ताज़ा खबर
 

गोपाल कृष्ण गांधी की उम्मीदवारी से नाराज भांजे ने लिखा पत्र, किया विरोध

गोपाल कृष्ण गांधी के भांजे श्रीकृष्ण कुलकर्णी ने उनकी उप राष्ट्रपति पद की उम्मीदवारी का विरोध किया है।

Gopalkrishna Gandhiउपराष्ट्रपति चुनाव: गोपाल कृष्ण गांधी को कांग्रेस नेतृत्व वाले विपक्ष ने बनाया उम्मीदवार।

गोपाल कृष्ण गांधी के भांजे श्रीकृष्ण कुलकर्णी ने उनकी उप राष्ट्रपति पद की उम्मीदवारी का विरोध किया है। इसके लिए उन्होंने रविवार (30 जुलाई) को एक पत्र भी लिखा। श्रीकृष्ण ने पत्र में कांग्रेस पर वंशवाद की राजनीति करने का भी आरोप लगाया। श्रीकृष्ण ने लिखा है कि महात्मा गांधी हमेशा अपने नाम के इस्तेमाल से बचते थे और कोई पद नहीं लेना चाहते थे। पत्र में लिखा गया है कि नेहरू-गांधी परिवार ने परिवाद को बढ़ावा दिया। उदाहरण देते हुए लिखा गया है कि मौजूदा कांग्रेस अध्यक्ष 18 साल से पद पर हैं और अब उनका बेटा (राहुल गांधी) यह पद संभालने के लिए तैयार है।

पत्र में आगे लिखा गया है, ‘फिर भी आपने उनका उम्मीदवार बनने के बारे में सोचा ? वंशवाद की राजनीति करने वाली पार्टी से आपने नाम आगे किया यह देखकर मुझे काफी निराशा हुई। इस पार्टी की तरफ से इतना घोटाले हुए लेकिन आपकी तरफ से एक भी बयान नहीं आया।’

इसी बीच उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार और महात्मा गांधी के पोते गोपाल कृष्ण गांधी नेशनल डेमोक्रेटिक एलायंस (एनडीए) के उम्मीदवार वेंकैया नायडू से टीवी चैनल पर बातचीत करना चाहते हैं। इसके लिए उन्होंने राज्य सभा टीवी को एक पत्र भी लिखा है। पत्र में गोपाल कृष्ण गांधी ने साफ कहा है कि वह पैनल डिसकशन होगा कोई डिबेट नहीं। गोपाल कृष्ण गांधी ने तर्क दिया है कि इस प्रोग्राम को देखने वाले दर्शकों को भी बहुत ही नई जानकारी मिलेंगी। पत्र में गोपाल कृष्ण गांधी ने लिखा है, ‘मेरी इच्छा है कि राज्य सभा टीवी पैनल डिसकशन करवाए। यह डिबेट ना होकर बातचीत होनी चाहिए।’

 

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 राम को जन-जन तक पहुंचाने वाले कवि तुलसीदास की आज है जयंती, पैदा होते ही रोये नहीं, बोले राम
2 खराब खाने की शिकायत करने वाले यात्री को रेलवे का जवाब, कहा- घर से लाया करो खाना
3 गोपाल कृष्ण गांधी ने राज्यसभा टीवी को लिखा- उपराष्ट्रपति चुनाव से पहले वेंकैया नायडू और मेरी डिबेट कराइए
ये पढ़ा क्या?
X