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भारत-चीन सीमा विवाद के बीच राहुल गांधी ने अमित शाह पर कसा तंज, कहा- दिल के ख़ुश रखने को, ‘शाह-यद’ ये ख़्याल अच्छा है

गांधी ने लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर गतिरोध का परोक्ष रूप से हवाला देते हुए ट्वीट किया, ‘‘सब को मालूम है ‘सीमा’ की हक़ीक़त, लेकिन दिल के ख़ुश रखने को ‘शाह-यद’ ये ख़्याल अच्छा है।’’

राहुल गांधी ने पीएम मोदी पर निशाना साधा है। (pc – PTI)

भारत-चीन सीमा विवाद के बीच कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने रक्षा नीति को लेकर सरकार पर निशाना साधा है। मौजूदा समय में देश की रक्षा नीति को वैश्विक स्वीकृति मिलने से जुड़े गृह मंत्री अमित शाह के बयान को लेकर राहुल ने सोमवार को उन पर शायराना अंदाज में उनपर तंज़ कसा है। गांधी ने लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर गतिरोध का परोक्ष रूप से हवाला देते हुए ट्वीट किया, ‘‘सब को मालूम है ‘सीमा’ की हक़ीक़त, लेकिन दिल के ख़ुश रखने को ‘शाह-यद’ ये ख़्याल अच्छा है।’’

दरअसल, शाह ने बिहार में वीडियो कांफ्रेस के माध्यम से रविवार को की गई सभा में कहा था कि भारत की रक्षा नीति को वैश्विक स्वीकृति मिली है। अमेरिका और इस्राइल के बाद पूरी दुनिया इससे सहमत है कि यदि कोई अन्य देश अपनी सीमाओं की रक्षा करने में सक्षम है, तो वह भारत है। शाह ने कहा था कि ऐसा भी वक्त था जब कोई भी हमारी सीमा में घुस जाता था। हमारे सैनिकों के सिर काट लिए जाते थे और दिल्ली दरबार पर कोई असर नहीं होता था। हमारे समय में उड़ी और पुलवामा हमले हुए, लेकिन यह भाजपा सरकार ही थी जिसने इसका माकूल जवाब दिया। इन हमलों के बाद सर्जिकल स्ट्राइक और एयर स्ट्राइक को अंजाम दिया गया।

राहुल गांधी भारत और चीन के बीच सीमा पर गतिरोध को लेकर पिछले कुछ हफ्ते में सरकार से सवाल कर चुके हैं। पिछले दिनों उन्होंने सवाल किया था कि क्या सरकार इस बात की पुष्टि कर सकती है कि चीन का कोई भी सैनिक भारतीय सीमा में दाखिल नहीं हुआ है।

बता दें भारत-चीन सीमा पर तनाव बढ़ा हुआ है। करीब एक महीने से लद्दाख में दोनों देशों की सेना में तनातनी है। इस मुद्दे को हल करने के लिए दोनों देश की सेनाओं के शीर्ष अधिकारियों ने 6 जून को बातचीत की थी, लेकिन कोई हल नहीं निकला था। रविवार को लेफ्टिनेंट जनरल लेवल की बातचीत के बाद विदेश मंत्रालय ने इस मुद्दे पर आधिकारिक बयान जारी किया।

मंत्रालय ने बयान में कहा कि यह बैठक सौहर्दपूर्ण और सकारात्मक माहौल में हुई। विभिन्न द्विपक्षीय समझौते के अनुसार, दोनों पक्ष सीमावर्ती क्षेत्रों में स्थिति को शांतिपूर्ण ढंग से हल करने पर सहमत हुए हैं। दोनों देशों के नेताओं के बीच हुए समझौते को ध्यान में रखते हुए द्विपक्षीय संबंधों के विकास के लिए भारत-चीन सीमावर्ती इलाकों में शांति आवश्यक है। दोनों पक्ष स्थिति को ठीक करने और सीमावर्ती इलाकों में शांति सुनिश्चित करने के लिए सैन्य एवं राजनयिक संपर्कों के माध्यम से बातचीत जारी रखेंगे।

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