तमिलानाडु के पूर्व मंत्री और डीएमके विधायक अनीता आर राधाकृष्णन को शुक्रवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इससे पहले दिन में मद्रास हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी थी।

यह मामला तिरुचेंदूर के पास अथुर में एक सार्वजनिक सभा से जुड़ा है। इस सभा में डीएमके विधायक अनीता आर राधाकृष्णन ने टीवीके चीफ और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय के खिलाफ कथित रूप से भड़काऊ टिप्पणी की थी। यह कार्यक्रम पूर्व मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि की जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया था।

पुलिस ने बताया कि बैठक के दौरान राधाकृष्णन ने मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय के खिलाफ भड़काऊ टिप्पणी की, जिसके बाद उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया।

गिरफ्तारी की आशंका लेकर राधाकृष्णन ने अग्रिम जमानत के लिए मद्रास हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी। हालांकि, अदालत ने शुक्रवार को उनकी याचिका खारिज कर दी।

सुनवाई के दौरान जस्टिस जी.के. इलन्थिरैयन ने अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत भाषण की प्रतिलिपि पढ़ने के बाद अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी और टिप्पणियों पर नाराजगी व्यक्त की।

न्यायाधीश ने पूछा कि एक पूर्व मंत्री और मौजूदा विधायक निर्वाचित मुख्यमंत्री के खिलाफ इस तरह की अपमानजनक भाषा का प्रयोग कैसे कर सकते हैं? न्यायाधीश ने पूछा, “वह कोई आम आदमी नहीं हैं, क्या उन्हें मुख्यमंत्री के पद का सम्मान नहीं करना चाहिए?”

अदालत के आदेश के बाद पुलिस ने विधायक को उसी दिन बाद में तब गिरफ्तार कर लिया जब वह विकास कार्यों का निरीक्षण करने के लिए एक सरकारी कार्यालय गए थे।

अथुर पुलिस स्टेशन की एक पुलिस टीम ने मामले के सिलसिले में उन्हें हिरासत में ले लिया। हालांकि, डीएमके कार्यकर्ताओं ने पुलिसकर्मियों को घेर लिया और उन्हें पुलिस वाहन में ले जाने से रोकने की कोशिश की। पार्टी कार्यकर्ताओं ने टीवीके सरकार के खिलाफ नारे भी लगाए।

इस बीच, टीवीके सरकार ने हाल ही में राज्यपाल आरएन रवि अर्लेकर से प्रवर्तन निदेशालय द्वारा उनके खिलाफ दर्ज किए गए मनी लॉन्ड्रिंग मामलों के संबंध में पूर्व मंत्रियों अनीता आर. राधाकृष्णन और वी. सेंथिल बालाजी की जांच और अभियोजन के लिए मंजूरी देने का अनुरोध किया है।

तमिलनाडु के विद्युत मंत्री सीटीआर निर्मल कुमार ने सोमवार को गिंडी स्थित राजभवन में राज्यपाल आरवी अर्लेकर के साथ हुई बैठक के दौरान सरकार के अनुरोध को उनसे अवगत कराया।

सोनम रघुवंशी की जमानत बरकरार, सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगाने से किया इनकार

सुप्रीम कोर्ट ने राजा रघुवंशी की हत्या की मामले में मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को मिली जमानत पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है। न्यूज एजेंसी ANI द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, जस्टिस एमएम सुंदेश और जस्टिस शील नागू की बेंच ने मौखिक रूप से कहा कि प्रथम दृष्टया वे जमानत पर रोक लगाने के पक्ष में हैं क्योंकि यह ऐसा मामला नहीं है जिसमें सोनम को गिरफ्तारी के आधार न बताए गए हों। पढ़ें पूरी खबर।