दिल्ली सरकार का सभी सरकारी दफ्तरों में बायोमेट्रिक हाजिरी जरूरी होने का आदेश दिया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के औचक निरीक्षण के बाद अधिकारियों की उपस्थिति को लेकर सख्त रुख अपनाया गया है। दिल्ली सरकार ने सभी सरकारी कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक हाजिरी अनिवार्य कर दी है। जारी आदेश के अनुसार अतिरिक्त मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव और विभागाध्यक्ष सहित सभी अधिकारियों को सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे तक कार्यालय में उपस्थित रहना अनिवार्य होगा। सरकार ने स्पष्ट किया है कि किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
निर्देश में कहा गया है कि सभी कार्यालयों में स्थापित बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली पूरी तरह कार्यरत होनी चाहिए और सभी अधिकारी उसी के माध्यम से अपनी हाजिरी दर्ज करेंगे। गौरतलब है कि बुधवार को दिल्ली के आइटीओ स्थित राज्य जीएसटी कार्यालय के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने कई वरिष्ठ अधिकारियों को अनुपस्थित पाया था।
दिल्ली के सभी विभागों में बायोमेट्रिक मशीनें अनिवार्य
निर्देश के अनुसार नगर निगम के कार्यालय सुबह 9 बजे से शाम 5:30 बजे तक और दिल्ली सरकार के कार्यालय सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे तक खुलेंगे। इसके साथ ही सभी विभागों में बायोमेट्रिक मशीनें अनिवार्य की गई हैं। जहां पहले से मशीन लगी है, वहां इसे पूरी तरह चालू रखना होगा।
आदेश के अनुसार अब दिल्ली सरकार और नगर निगम के सभी दफ्तर अपने पुराने समय के अनुसार ही खुलेंगे और हर कर्मचारी को मशीन के माध्यम से ही अपनी हाजिरी दर्ज करनी होगी। सरकार ने स्पष्ट किया कि प्रदूषण के कारण लागू ग्रेडेड प्रतिक्रिया कार्य योजना (GRAP) अब समाप्त हो गई है इसलिए इसके तहत बदले हुए कार्यालय समय को भी खत्म कर दिया गया है। अब सभी कार्यालय सामान्य समय पर खुलेंगे।
अधिकारी केवल बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम से ही उपस्थिति दर्ज कराएंगे
सूत्रों ने बताया कि देर से आने वाले, हाजिरी न लगाने वाले या जल्दी चले जाने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने आगे बताया कि मुख्यमंत्री ने प्रत्येक अधिकारी के आने के औसत समय को दर्शाने वाली मासिक उपस्थिति रिपोर्ट भी मांगी है। इस बीच, सामान्य प्रशासन विभाग प्रतिदिन दोपहर 12 बजे तक अटेंडेंस रिपोर्ट इकट्ठा करके मुख्य सचिव को प्रस्तुत करेगा।
प्रशासनिक सुधार विभाग द्वारा जारी आदेश में कहा गया है, “अतिरिक्त मुख्य सचिवों (एसीएस), प्रधान सचिवों, सचिवों और विभागाध्यक्षों की दैनिक उपस्थिति रिपोर्ट संकलित करने और प्रतिदिन दोपहर 12 बजे तक मुख्य सचिव को रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए सचिव (जीएडी) से अनुरोध है। महीने की अटेंडेंस रिपोर्ट अगले महीने तक मुख्यमंत्री को प्रस्तुत की जानी चाहिए।” आदेश में आगे कहा गया है, “अतिरिक्त मुख्य सचिव, प्रधान सचिव, सचिव, विभागाध्यक्ष सहित सभी अधिकारी केवल बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम के माध्यम से ही अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे।”
दिल्ली वालों की छूटी कंपकंपी
तेज हवाओं और हल्की-फुल्की बारिश ने दिल्ली में अप्रैल को असामान्य रूप से सर्द बनाया दिया है, जिससे बुधवार को अधिकतम तापमान गिरकर 28.2 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जो पिछले 11 वर्षों में इस महीने का सबसे कम तापमान है। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें
