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अमित शाह की कोलकाता में रैली को अनुमति का इंतजार, मंजूरी पर पुलिस ने साधी चुप्पी; भाजपा के पास है ये विकल्प

दिलीप घोष ने बताया कि सेना से भी रैली के लिए इजाजत मांगी गई है क्योंकि कोलकाता के शाहिद मैदान की कस्टोडियन भारतीय सेना ही है।

ग्रहमंत्री अमित शाह

केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह की आगामी 1 मार्च को पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में एक रैली प्रस्तावित है। हालांकि अभी तक कोलकाता पुलिस की तरफ से इस रैली को मंजूरी नहीं दी गई है। बंगाल भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष ने शुक्रवार को बताया कि हमनें कोलकाता के शाहिद मीनार मैदान पर रैली के लिए पुलिस से इजाजत मांगी है, लेकिन अभी तक इसकी मंजूरी नहीं मिली है और ना ही उन्होंने अभी तक हमारे प्रस्ताव को खारिज किया है।

बता दें कि अमित शाह की रैली कोलकाता के शाहिद मीनार मैदान पर होनी प्रस्तावित है। पश्चिम बंगाल में अमित शाह की रैली को लेकर यह पहली बार हुआ विवाद नहीं है। इससे पहले साल 2014 में भी अमित शाह की रैली के लिए भाजपा को कोर्ट जाना पड़ा था। ऐसे में इस बार फिर यदि पश्चिम बंगाल सरकार रैली की अनुमति नहीं देती है तो भाजपा के पास कानूनी विकल्प मौजूद है।

दिलीप घोष ने बताया कि सेना से भी रैली के लिए इजाजत मांगी गई है क्योंकि कोलकाता के शाहिद मैदान की कस्टोडियन भारतीय सेना ही है। घोष के अनुसार, रैली में लाउडस्पीकर के इस्तेमाल से माइक्रोफोन के इस्तेमाल पर लगे बैन का भी उल्लंघन नहीं होगा।

इसकी वजह बताते हुए बंगाल भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि ‘शाहिद मैदान के आसपास कोई आवासीय इलाका नहीं है। ऐसे में स्कूली छात्रों और उनके परिजनों के लाउडस्पीकर से परेशान होने का कोई चांस ही नहीं है। इसके अलावा रैली वाले दिन कोई एग्जाम भी नहीं है।’

पश्चिम बंगाल में सीएए के विरोध में कई जगह धरना प्रदर्शन और मार्च हो रहे हैं। ऐसे में भाजपा की कोशिश है कि अमित शाह की रैली से माहौल को सीएए के समर्थन में परिवर्तित किया जा सके। घोष ने बताया कि “हम चाहते थे कि पीएम मोदी कोलकाता आएं, लेकिन वह पहले से तय कार्यक्रमों के चलते नहीं आ सकते। इसलिए अमित शाह जी 1 मार्च को रैली में शिरकत करेंगे।”

वहीं टीएमसी ने कोलकाता में अमित शाह की रैली पर कोई आपत्ति नहीं की है। राज्य सरकार के मंत्री पार्थ चटर्जी ने बताया कि अमित शाह पहले भी कोलकाता आ चुके हैं। हमें उम्मीद है कि वह नियमों और प्रोटोकॉल के तहत रैली का आयोजन करेंगे।

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