ताज़ा खबर
 

भारत-चीन तनाव के बीच आपस में ही भिड़े गृह व रक्षा मंत्रालय, पीएम नरेंद्र मोदी के पास पहुंचा मामला

अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर स्थित भारत-चीन सीमा की निगरानी का काम आईटीबीपी करती है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (फाइल फोटो)

सिक्किम में चीनी सैनिकों के घुसपैठ के बाद भारत और चीन के बीच बढ़ा तनाव अभी कम नहीं हुआ है लेकिन नरेंद्र मोदी सरकार के दो मंत्रालयों आपस में ही उलझे पड़े हैं। देश के गृह मंत्रालय और रक्षा मंत्रालय के बीच भारत तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) पर अधिकार को लेकर तनातनी चल रही है। आईटीबीपी ही चीन से लगी 3488 किलोमीटर सीमा की निगरानी करती है। द टेलीग्राफ की रिपोर्ट के अनुसार भारतीय सेना ने अर्ध-सैनिक बलों पर नियंत्रण की मांग दोहरायी है जिस पर गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने ऐतराज जताया। अखबार ने वरिष्ठ अधिकारियों के हवाले से लिखा है कि मामला अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यालय में पहुंच गया है। मनोहर पर्रिकर के गोवा के मुख्यमंत्री बन जाने के बाद से ही रक्षा मंत्रालय का प्रभार अरुण जेटली के पास है।

गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने द टेलीग्राफ को बताया कि आईटीबीपी पर नियंत्रण को लेकर रक्षा और गृह मंत्रालय के बीच रार पुराना है। अधिकारी के अनुसार लेकिन इस बार ये मुद्दा सिक्किम के डोको ला इलाके में चीन के संग विवाद के दौरान ही उभर गया है। अधिकारी ने बताया कि भारतीय सेना का कहना है कि अर्ध-सैनिक बल के पास चीन सीमा की निगरानी करने के  लिए जरूरी संसाधान नहीं हैं। भारतीय सेना को लग रहा है कि चीन सीमा पर खतरे की आशंका है इसलिए वो चाहती है कि आईटीबीपी पर उसका नियंत्रण रहे।  भारतीय सेना ने पिछले कुछ समय में लद्दाख और सिक्किम में चीन द्वारा किए जा रहे घुसपैठ एवं अन्य टकराव का हवाला देते हुए ये मांग रखी है।

HOT DEALS
  • Sony Xperia XA1 Dual 32 GB (White)
    ₹ 17895 MRP ₹ 20990 -15%
    ₹1790 Cashback
  • Moto Z2 Play 64 GB (Lunar Grey)
    ₹ 14640 MRP ₹ 29499 -50%
    ₹2300 Cashback

 

 

अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर से लगने वाली भारत-चीन सीमा की निगरानी का काम आईटीबीपी ही करती है। गृह मंत्राल ने सेना की मांग पर यह कहकर ऐतराज जताया है कि परंपरागत रूप से सीमा की सुरक्षा अर्ध-सैनिक बल करते हैं और सेना पहली रक्षा-पंक्ति के पीछे रहती है। गृह मंत्रालय ने अपने तर्क के समर्थन में हवाला देते हुआ कहा कि चीन की तरफ से भी सीमा पर अर्ध-सैनिक बल ही तैनात हैं।

गृह मंत्रालय ने अपने जवाब में साफ किया है कि पाकिस्तान और बांग्लादेश से लगने वाली सीमा की सुरक्षा सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) करता है। वहीं नेपाल और भूटान से लगने वाली भारतीय सीमा की सुरक्षा सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) करता है। बीएसएफ और एसएसबी दोनों ही अर्ध-सैनिक बल हैं। गृह मंत्रालय के अधिकारी ने टेलीग्राफ को बताया कि मंत्रालय आईटीबीपी को रक्षा मंत्रालय को नहीं देना चाहता। चीन से ताजा विवाद के बाद आईटीबीपी के तीन हजार अतिरिक्त जवान विवादित इलाके में तैनात किए गए हैं। जब द टेलीग्राफ ने रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता से दोनों मंत्रालयों के बीच तनातनी के बाबत पूछा तो उन्होंने ऐसी कोई जानकारी होने से इनकार कर दिया।

 

 

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App