मुंबई में कम्प्रेस्ड नेचुरल गैस (CNG) की कीमतों में वृद्धि हुई है। महानगर गैस लिमिटेड (MGL) ने मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन में CNG की कीमत 2 रुपये प्रति किलोग्राम बढ़ा दी है, जिससे इसकी कीमत 86 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई है। 14 मई को भी 2 रुपये प्रति किलोग्राम की भी बढ़ोतरी की गई थी। नई कीमत मुंबई, ठाणे, नवी मुंबई और आस-पास के इलाकों में लागू है। MGL कल्याण, रायगढ़, रत्नागिरी, चित्रदुर्ग, दावणगेरे, लातूर और उस्मानाबाद को भी CNG सप्लाई करती है।

पेट्रोल-डीजल की कीमतों में भी हुआ है इजाफा

CNG में यह बदलाव रिटेल फ्यूल की कीमतों में बड़े पैमाने पर बढ़ोतरी के साथ आया है। हाल ही में पेट्रोल 2.61 रुपये प्रति लीटर महंगा हो गया, जबकि डीज़ल 2.71 रुपये प्रति लीटर महंगा हो गया। मुंबई में पेट्रोल अब 111.21 रुपये प्रति लीटर है, जबकि डीज़ल की कीमत 97.83 रुपये प्रति लीटर है।

लगातार बढ़ोतरी से पता चलता है कि दुनिया भर में कच्चे तेल की बढ़ी हुई कीमतों का असर देर से हुआ है। इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन, भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड, और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड, जो मिलकर घरेलू फ्यूल रिटेल मार्केट का लगभग 90 परसेंट कंट्रोल करते हैं, उन्होंने 15 मई से पेट्रोल और डीज़ल की कीमतें लगभग 7.50 रुपये प्रति लीटर बढ़ा दी हैं।

हम स्ट्रेटेजिक रिजर्व पर काम कर रहे हैं- सुजाता शर्मा

केंद्र सरकार ने सरकारी फ्यूल रिटेलर्स को निर्देश दिया है कि वे कम से कम 30 दिनों की घरेलू मांग को पूरा करने के लिए लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस स्टोरेज कैपेसिटी बढ़ाएं, क्योंकि पश्चिम एशिया में चल रही लड़ाई की वजह से सप्लाई में कमियां सामने आई हैं। पेट्रोलियम मिनिस्ट्री में जॉइंट सेक्रेटरी सुजाता शर्मा ने शुक्रवार को बताया, “हम स्ट्रेटेजिक रिजर्व पर काम कर रहे हैं। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों को अपने पास कम से कम 30 दिनों के लिए LPG रिज़र्व रखने का (प्लान) बनाने के लिए कहा गया है और वे इस पर काम कर रही हैं।”

यह निर्देश इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन, भारत पेट्रोलियम, और हिंदुस्तान पेट्रोलियम पर लागू होता है, जिनमें से हर एक को मौजूदा कमर्शियल इन्वेंट्री के ऊपर और स्टोरेज के लिए प्लान बनाने के लिए कहा गया है। सुजाता शर्मा ने आगे कहा कि सरकार क्रूड ऑयल स्टोरेज कैपेसिटी बढ़ाने के ऑप्शन पर भी विचार कर रही है।

अमेरिका-ईरान संघर्ष ने भारत की एनर्जी सप्लाई चेन पर काफी दबाव डाला। देश अपने क्रूड ऑयल इंपोर्ट का लगभग 40 परसेंट, अपनी नैचुरल गैस का 65 परसेंट और अपनी LPG सप्लाई का 90 परसेंट गल्फ देशों से लेता था। इन सभी को झगड़े के दौरान दिक्कत का सामना करना पड़ा। भारत क्रूड ऑयल और नैचुरल गैस के लिए दूसरे सोर्स जुटाने में कामयाब रहा है, लेकिन LPG सप्लाई की दिक्कतों ने सरकार को कमर्शियल यूज़र्स को डिस्ट्रीब्यूशन को रेगुलेट करने पर मजबूर किया है। मिनिस्ट्री के आंकड़ों के मुताबिक घरेलू LPG प्रोडक्शन लगभग 52,000 टन प्रति दिन के ऑल-टाइम हाई पर पहुंच गया है।

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भारत में भीषण गर्मी अब जानलेवा रूप लेती जा रही है। एक नए अध्ययन में अनुमान लगाया गया है कि देश में सिर्फ एक दिन की भीषण गर्मी के कारण करीब 3400 अतिरिक्त मौतें होती हैं। पढ़ें पूरी खबर