ताज़ा खबर
 

ऑक्सीजन पर HC की केंद्र को फटकार, कहा- सरकार चाहे तो धरती-आकाश एक कर सकती है

कई निजी अस्पतालों ने शिकायत की कि उन तक कोई मदद नहीं पहुंची है। रोहिणी के सरोज अस्पताल के अधिकारियों ने कहा कि ऑक्सीजन की आपूर्ति रुक गयी है। अस्पताल के एक अधिकारी ने कहा, "बैकअप भी अधिक समय तक नहीं चलेगा। अभी अस्पताल के 120 मरीजों में से 70 की हालत गंभीर है।"

Coronavirus, COVID-19, National Newsनई दिल्ली में LNJP Hospital के पास रविवार को एक शहनाई बैंक्वेट हॉल को कोरोना मरीजों के लिए आइसोलेशल केंद्र के रूप में तब्दील कर दिया गया। (फोटोः पीटीआई)

दिल्ली के कुछ बड़े अस्पतालों में पिछली रात ऑक्सीजन की आपूर्ति की गई लेकिन यहां कोविड-19 का इलाज कर रहे छोटे अस्पताल सीमित आपूर्ति की वजह से अब भी संकट का सामना कर रहे हैं। कोविड-19 के बढ़ते मामलों के बीच दिल्ली के अस्पताल ऑक्सीजन की कमी का सामना कर रहे हैं। पूर्वी दिल्ली में 200 बेड वाले शांति मुकुंद अस्पताल के प्रशासन ने मुख्य द्वार पर एक नोटिस लगाया है जिसमें लिखा है, “हमें खेद है कि हम अस्पताल में मरीजों की भर्ती रोक रहे हैं क्योंकि ऑक्सीजन की आपूर्ति नहीं हो रही है।”

दिल्ली उच्च न्यायालय ने बुधवार रात केंद्र को आदेश दिया कि वह ‘तुंरत’ ऑक्सीजन की उन अस्पतालों को आपूर्ति करे, जहां उसकी जरूरत है और जहां पर कोविड-19 के उन मरीजों का इलाज हो रहा है, जिनकी हालत गंभीर है। अदालत ने टिप्पणी की कि “ऐसा लगता है कि राज्य के लिए इन्सानों की जान की कोई कीमत नहीं है।” केंद्र सरकार का पक्ष रख रहे सॉलिसीटर जनरल तुषार मेहता ने अदालत को आश्वस्त किया कि वह दिल्ली को आवंटित 480 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की आपूर्ति की व्यवस्था करेगी और यह बिना किसी बाधा के दिल्ली पहुंचेगी। अदालत ने केंद्र सरकार को फटकार लगाते हुए कहा, “सरकार चाहे तो धरती-आकाश एक कर सकती है।”

हालांकि, कई निजी अस्पतालों ने शिकायत की कि उन तक कोई मदद नहीं पहुंची है। रोहिणी के सरोज अस्पताल के अधिकारियों ने कहा कि ऑक्सीजन की आपूर्ति रुक गयी है। अस्पताल के एक अधिकारी ने कहा, “बैकअप भी अधिक समय तक नहीं चलेगा। अभी अस्पताल के 120 मरीजों में से 70 की हालत गंभीर है।” उन्होंने कहा कि अगर अस्पताल में समय से ऑक्सीजन की आपूर्ति नहीं हुयी तो कई जानें जा सकती हैं। शांति मुकुंद अस्पताल के एक अधिकारी ने पीटीआई-भाषा से कहा कि वे अपने ऑक्सीजन आपूर्तिकर्ता से संपर्क नहीं कर पा रहे हैं। उन्होंने कहा, “अस्पताल में अभी कोरोना वायरस के 110 मरीज हैं। हमारे पास मरीजों को दूसरे अस्पतालों में भेजने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है।” दिल्ली हार्ट एंड लंग इंस्टीट्यूट के मुख्य परिचालन अधिकारी संजीव शर्मा ने कहा कि उनका ऑक्सीजन स्टॉक शाम चार बजे तक ही चलेगा। उन्होंने कहा, “आपूर्तिकर्ता ने सुबह अंतिम रिफिल दिया था, उसके बाद से हम अपने स्तर से काम कर रहे हैं। कुल 71 मरीज ऑक्सीजन पर हैं।”

जनकपुरी स्थित 210 बिस्तरों के माता चानन देवी अस्पताल के अधिकारियों ने दिल्ली सरकार को आपात संदेश भेज कर कहा कि “मरीजों के अनुपात में उनके यहां ऑक्सीजन की कमी है।” आईसीयू के प्रमुख डॉक्टर एसी शुक्ला ने कहा, “करीब 40 मरीज आईसीयू में भर्ती हैं। हमें कल रात करीब 500 किलोग्राम ऑक्सीजन मिली। आपूर्तिकर्ता को तड़के चार बजे और ऑक्सीजन की आपूर्ति करनी थी लेकिन तब से वह फोन नहीं उठा रहा है।” उन्होंने कहा, “दिल्ली सरकार के हस्तक्षेप से हमें 21 डी श्रेणी के सिलेंडर मिले लेकिन इसकी नियमित आपूर्ति की जरूरत है। स्थित बहुत ही गंभीर है।” 50-बिस्तरों वाले धर्मवीर सोलंकी अस्पताल के डॉ. पंकज सोलंकी ने बताया कि अस्पताल ‘बैक अप’ में रखी ऑक्सीजन का इस्तेमाल कर रहा है जो बृहस्पतिवार दोपहर तक ही चल सकेगी।

उन्होंने कहा कि अधिकारियों से 30 मरीजों को स्थानांतरित करने के लिए संपर्क किया गया है। हालांकि, कुछ बड़े अस्पतालों ने कहा कि उन्हे गत रात को ऑक्सीजन की नयी खेप मिली है एवं और आने की उम्मीद है। लोकनायक जयप्रकाश नारायण अस्पताल के चिकित्सा निदेशक डॉ.सुरेश कुमार ने बताया कि ऑक्सीजन के तीन टैंकर रात को अस्पताल पहुंचे।

उन्होंने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, “सुबह साढे आठ बजे तक आठ घंटे के लिए ऑक्सीजन बची थी। हां, अब और आ रही है।” सर गंगाराम अस्पताल के एक अधिकारी ने कहा कि सुबह करीब छह बजे गैस की आपूर्ति की गयी। उन्होंने कहा, “यह स्टॉक शुक्रवार सुबह 10 बजे तक चलेगा। एक निजी विक्रेता से भी आपूर्ति की प्रतीक्षा है।” सेंट स्टीफेंस अस्पताल के प्रवक्ता ने कहा कि उन्हें बुधवार शाम को नयी आपूर्ति मिली और इस स्टॉक के शाम चार बजे तक चलने की उम्मीद है तथा दोपहर तक और आपूर्ति होने की संभावना है।

Next Stories
1 देश में हाहाकार, अब पीएम ने किया अपनी रैलियाँ रद्द करने का विचार, हाईकोर्ट से भी चुनाव आयोग को लताड़
2 रेडिक्स हॉस्पिटल के सीएमडी ने कहा- ऑक्सिजन नहीं है, जल्दी दीजिए, वरना स्थिति विस्फोटक हो जाएगी आजतक हल्लाबोल में बोले।
3 ऑक्सीजन सप्लाई पर पीएम ने की अहम बैठक, ट्वीट कर कहा- कल फिर से हाईलेवल मीटिंग, नहीं जा सकेंगे बंगाल
यह पढ़ा क्या?
X