Congress on Women Reservation: 16 अप्रैल को संसद में तीन दिन का विशेष सत्र शुरू होने वाला है। जिसमें सबसे बड़ा मुद्दा महिला आरक्षण होगा। साथ ही संसद की सीटों की संख्या भी परिसीमन के चलते बढ़ाई जा सकती हैं। इसको लेकर कांग्रेस ने वर्किंग कमेटी बैठक में चर्चा की, जिसके बाद अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने केंद्र सरकार को परिसीमन के मुद्दे पर गंभीर परिणामों की चेतावनी तक दे दी।

कांग्रेस पार्टी की इस अहम बैठक में पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, महासचिव प्रियंका गांधी, जयराम रमेश, शशि थरूर, सचिन पायलट, केसी वेणुगोपाल जैसे वरिष्ठ नेता शामिल थे। इस दौरान मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि महिला आरक्षण संशोधन विधेयक के संबंध में कांग्रेस को अभी तक कोई औपचारिक प्रस्ताव प्राप्त नहीं हुआ है।

बीजेपी पर लगाया चुनावी लाभ लेने का आरोप

कांग्रेस अध्यक्ष ने बीजेपी पर आरोप लगाया कि मोदी सरकार आगामी संसद सत्र में इस विधेयक को पारित करना चाहती है ताकि इसका श्रेय ले सके और इस वर्ष के विधानसभा चुनावों में इसका लाभ उठा सके। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि अब तक प्राप्त जानकारी के आधार पर सरकार 2029 के चुनावों से महिलाओं के लिए आरक्षण लागू करना चाहती है।

उन्होंने कहा कि सरकार लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में वर्तमान सीटों में 50% की वृद्धि करना चाहती है। वह लोकसभा में सीटों की संख्या 543 से बढ़ाकर 816 करना चाहती है। राज्य विधानसभाओं में भी आनुपातिक वृद्धि होगी।”

परिसीमन के मुद्दे पर उठाए सवाल

मल्लिकार्जुन खड़गे ने चेतावनी दी कि इस परिसीमन प्रस्ताव” के गंभीर परिणाम हो सकते हैं, और सत्तारूढ़ पार्टी पर राजनीतिक लाभ प्राप्त करने के लिए उचित विचार-विमर्श के बिना इसे जल्दबाजी में पारित करने का आरोप लगाया। उन्होंने आगे कहा कि हमने और विपक्षी दलों के नेताओं ने संसदीय कार्य मंत्री को तीन बार पत्र लिखकर कहा था कि पश्चिम बंगाल चुनाव के लिए 29 अप्रैल को मतदान के अंतिम दिन के बाद सरकार को सर्वदलीय बैठक बुलाकर इस मामले पर गंभीरता से चर्चा करनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि सरकार ने हमारे तमाम अनुरोधों के बावजूद बात नहीं मानी, बल्कि चुनावी लाभ के लिए बयानबाजी की। कांग्रेस अध्यक्ष ने दावा किया कि यह आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है, जो सभी चुनाव क्षेत्रों में लागू है। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि संसदीय सत्र के दौरान अधिकांश सांसद तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में व्यस्त रहेंगे और BJP के नेतृत्व वाली सरकार पर “लोकतंत्र को कमजोर करने और मनमाने फैसले लेने” की आदत का आरोप लगाया।

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कांग्रेस सांसद शशि थरूर। (इमेज सोर्स- फेसबुक)

ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच में पाकिस्तान इस समय मध्यस्थ की भूमिका में है। इस शांति समझौते के प्रयास पर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने अपनी राय रखी है। उन्होंने कहा कि भारत को पाकिस्तान की मध्यस्थता का जश्न मनाना चाहिए, जिसकी वजह से अमेरिकी-ईरान सीजफायर हुआ। इतना ही नहीं उन्होंने भारत की प्रतिक्रिया को परिपक्व और समझदारीपूर्ण बताया। पूरी खबर पढ़िए…