Assam Elections 2026: असम विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस के बाद मंगलवार को सत्ताधारी बीजेपी ने भी अपना घोषणापत्र जारी कर दिया है, जिसे पार्टी ने ‘संकल्प पत्र’ नाम दिया है। BJP ने वादा किया है कि अगर चुनाव के बाद मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा (Himanta Biswa Sarma) के नेतृत्व में फिर सरकार बनती है तो उसके तीन महीनों के अंदर समान नागरिक संहिता लागू (Uniform Civil Code) किया जाएगा। इसके अलावा बीजेपी के इस संकल्प पत्र में ‘लव जिहाद’ और ‘लैंड जिहाद’ को लेकर भी बड़ा वादा किया गया है।
असम चुनाव के लिए बीजेपी का घोषणापत्र केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की मौजूदगी में जारी किया गया। बीजेपी ने अपने इस ‘संकल्प पत्र’ में 31 वादे किए हैं। इसमें कहा गया है कि लव जिहाद और लैंड जिहाद को रोकने के लिए राज्य में एक प्रभावी सख्त कानून बनाया जाएगा।
सभ्यता और विरासत को संरंक्षित करने का वादा
बीजेपी ने अपने चुनावी वादे में कहा है कि वह असम के लोगों की सभ्यता, विरासत और अधिकारों को संरक्षित करने के लिए विधायी सुरक्षा उपायों को मजबूत करेगी और छठी अनुसूची और आदिवासी क्षेत्रों को छोड़कर यूसीसी को लागू करके जातीय समुदायों के अधिकारों को सुनिश्चित करेगी। पार्टी ने ‘मिशन बसुंधरा’ योजना के तहत “अवैध अप्रवासियों द्वारा अतिक्रमण से भूमि के हर इंच को मुक्त कराने और असम के सभी वास्तविक नागरिकों को भूमि अधिकार प्रदान करने” का भी संकल्प लिया।
रोजगार बाढ़ और सरकारी नौकरी का जिक्र
बीजेपी ने असम को बाढ़ मुक्त बनाने के लिए 18,000 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश के साथ ‘बध मुक्त असम मिशन’ शुरू करने का भी संकल्प लिया है। इसके अलावा पार्टी ने यह वादा भी किया है कि अगर राज्य में उसकी सरकार बनती है तो फिर 2 लाख सरकारी नौकरियां भी उपलब्ध कराएगी और विभिन्न योजनाओं के माध्यम से अधिक उद्यमशीलता के अवसर पैदा करेगी।
बीजेपी ने अपने संकल्प पत्र में एक नारा दिया है, “एक जिला, एक मेडिकल कॉलेज, एक विश्वविद्यालय, एक इंजीनियरिंग कॉलेज”। मतलब ये कि पार्टी हर जिले में शिक्षा के लिए विशेष कदम उठाएगी।
महिलाओं पर खास फोकस
पार्टी ने यह भी कहा कि वह ओरुनोदोई योजना के तहत महिलाओं के लिए मासिक प्रत्यक्ष बैंक ट्रांजेक्शन को बढ़ाकर 3,000 रुपये कर देगी। इसमें यह भी कहा गया है कि इसका लक्ष्य 40 लाख ‘लखपति बाईदेव’ तैयार करना है, जो असम सरकार की एक प्रमुख पहल है जिसका उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।
बीजेपी द्वारा कहा गया कि अगर राज्य में तीसरी बार बीजेपी की सरकार बनती है तो फिर चाय बागान श्रमिकों की मजदूरी अगले पांच वर्षों के भीतर बढ़ाकर 500 रुपये प्रतिदिन की जाएगी। इसके अलावा चाय बागान के श्रमिकों को घर भी देने का वाद किया गया है। बता दें कि असम में 9 अप्रैल को राज्य की सभी सीटों पर एक साथ मतदान होगा और 4 मई को नतीजे घोषित किए जाएंगे।
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असम विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस को बड़े झटके लगे। पहले भूपेन बोरा और उसके बाद कांग्रेस सांसद प्रद्युत बोरदोलोई ने बीजेपी ज्वॉइन कर ली। जब 17 मार्च की रात को प्रद्युत बोरदोलोई का पार्टी से इस्तीफ़ा पब्लिक हुआ, तो एक और जानकारी फैलने लगी कि वह न सिर्फ़ अगले दिन बीजेपी में शामिल होंगे, बल्कि पार्टी उन्हें दिसपुर विधानसभा सीट से चुनाव लड़वाएगी। जैसे ही 19 मार्च को प्रद्युत बोरदोलोई की उम्मीदवारी का ऐलान हुआ, बीजेपी में हलचल मच गई। पढ़िए पूरी खबर…
