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मुंगेर भारत माता के माथे पर कलंक, आग लगाने में लगे हैं कुछ लोग- हिंसा कांड पर बोले बाबा रामदेव

रामदेव ने कहा, "यह घटना बहुत ही शर्मसार करने वाला है। इस तरह की घटनाएं भारत माता के माथे पर कलंक की तरह है। कुछ लोग देश में अराजकता जैसा माहौल बनाने में लगे हुए हैं।"

Author Edited By सिद्धार्थ राय नई दिल्ली | Updated: October 31, 2020 2:06 PM
Baba Ramdev, munger violence, bihar electionस्वामी रामदेव ने मुंगेर घटना को भारत माता के माथे पर कलंक बताया है। (file)

बिहार के मुंगेर में 27 अक्टूबर को मूर्ति विसर्जन के दौरान पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई को बाबा रामदेव ने ‘भारत माता के माथे पर कलंक’ बताया है। रामदेव ने कहा, ‘यह घटना बहुत ही शर्मसार करने वाली है। इस घटना के लिए जो भी जिम्मेदार है उसे कड़ी-कड़ी सजा मिलनी चाहिए।’

स्वामी रामदेव ने मुंगेर घटना पर ‘रिपब्लिक भारत’ से बात करते हुए कहा कि, ‘यह घटना बहुत ही शर्मसार करने वाला है। इस तरह की घटनाएं भारत माता के माथे पर कलंक की तरह है। कुछ लोग देश में अराजकता जैसा माहौल बनाने में लगे हुए हैं। राजनीतिक, समाजिक और मजहबी तौर पर कुछ लोग इस तरह का देश में आग लगाने में लगे हैं। इसमें कौन लोग सम्मलित हैं यह पता नहीं है।’

बाबा ने कहा कि पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठता है। कोरोना काल में पुलिस की सब लोग तारीफ कर रहे थे, लेकिन जब मैंने मुंगेर घटना का वीडियो देखा तो मुझे भी अंदर से बहुत गहरी पीड़ा हुई। रामदेव ने कहा “वहां पर भक्त थे, वहां पर कोई भी हुड़दंग नहीं कर रहा था। इसके बावजूद पुलिस ने उनके ऊपर कार्रवाई की। इस घटना की सिर्फ मैं निंदा ही नहीं करता हूं। बल्कि, इस घटना में जिसका भी हाथ हो उसे कड़ी-कड़ी से सजा मिलना चाहिए। ताकि दूसरा कोई व्यक्ति इस तरह की घटना को अंजाम न दे सके।”

रामदेव ने मुंबई पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह पर भी निशान साधा है। बाबा ने नाम लिए बिना कहा कि कुछ लोग हिंदू धर्म में पैदा तो हुए हैं, लेकिन वह हिंदू के नाम पर कलंक हैं। ये लोग पूरी दुनिया को आतंकिस्तान बनाना चाहते हैं।’ बाबा ने कहा “भगवा राष्ट्रवाद, मानवता, अध्यात्मवाद का पूरी दुनिया में एकत्व और भाई चारे का संदेश ही देने वाला नहीं बल्कि उसे जीने वाला है। पूरी दुनिया में कोई एक देश की बात तो छोड़िए, कोई एक गांव बता दीजिए, जहां पर कोई कहे कि हिंदुत्व आतंकवाद है।”

बता दें बिहार के मुंगेर में 27 अक्टूबर की रात प्रतिमा विसर्जन के दौरान पुलिस और स्थानीय लोगों में झड़प हो गई थी। झड़प इतनी बढ़ गई कि इस दौरान कई राउंड गोलियां चली, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और लगभग आधा दर्जन लोग घायल हो गए थे। उसके अलावा घटना में कोतवाली प्रभारी समेत तीन जवान भी घायल हो गए थे।

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