scorecardresearch

मुझे भी मिला था गुवाहाटी जाने का ऑफर, बोले संजय राउत तो सोशल मीडिया पर लोगों ने इस अंदाज में की खिंचाई

संजय राउत के इस तरह के बयान पर अमित पांडेय नाम के एक यूजर ने लिखा, “तो इतने समय से न्यूज में ऐसा क्यों बोल रहे थे राउत साहब कि मैं वहां बुकिंग कर रहा हूं लेकिन होटल उपलब्ध नहीं है मेरे लिए? राजनीति के लिए?” देवेंद्र शर्मा ने लिखा, “कहीं इनकी रिक्वायरमेंट ज्यादा तो नहीं थी?”

Sanjay Raut| Shiv Sena| Maharashtra Politics
शिवसेना नेता संजय राउतः Photo Credit- Express Archives

महाराष्ट्र में मचे सियासी बवाल की रफ्तार एकनाथ शिंदे के मुख्यमंत्री बनने के बाद अब धीमी पड़ गई है। इस बीच शिवसेना प्रवक्ता संजय राउत ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि गुवाहाटी जाने के लिए उन्हें भी ऑफर मिला था। गौरतलब है कि शिंदे गुट के विधायक असम के गुवाहाटी में रेडिसन ब्लू होटल में ही ठहरे हुए थे।

एक जुलाई को ईडी की पूछताछ के बाद संजय राउत ने कहा कि मुझे भी गुवाहाटी जाने का प्रस्ताव मिला था, लेकिन मैं बालासाहेब ठाकरे का सैनिक हूं। इसलिए मैं वहां नहीं गया। राउत ने कहा कि जब आप सच के साथ हैं तो फिर डर क्यों है? शिवसेना में डरना मना है। जो होगा देखा जाएगा। गौरतलब है कि संजय राउत के इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर लोग उन्हें ट्रोल कर रहे हैं।

संजय राउत के इस तरह के बयान पर अमित पांडेय नाम के एक यूजर ने लिखा, “तो इतने समय से न्यूज में ऐसा क्यों बोल रहे थे राउत साहब कि मैं वहां बुकिंग कर रहा हूं लेकिन होटल उपलब्ध नहीं है मेरे लिए? राजनीति के लिए?” देवेंद्र शर्मा ने लिखा, “कहीं इनकी रिक्वायरमेंट ज्यादा तो नहीं थी?”

रोहित(@Rohitdeo13) ने लिखा, “मुझे भी मिला था, पर फिर मैंने मना कर दिया, मन नहीं हुआ।” एक अन्य यूजर(@RamaTiwari001) ने लिखा, “तो फिर हल्ला क्यूं कर रहे थे कि हमारे लोगों का अपहरण भाजपा वालों ने किया था।” जितेश(@Jiteshjustcool) ने लिखा, “हां तब आप उन्हें चोपाटी बुला रहे थे।”

गौरतलब है कि एक जुलाई को संजय राउत से ईडी ने लंबी पूछताछ की। दरअसल मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े एक मामले में राउत अपना बयान दर्ज कराने दक्षिण मुंबई में बलार्ड एस्टेट स्थित प्रवर्तन निदेशालय (ED) ऑफिस पहुंचे थे। उनसे 10 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की गई। वो सुबह करीब साढ़े 11 बजे ईडी कार्यालय पहुंचे और रात करीब 10 बजे बाहर निकले।

पूछताछ पर संजय राउत ने कहा कि मैं जानता हूं कि मैंने कुछ भी गलत नहीं किया है। इसलिए 10 घंटे तक पूछताछ में मैंने पूरा सहयोग दिया और लौट आए हैं। मैं गुवाहाटी भी जा सकता था, लेकिन मैं बालासाहेब का सैनिक हूं। सच्चा होने पर डर किस बात का। मैंने अधिकारियों से कहा कि मैं अपना बैग लेकर आया हूं और तुम वही करो, जो तुम करना चाहते हो।

पढें राष्ट्रीय (National News) खबरें, ताजा हिंदी समाचार (Latest Hindi News)के लिए डाउनलोड करें Hindi News App.

अपडेट

X