में करीमनगर में आयोजित एक आम सभा में विवादित बयान दिया था। गुरुवार (21, नवंबर, 2019) को उनके विवादित बयान पर संज्ञान लेते हुए कोर्ट ने पुलिस से कार्रवाई करने को कहा। ओवैसी पर आरोप है कि उन्होंने सभा में एक बार फिर अपने ’15 मिनट’ वाले पुराने बयान को दोहराया।

मामले में वकील और याचिकाकर्ता करुणसागर ने कहा, ‘हैदराबाद के एडिशनल चीफ मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट (ACMM) ने मेरी शिकायत के बाद सईदाबाद पुलिस स्टेशन से विधायक अकबरुद्दीन ओवैसी के खिलाफ आईपीसी की धारा 153(ए), 153(बी) और 506 के तहत केस दर्ज करने को कहा है। एमआईएम विधायक ने करीमनगर की अपनी सभा में ’15 मिनट’ वाले बयान को एक बार फिर दोहराया। कोर्ट ने कहा कि पुलिस 32 दिसंबर तक उनके खिलाफ केस दर्ज करे।’

उल्लेखनीय है कि करीबनगर में जुलाई महीने में एक रैली को संबोधित करते हुए ओवैसी ने कहा था, ‘लोग उन लोगों को डराते हैं जो आसानी से डर जाते हैं। लोग उन लोगों से डरते हैं जो उन्हें डराना जानते हैं। वो (RSS) मुझसे नफरत क्यों करते हैं? 100 सुनार की एक लोहार की। 15 मिनट ऐसा दर्द है जो अभी तक भर नहीं सका।’

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

Next Stories
1 ”व‍िजय माल्‍या को बैंक‍िंग और साक्षी महाराज को सांप्रदाय‍िक सौहार्द बनाने वाली सम‍ित‍ि में रखे बीजेपी”
2 चपरासी, माली, दरबान बनने पांच लाख एमए, एमबीए, एमसीए वालों के फॉर्म, वैकेंसी केवल 166
3 JNU प्रशासन की दलील- 45 करोड़ रुपये का उठा रहे हैं घाटा, सबसे ज्यादा बोझ बिजली-पानी बिल पर, फीस बढ़ाने के अलावा नहीं कोई चारा
जस्‍ट नाउ
X