पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के बीच गुरुवार को ओमान तट के पास तीसरे जहाज एमटी जलवीर पर हमला हुआ। इस जहाज पर 20 भारतीय सवार थे। हालांकि, जहाजरानी मंत्रालय ने कहा कि सभी 20 भारतीय सुरक्षित हैं। केंद्र ने यह भी बताया कि होर्मुज जलमार्ग में भारतीय ध्वज वाले 13 जहाज फंसे हुए हैं। केंद्र ने लगातार हमलों की निंदा करते हुए इसे बेहद चिंताजनक बताया।

तनावपूर्ण स्थिति के बीच चिंता जताते हुए जहाजरानी मंत्रालय ने कहा कि खाड़ी क्षेत्र में 18,000 से अधिक भारतीय नाविक मौजूद हैं। ओमान के तट पर चल रहे जहाज एमटी जलवीर से चालक दल के सदस्यों को निकालने के संबंध में, बंदरगाह, जहाजरानी एवं जलमार्ग मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव मुकेश मंगल ने कहा, “जहाज पर 20 भारतीय नाविक सवार थे और सभी सुरक्षित बताए जा रहे हैं। किसी के हताहत होने या घायल होने की कोई खबर नहीं है।”

चालक दल के सदस्यों को शिनास बंदरगाह पर निकाला जा रहा

उन्होंने आगे कहा, “11 जून को, एमटी जलवीर जहाज के ओमान के शिनास बंदरगाह के पास एक समुद्री सुरक्षा घटना में शामिल होने की खबर है। जहाज पर 20 भारतीय नाविक सवार थे और सभी सुरक्षित बताए जा रहे हैं। किसी के हताहत होने या घायल होने की कोई खबर नहीं है। लेटेस्ट जानकारी के अनुसार, चालक दल के सदस्यों को शिनास बंदरगाह पर निकालने का काम शुरू हो गया है। 6 और लोगों को निकाला जाना है। मंत्रालय स्थिति पर कड़ी नजर रख रहा है और विदेश मंत्रालय, विदेशों में स्थित भारतीय दूतावासों, भारतीय नौसेना और अन्य संबंधित हितधारकों के साथ निरंतर समन्वय में है।”

वहीं, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने प्रेस ब्रीफिंग के दौरान कहा, “पिछले कुछ दिनों में पश्चिम एशिया में भारतीय नाविकों से जुड़ी कई घटनाएं हुई हैं। हम अपने नाविक समुदाय के कल्याण और सुरक्षा को सर्वोपरि मानते हैं। इस बात को दोहराने की आवश्यकता नहीं है।”

ओमान तट पर जहाज पर हमले में 3 भारतीयों की मौत

रणधीर जायसवाल ने आगे कहा, “कल हमने ओमान के तट पर एक जहाज पर हुए हमले की कड़ी निंदा की जिसमें दुर्भाग्यवश हमने तीन भारतीय नागरिकों को खो दिया। हमने कड़ा विरोध दर्ज कराने के लिए अमेरिकी नौसेना विभाग को यहां तलब किया था। क्षेत्र में जहाजों पर हमलों की लगातार घटनाएं बेहद चिंताजनक हैं और ये क्षेत्र में चल रहे संघर्ष का सीधा परिणाम हैं। इन हमलों को रोकना और समाप्त करना होगा। हम संवाद और कूटनीति का भी आह्वान करते हैं ताकि क्षेत्र में शांति और स्थिरता की शीघ्र वापसी हो सके।”

खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच मस्कट स्थित भारतीय दूतावास ने गुरुवार को कहा कि वह ओमान के शिनास बंदरगाह के निकट एक पोत से जुड़ी घटना पर नजर रखे हुए है। भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कहा, ”हमें आज सुबह ओमान के शिनास बंदरगाह के निकट एक पोत से जुड़ी घटना की जानकारी मिली है। हम स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और अधिक जानकारी के लिए स्थानीय अधिकारियों के साथ समन्वय कर रहे हैं।”

पढ़ें: अमेरिका के शीर्ष राजनयिक को तलब किया गया

बुधवार को ओमान तट के पास वाणिज्यिक जहाज सेट्टेबेलो पर हुए हमले के बाद अमेरिका के एक शीर्ष राजनयिक को नई दिल्ली में तलब किया गया था। इस हमले में जहाज पर सवार तीन भारतीयों की मौत हो गई और बाकी 21 नागरिकों को बचा लिया गया था। ओमान तट के पास पलाऊ गणराज्य के झंडे वाले एक तेल टैंकर पर अमेरिका ने हमला किया था। इसमें भारतीय नाविक भी सवार थे, जिनमें से तीन लापता थे। अब न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने तीनों की मौत की पुष्टि की है। इस हमले को लेकर अमेरिकी सेना ने कहा कि तेल टैंकर एमटी सेट्टेबेलो ओमान तट के पास होर्मुज जलमार्ग के बाहर अमेरिकी नाकाबंदी का उल्लंघन करने की कोशिश कर रहा था। इसके चलते ही उसे निशाना बनाया गया था। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें