ताज़ा खबर
 

बिहार चुनाव से पहले राजद को करारा झटका, लालू यादव के समधी चंद्रिका राय ज्वाइन करेंगे सीएम नीतीश की पार्टी

चंद्रिका राय ने दावा किया है कि राजद के अन्य नेता भी मौजूदा नेतृत्व से नाराज हैं और बिहार के मुख्यमंत्री और जदयू प्रमुख नीतीश कुमार से हाथ मिला सकते हैं।

Author Edited By रवि रंजन पटना | Updated: February 14, 2020 8:29 AM
राजद के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री चंद्रिका राय।

बिहार विधानसभा चुनाव से लालू यादव की पार्टी राजद को एक बड़ा झटका लग सकता है। पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री चंद्रिका राय ने कहा है कि वह जल्द ही जनता दल (यूनाइटेड) में शामिल होंगे। चंद्रिका राय लालू प्रसाद यादव के समधी भी हैं। चंद्रिका की बेटी ऐश्वर्या राय की शादी लालू के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव के साथ बड़े धूम-धाम से हुई थी। लेकिन कुछ ही महीनों बाद तेज प्रताप ने ऐश्वर्या से तलाक लेने के लिए मुकदमा कर दिया। फिलहाल यह मामला विचाराधीन है और इसके बाद से ही दोनों परिवारों के बीच दूरियां लगातार बढ़ती जा रही है।

राय ने दावा किया है कि राजद के अन्य नेता भी मौजूदा नेतृत्व से नाराज हैं और बिहार के मुख्यमंत्री और जदयू प्रमुख नीतीश कुमार से हाथ मिला सकते हैं। महागठबंधन की सरकार में बिहार के परिवहन मंत्री रह चुके चंद्रिका राय ने 2019 में राजद के टिकट पर सारण लोकसभा सीट से चुनाव लड़े थे। हालांकि इस चुनाव में वे हार गए थे।

तेज प्रताप यादव द्वारा तलाक का मुकदमा दायर करने के बाद भी ऐश्वर्या लंबे समय तक राबड़ी देवी के आवास पर ही रह रही थी। लेकिन दो महीने पहले अपने ससुराल वालों पर घर से जबरन निकालने और प्रताड़ित करने का आरोप लगाया। फिलहाल ऐश्वर्या अपने मायके में रह रहीं हैं। राय ने कहा, “मैं जल्द ही एक घोषणा कर सकता हूं … मुझे नीतीश कुमार के नेतृत्व पर पूरा भरोसा है।”

तेज प्रताप का नाम लिए बिना राय ने कहा, “कोई था जिसने सही तरीके से प्रचार नहीं करने के लिए तेजस्वी प्रसाद यादव की आलोचना की थी। लेकिन उन्हें (तेज प्रताप) को कोई कारण बताओ नोटिस जारी नहीं किया गया … राजद में भारी असंतोष है।”

जद (यू) के प्रवक्ता और राज्य मंत्री नीरज कुमार ने कहा, “हालांकि चंद्रिका राय की हमारी पार्टी में शामिल होने के बारे में फैसला हमारे पार्टी प्रमुख पर निर्भर करता है लेकिन उनकी नाराजगी लालू प्रसाद की पार्टी में नए आंतरिक विरोधाभासों को उजागर करती है।”

इस पूरे मामले पर राजद के प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने कहा, “यह पूरी तरह से राय का फैसला है। लेकिन उन्हें स्वीकार करना होगा कि राजद ने उन्हें नाम और शोहरत दी है। उनके पार्टी छोड़ने से हम पर कोई असर नहीं पड़ेगा।”

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 पिता ने वोटर कार्ड और आधार में बदलवा लिया था नाम, NRC लिस्ट से बाहर हो बेटा पहुंच गया डिटेंशन सेंटर, परिवार कर रहा रिहाई का इंतजार
2 सर्वे: अरविंद केजरीवाल को सबसे ज्यादा महिलाओं ने किया पसंद, 60% ने आप को दिए वोट, पुरुषों से 11% ज्यादा
3 Delhi Election Results 2020 सर्वे: आप को मिला युवाओं का भी साथ, पांच में से तीन युवाओं ने झाड़ू पर दबाया बटन