महाराष्ट्र की अमरावती पुलिस ने 19 साल के एक युवक को गिरफ्तार किया है। इस पर आरोप है कि यह लड़कियों की आपत्तिजनक तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर करता था। जिनमें ज्यादातर तस्वीरें और वीडियो नाबालिग के हैं। पुलिस ने सोमवार इस बात की जानकारी दी थी।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपी तनवीर के पास से लगभग 350 अश्लील वीडियो मिलने की बात सामने आई है। उसने कथित तौर पर 180 नाबालिग लड़कियों को अपना शिकार बनाया। अमरावती निवासी राज्यसभा सदस्य अनिल बोंडे ने राज्य सरकार से इस मामले की एक विशेष जांच दल (SIT) से जांच कराने की मांग की है।
अमरावती पुलिस ने आरोपी का मोबाइल फोन जब्त कर लिया है। सबूत जुटाने के लिए उसकी जांच कर रही है। एक पुलिस कांस्टेबल की शिकायत के आधार पर, परातवाड़ा पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता की धारा 294 (अश्लील सामग्री साझा करना और प्रदर्शित करना), पॉक्सो अधिनियम की धारा 8 (यौन उत्पीड़न) और 12 (यौन शोषण) और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 67 (अश्लील सामग्री को इलेक्ट्रॉनिक रूप से प्रकाशित या प्रसारित करना) और 67(ए) (यौन रूप से स्पष्ट सामग्री को प्रकाशित या प्रसारित करना) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
अमरावती ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक विशाल आनंद ने बताया कि पिछले दो दिनों से किए गए प्रयासों के बावजूद, डर के कारण कोई भी पीड़ित या परिवार का सदस्य औपचारिक रूप से पुलिस के पास नहीं आया है। उन्होंने कहा कि हमने परिवारों से सक्रिय रूप से संपर्क किया और यहां तक कि बयान दर्ज करने के लिए सादे कपड़ों में महिला पुलिस अधिकारियों को भेजने की पेशकश भी की। चूंकि कोई शिकायत दर्ज नहीं की गई, इसलिए पुलिस ने स्वतः संज्ञान लेते हुए मामला दर्ज किया।
पुलिस ने साइबर सेल के माध्यम से संबंधित प्लेटफॉर्मों को पत्र लिखकर आपत्तिजनक सामग्री को हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस इस मामले में अन्य आरोपियों की संलिप्तता और वीडियो को ऑनलाइन प्रसारित करने में अन्य लोगों की मदद की भी जांच कर रही है। एसपी ने कहा कि यदि जांच में पता चलता है कि मुख्य आरोपी को किसी ने सहयोग दिया था, तो उसके साथियों को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
कहा जा रहा है कि आरोपी तनवीर लड़कियां का भरोसा जीतकर उन्हें प्रेम के जाल में फंसाता था। इसके बाद उनको मुंबई और पुणे ले जाता था। जांचकर्ताओं ने बताया कि वह बिना सहमति के अश्लील वीडियो बनाता था। बाद में उन वीडियो का इस्तेमाल पीड़ितों को ब्लैकमेल करने और उन्हें वेश्यावृत्ति में धकेलने के लिए करता था। माना जा रहा है कि उसके पास ऐसे 350 से ज्यादा वीडियो हो सकते हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, करीब 180 लड़कियों को निशाना बनाया गया।
आरोपी ने 16 और 17 साल की दर्जनों युवतियों का शोषण और बलात्कार किया। लड़कियां 11वीं और 12वीं क्लास की कोचिंग के लिए जाती थीं। इसी दौरान उन्हें टारगेट किया। परतवाड़ा, अचलपुर, अमरावती और नागपुर की लड़कियों को ब्लैकमेल किया गया है। पुलिस ने आरोपी का मोबाइल फोन और अन्य डिवाइस जब्त कर लिए हैं। फोरेंसिक एक्सपर्ट डिलीट किए गए डेटा को रिकवर करने पर काम कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने किया कठोर कार्रवाई का वादा
नागपुर में मीडिया से बात करते हुए राजस्व मंत्री और अमरावती के पालक मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने कहा कि सोमवार जैसे ही घटना की जानकारी मिली, मैंने पुलिस महानिदेशक, आईजी और एसपी से चर्चा की। मुख्यमंत्री ने भी मामले का संज्ञान लिया है। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि मामले की गहन जांच हो और दोषियों को कड़ी सजा मिले। भाजपा नेता प्रवीण तायडे के अनुसार, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस मामले में कड़ी कार्रवाई का वादा किया है।
सांसद बोंडे ने क्या कहा?
वहीं, मीडिया से बात करते हुए सांसद बोंडे ने दावा किया कि इस मामले में कुछ अन्य लोग भी शामिल हैं। उन्होंने एसआईटी और साइबर कर्मियों द्वारा इसकी जांच की मांग की। उन्होंने दावा किया कि एक गैंग ने व्हाटसएप और स्नैपचैट ग्रुप बनाए थे। उन्होंने कहा कि पुलिस को आरोपी का मोबाइल फोन जब्त करना चाहिए। साथ ही उसके साथियों के साथ हुई बातचीत का पता लगाना चाहिए। अधिकारी इस बात की जांच कर रहे हैं कि क्या आरोपी ने अकेले काम किया या उसके साथ कोई और भी शामिल था। ऐसी आशंका है कि इसमें कोई बड़ा नेटवर्क शामिल है।
कौन है आरोपी तनवीर?
आरोपी की पहचान अयान अहमद उर्फ तनवीर अहमद के रूप में हुई है। वह अमरावती जिले के परतवाड़ा का रहने वाला। उसे 11 अप्रैल को तब हिरासत में लिया गया, जब कुछ लड़कियों के साथ उसकी अश्लील तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए। परतवाड़ा पुलिस ने बताया कि कई पीड़ित नाबालिग हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपी ने कथित तौर पर उन्हें बहला-फुसलाकर उनकी मर्जी के खिलाफ अश्लील तस्वीरें लीं। फिर वीडियो बनाए और बाद में पीड़ितों को बदनाम करने के लिए उन्हें सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया।
टीसीएस धर्मांतरण मामले को मिलिंद देवड़ा ने बताया बेहद खतरनाक, क्लासिक ग्रूमिंग गैंग की याद दिलाता है
महाराष्ट्र के नासिक स्थित टीसीएस कंपनी ऑफिस में धर्म परिवर्तन, यौन शोषण केस की पुलिस जांच में सामने आया है कि एक संगठित नेटवर्क नए कर्मचारियों को निशाना बनाता था। इस केस में अब तक 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। कंपनी की ऑपरेशंस मैनेजर अश्विनी चैनानी कोर्ट में पेश किया गया और उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पढ़ें पूरी खबर।
