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कोर्ट ने कहा- छम्मकछल्लो कहना अपमान, कुछ घंटों की कैद और एक रुपया जुर्माने की सजा

पड़ोसी द्वारा छम्मकछल्लो कहने से गुस्साई महिला ने पुलिस से संपर्क किया लेकिन पुलिस ने शिकायत दर्ज करने से इनकार कर दिया। तब महिला ने अदालत का रूख किया।

Author ठाणे | September 5, 2017 5:07 AM
प्रतिकात्मक तस्वीर।

किसी महिला को छम्मकछल्लो कहना उसका अपमान है और इसके लिए आपको सजा के साथ जुर्माना भी भरना पड़ सकता है। पिछले सप्ताह एक व्यक्ति को इस शब्द के चलते न सिर्फ कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ा, बल्कि कैद और जुर्माना भी भरना पड़ा। हालांकि हिंदी भाषा के शब्द ‘छम्मकछल्लो’ का इस्तेमाल बॉलीवुड के गाने में तो लुभावना लग सकता है लेकिन असली ंिजदगी में इस शब्द का इस्तेमाल करने पर कानूनी परेशानी में फंसने की संभावना है। ठाणे की एक अदालत ने कहा है कि इस शब्द का इस्तेमाल करना ‘एक महिला का अपमान करने’ के बराबर है। शाहरूख खान अभिनीत फिल्म ‘रॉ वन’ के एक हिट गाने में इस शब्द का इस्तेमाल हो चुका है।

एक मजिस्ट्रेट ने पिछले सप्ताह शहर के एक निवासी को अदालत के उठने तक साधारण कैद की सजा सुनाई थी और उस पर एक रूपए का जुर्माना भी लगाया था। आरोपी के एक पड़ोसी ने उसे अदालत में घसीटा था। पड़ोसी महिला की शिकायत के अनुसार, नौ जनवरी 2009 को जब वह अपने पति के साथ सैर से लौट रही थी, तब उसे एक कूड़ेदान से ठोकर लग गई। महिला ने कहा कि यह कूड़ेदान उक्त आरोपी ने सीढ़ियों पर रखा था। आरोपी इस दंपति पर चिल्लाने लगा और उन्हें भला-बुरा कहने के बीच उसने महिला को ‘छम्मकछल्लो’ कहकर पुकारा।  पड़ोसी द्वारा छम्मकछल्लो कहने से गुस्साई महिला ने पुलिस से संपर्क किया लेकिन पुलिस ने शिकायत दर्ज करने से इनकार कर दिया। तब महिला ने अदालत का रूख किया। आठ साल बाद, न्यायिक मजिस्ट्रेट आरटी लंगाले ने उनके मामले को उचित ठहराते हुए कि आरोपी ने भारतीय दंड संहिता की धारा 509 (शब्द, इशारे या किसी गतिविधि से महिला का अपमान) के तहत अपराध किया है।

मजिस्ट्रेट ने अपने आदेश में कहा, ‘‘यह एक ंिहदी शब्द है। अंग्रेजी में इसके लिए कोई शब्द नहीं है। भारतीय समाज में इस शब्द का अर्थ इसके इस्तेमाल से समझा जाता है। आमतौर पर इसका इस्तेमाल किसी महिला का अपमान करने के लिए किया जाता है। यह किसी की तारीफ करने का शब्द नहीं है, इससे महिला को चिढ़ होती है और उसे गुस्सा आता है।’

 

 

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