11 सितंबर को अगर आप बैंक से जुड़ा कोई जरूरी काम निपटाने की सोच रहे हैं, तो पहले यह खबर जरूर पढ़ लें। देशभर में बैंकिंग सेवाओं पर असर पड़ने की संभावना है और कई ग्राहकों को ब्रांच से जुड़े काम के लिए परेशानी हो सकती है।
दरअसल, यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) ने 11 सितंबर को देशव्यापी बैंक हड़ताल का आह्वान किया है। बैंक यूनियनों का दावा है कि वे बैंकिंग कर्मचारियों की 90 फीसदी से ज्यादा कार्यबल का प्रतिनिधित्व करती हैं।
क्यों हो रही है बैंक कर्मचारियों की हड़ताल?
बैंक यूनियनें लंबे समय से पांच दिन की बैंकिंग व्यवस्था लागू करने की मांग कर रही हैं। इसके अलावा संशोधित परफॉर्मेंस लिंक्ड इंसेंटिव (PLI) स्कीम और अन्य लंबित मांगों को लेकर भी कर्मचारी संगठन विरोध कर रहे हैं।
यूनियनों का कहना है कि इन मुद्दों पर लंबे समय से बातचीत चल रही है, लेकिन अभी तक उनकी मांगों का समाधान नहीं हुआ है। इसी के विरोध में 11 सितंबर को हड़ताल का फैसला लिया गया है।
कई बड़े बैंकों ने जारी की एडवाइजरी
हड़ताल को देखते हुए कई बड़े बैंकों ने अपने ग्राहकों को संभावित परेशानी के बारे में जानकारी दी है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने कहा है कि उसने अपनी ब्रांच और ऑफिस में सामान्य कामकाज जारी रखने के लिए जरूरी व्यवस्था की है, लेकिन हड़ताल के कारण बैंक का कामकाज प्रभावित हो सकता है। पंजाब नेशनल बैंक (PNB), यूको बैंक, इंडियन बैंक और बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने भी ग्राहकों को संभावित व्यवधान को लेकर एडवाइजरी जारी की है।
क्या 11 सितंबर को सभी बैंक बंद रहेंगे?
यह समझना जरूरी है कि बैंक हड़ताल और बैंक हॉलिडे दो अलग-अलग चीजें हैं। 11 सितंबर को पूरे देश में RBI के बैंक हॉलिडे कैलेंडर के तहत छुट्टी नहीं है। राजस्थान में स्थानीय निकाय चुनाव के कारण बैंक शाखाएं बंद रहेंगी।
वहीं, अन्य राज्यों में बैंक ब्रांच हड़ताल की वजह से प्रभावित हो सकती हैं। यानी किसी जगह बैंक की आधिकारिक छुट्टी न होने के बावजूद कर्मचारियों की हड़ताल के कारण सामान्य कामकाज प्रभावित हो सकता है।
गुजरात में तीन दिन तक असर
गुजरात में बैंक ग्राहकों को लगातार तीन दिनों तक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। यहां महा गुजरात बैंक एम्प्लॉइज एसोसिएशन (MGBEA) ने 11 से 13 सितंबर तक हड़ताल का ऐलान किया है। 12 सितंबर को दूसरा शनिवार और 13 सितंबर को रविवार होने के कारण गुजरात में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक की शाखाएं लगातार तीन दिनों तक बंद रह सकती हैं।
एसोसिएशन के मुताबिक, करीब 5,400 बैंक शाखाओं और 75,000 कर्मचारियों एवं अधिकारियों के हड़ताल में शामिल होने की उम्मीद है। इससे करीब 15,000 करोड़ रुपये के लेनदेन प्रभावित होने की आशंका जताई गई है।
आगे भी हो सकती है बड़ी बैंक हड़ताल
बैंक यूनियनों ने 11 सितंबर की हड़ताल के अलावा आगे भी विरोध की योजना बनाई है। इसके तहत 28 से 30 सितंबर तक तीन दिन की हड़ताल का ऐलान किया गया है। अगर मांगों पर समाधान नहीं निकलता है, तो यूनियनों ने 26 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी भी दी है।
क्या ATM और UPI भी बंद हो जाएंगे?
बैंक हड़ताल का सबसे ज्यादा असर ब्रांच से जुड़े कामकाज पर पड़ने की संभावना है। आम तौर पर ATM, UPI, इंटरनेट बैंकिंग और मोबाइल बैंकिंग जैसी डिजिटल सेवाएं उपलब्ध रहती हैं। हालांकि, किसी निर्धारित मेंटेनेंस या तकनीकी समस्या के कारण इनमें अस्थायी दिक्कत हो सकती है।
इसलिए अगर आपको बैंक ब्रांच में चेक जमा करने, कैश से जुड़े काम या किसी अन्य जरूरी काम के लिए जाना है, तो पहले अपनी ब्रांच की स्थिति जरूर जांच लें।
यह भी पढ़ें: टिफिन में प्याज-लहसुन नहीं लाने का आदेश, शिवसेना के विरोध के बाद स्कूल ने वापस लिया सर्कुलर
महाराष्ट्र के मीरा रोड स्थित एक स्कूल का एक सर्कुलर इन दिनों चर्चा में है। स्कूल ने छात्रों के टिफिन को लेकर ऐसा निर्देश जारी किया, जिसके बाद राजनीतिक दलों ने सवाल खड़े कर दिए। मामला बढ़ा तो स्कूल को अपने फैसले पर पीछे हटना पड़ा। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें।
