ताज़ा खबर
 

वरिष्ठ पत्रकार ने लिखा, बांग्लादेश की पीएम की साड़ी पर है ‘कमल निशान’, ट्रोल्स ने कहा- अवार्ड के हकदार हैं आप

बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना ने यूएन में भाषण के दौरान जो साड़ी पहनी उस पर वरिष्ठ पत्रकार दीपक चौरसिया ने एक ट्वीट किया जिस पर वह जमकर ट्रोल हो गए।

बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना। फोटो: ANI

बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना ने यूनाइटेड नेशन्स हेडक्वाटर में महात्मा गांधी की याद में आयोजित ‘समकालीन विश्व में महात्मा गांधी की प्रासंगिकता’ कार्यक्रम में भाषण दिया। उनके भाषण ने सभी का ध्यान खींचा। अपने भाषण में उन्होंने कहा कि गांधी सच्चे देशभक्त और संत थे। इस कार्यक्रम में उन्होंने जो साड़ी पहनी थी उस पर वरिष्ठ पत्रकार दीपक चौरसिया ने एक ट्वीट किया जिस पर वह जमकर ट्रोल हो गए। सोशल मीडिया यूजर्स ने इस पर अगल-अलग प्रतिक्रियाएं दी।

दरअसल वरिष्ठ पत्रकार ने बांग्लादेश की पीएम की तस्वीर शेयर कर इसके कैप्शन में कुछ ऐसा लिख दिया जिससे यूजर्स को उनकी खिंचाई करने का मौका मिल गया। उन्होंने कैप्शन में लिखा ‘ये तस्वीर बहुत कुछ कहती है, यूएन में महात्मा गांधी जी के कार्यक्रम में बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना कमल-लोटस के फूल के बॉर्डर वाली साड़ी पहन कर आईं हैं!!’

चौरसिया का इशारा भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के चुनाव चिह्न कमल की तरफ था। उनके ट्वीट पर यूजर्स ने जमकर मजे लिए। एक यूजर ने कहा कि ‘आप तो अवार्ड के हकदार हैं।’ एक यूजर कहते हैं ‘सर… ये कॉमन डिजाइन है साड़ियों में….. फूल-पत्ते-बूटे… टेंपल डिजाइन.. कहीं भी किसी भी जगह बनने वाली साड़ी और साड़ी पहनने वाली महिलाओं के कलेक्शन में आमतौर पर मिल ही जाएगी।’

एक अन्य यूजर ने कहा ‘मतलब शेख हसीना ने कमल-लोटस के फूल वाली साड़ी पहनी हैं, इसका मतलब वो भी बांग्लादेश छोड़कर बीजेपी में शामिल होने वाली हैं।’ एक यूजर कहते हैं ‘चौरसिया जी यही सब अब रह गया है कौन क्या पहन रहा है, अरे देश की मौजूदा हालातों पर चर्चा करो, चाटुकारिता की भी कोई लिमिट होती है। थू है ऐसी पत्रकारिता पर।’

एक यूजर ने कहा ‘आदरणीय दीपक जी…आपको या तो एक जरूरी ब्रेन स्कैन या पांचवीं क्लास की किताब की जरूरत है। बंगलदेश की पीएम शेख हसीना ने जो साड़ी पहनी है उसमें पानी लिली के साथ बुना हुआ है। यह कमल नहीं है। लिटर लिली बांग्लादेश का एक राष्ट्रीय प्रतीक है।’

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

Next Stories
1 जॉब के मोर्चे पर एक और बुरी खबर, इन पांच सेक्टर्स में गई 16 लाख नौकरियां, वजह जानकर होगी हैरानी
2 शरद पवार को ईडी का मेल, आने की जरूरत नहीं, NCP चीफ के घर पहुंचे मुंबई पुलिस कमिश्नर
3 नाहक नौ महीने जेल में रहे गोरखपुर के डॉ. कफील खान, दो साल बाद जांच में हुए बरी
ये पढ़ा क्या?
X