गुजरात के सूरत निवासी एक शख्स ने प्रशासन से इच्छामृत्यु की इजाजत मांगी है। किरीट पटेल नामक इस व्यक्ति का आरोप है कि वो पत्नी द्वारा कथित उत्पीड़न से परेशान हो चुका है। शिकायत के बावजूद पत्नी के कार्रवाई नहीं होने के कारण वह मानसिक रूप से इतना परेशान हो चुका है कि अब उसके पास जिंदगी खत्म करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है।

किरीट ने जिला कलेक्टर को एक आवेदन सौंपते हुए कहा कि लंबे समय से चल रहे वैवाहिक विवाद और कानूनी लड़ाइयों ने उसे निराशा की स्थिति में पहुंचा दिया है। आवेदन में उसने इच्छामृत्यु की अनुमति देने की मांग की है।

पत्नी पर कानूनों के दुरुपयोग का आरोप

किरीट का आरोप है कि उनकी पत्नी घरेलू विवादों के बाद महिलाओं की सुरक्षा के लिए बने कानूनों का दुरुपयोग करती हैं। उनका कहना है कि पत्नी जानबूझकर विवाद खड़ा करती थीं और बाद में पुलिस या महिला हेल्पलाइन से शिकायत कर उनके खिलाफ कार्रवाई करवाने की कोशिश करती थीं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।

शख्स ने एक गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी पहली शादी से हुए बेटे को भी उनकी पत्नी ने नुकसान पहुंचाने की कोशिश की थी। उनका दावा है कि इस संबंध में उन्होंने पुलिस से शिकायत भी की, लेकिन कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई। उन्होंने कहा कि मामले की जांच और कार्रवाई के लिए कई बार अधिकारियों से गुहार लगाई, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

उन्होंने कहा कि यह उनकी और उनकी पत्नी दोनों की तीसरी शादी थी। उन्होंने पत्नी को “लुटेरी दुल्हन” बताते हुए आरोप लगाया कि वह शादी के बाद पति से पैसे और अन्य आर्थिक लाभ लेने के लिए कानूनी मामलों का इस्तेमाल करती हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनकी पत्नी ने अपने पूर्व पतियों से भी पैसे वसूले थे। हालांकि, इन दावों की भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

साल 2024 में हुई थी शादी

किरीट के अनुसार उनकी वर्तमान शादी 14 नवंबर 2024 को हुई थी। उनका आरोप है कि पत्नी, सास और अन्य रिश्तेदार लगातार उनसे पैसों की मांग करते रहे और उन्हें प्रताड़ित करते रहे। उन्होंने यह भी कहा कि उनके खिलाफ भरण-पोषण और घरेलू हिंसा के मामले दबाव बनाने के लिए दायर किए गए हैं।

अपने आवेदन में पटेल ने लिखा है कि वैवाहिक विवादों में पुरुषों को पर्याप्त कानूनी संरक्षण नहीं मिलता। उन्होंने कहा कि पुलिस थानों और सरकारी दफ्तरों के कई चक्कर लगाने के बावजूद उन्हें केवल आश्वासन मिले, कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। सूरत कलेक्टर कार्यालय की रसीद लगी इस अर्जी में उन्होंने लिखा है कि उन्हें अपनी परेशानी का कोई समाधान नजर नहीं आ रहा, इसलिए इच्छामृत्यु की अनुमति दी जाए।

पटेल ने यह चेतावनी भी दी है कि अगर उनकी शिकायतों पर तय समय सीमा में कार्रवाई नहीं हुई तो वह कोई कठोर कदम उठा सकते हैं। फिलहाल प्रशासन की ओर से इस आवेदन या आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। इस मामले ने वैवाहिक विवादों में पुरुषों के अधिकार, मानसिक स्वास्थ्य और घरेलू मामलों में कानूनी व्यवस्था को लेकर नई बहस छेड़ दी है। अधिकारियों द्वारा पटेल के आवेदन और शिकायतों की जांच किए जाने की संभावना है।