Pakistan-Afghanistan Tensions: अफगानिस्तान ने पाकिस्तान पर गुरुवार देर रात हमला कर दिया। अफगान सरकार का दावा है कि उन्होंने पाकिस्तानी सेना के एक हेडक्वॉर्टर और 19 चौकियों पर भी कब्जा कर लिया गया है। वहीं, पाकिस्तानी सेना ने ऑपरेशन गजब लिल हक शुरू किया है। पाकिस्तान की वायुसेना ने काबुल, नंगरहार प्रांत समेत कई शहरों में एयरस्ट्राइक की।
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ने शुक्रवार को अफगान तालिबान सरकार के खिलाफ ओपन वॉर की घोषणा कर दी। ख्वाजा आसिफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर लिखा, “हमारा सब्र खत्म हो चुका है। अब हमारे और आपके बीच ओपन वॉर है।” पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने कहा, “हमारी सशस्त्र सेनाओं की प्रतिक्रिया व्यापक और निर्णायक है। जो लोग हमारी शांति को कमजोरी समझते हैं, उन्हें कड़ा जवाब मिलेगा और कोई भी बच नहीं पाएगा।”
पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने नागरिकों को निशाना बनाने के लिए अफगान तालिबान की निंदा की है। गृह मंत्रालय द्वारा X पर जारी एक बयान में उनके हवाले से कहा गया है कि पाकिस्तानी सशस्त्र बलों ने अफगान तालिबान की खुली आक्रामकता का मुंहतोड़ जवाब दिया है। उन्होंने कहा, “कायर शत्रु ने रात के अंधेरे में हमला किया। अफगान तालिबान ने निर्दोष नागरिकों को निशाना बनाने का घिनौना प्रयास किया।” उन्होंने कहा, “पूरा देश सशस्त्र बलों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है। अफगान तालिबान ने हमला करके एक बड़ी गलती की है। उन्हें इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। हम अपनी सुरक्षा को खतरे में नहीं पड़ने देंगे।”
पाकिस्तान ने कहां-कहां पर की एयरस्ट्राइक
सरकारी ब्राडकॉस्टर पीटीवी न्यूज ने बताया है कि पाकिस्तान के सशस्त्र बलों ने हवाई हमले किए हैं और काबुल, कंधार और पक्तिया में अफगान तालिबान के महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है। सरकारी ब्राडकॉस्टर ने बताया है कि इन हमलों में काबुल में दो ब्रिगेड मुख्यालय नष्ट हो गए हैं, जबकि कंधार में एक कोर मुख्यालय और एक ब्रिगेड मुख्यालय नष्ट हो गए हैं। पीटीवी न्यूज के अनुसार , कंधार में एक गोला-बारूद डिपो और लॉजिस्टिक्स बेस को भी नष्ट कर दिया गया है और पक्तिया में एए कॉर्प मुख्यालय को तबाह कर दिया गया है।
अफगानिस्तान ने क्या दावा किया?
अफगानिस्तान के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि गुरुवार को 2611 किलोमीटर लंबी डूरंड लाइन पर जवाबी कार्रवाई में 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि यह चार घंटे का अभियान 26 फरवरी को रात 8 बजे शुरू हुआ, जो रमजान का 9वां दिन था। यह अभियान पाकिस्तान द्वारा अफगान क्षेत्र के उल्लंघन के जवाब में चलाया गया था, जिसमें महिलाओं और बच्चों की मौत हुई थी।
अफगान बलों ने कहा कि उन्होंने पक्तिका, पक्तिया, खोस्त, नंगरहार, कुनार और नूरिस्तान के पास स्थित चौकियों को निशाना बनाया, दो ठिकानों को नष्ट किया, 19 चौकियों पर कब्जा किया और हथियार और वाहन जब्त किए। नंगरहार में एक शरणार्थी शिविर पर मिसाइल हमले में आठ अफगान लड़ाके मारे गए और 11 घायल हुए, जबकि 13 नागरिक घायल हो गए।
यह सब कैसे शुरू हुआ?
यह ताजा तनाव पिछले रविवार को अफगान बॉर्डर पर पाकिस्तानी हवाई हमलों के बाद पैदा हुआ है। इस्लामाबाद ने कहा कि ये हमले तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान के ट्रेनिंग कैंप्स को निशाना बनाकर किए थे। पाकिस्तान लंबे समय से काबुल पर टीटीपी को अफगान धरती से काम करने की अनुमति देने का आरोप लगाता रहा है। इसे अफगानिस्तान नकारता है।
अफगान अधिकारियों ने कहा कि हमलों में घरों और एक मदरसे सहित कई क्षेत्र प्रभावित हुए। रक्षा मंत्रालय ने इन्हें अफगानिस्तान की संप्रभुता का उल्लंघन बताया। अफगान अधिकारियों ने यह भी कहा कि तोरखम में स्वदेश लौटने वालों के लिए बने एक अस्थायी शिविर पर हुए हवाई हमले में महिलाओं और बच्चों सहित 13 नागरिक घायल हो गए।
द डूरंड लाइन विवाद
दोनों देशों के बीच स्थित 2611 किलोमीटर लंबा बार्डर काफी वक्त से तनाव का सोर्स रहा है। इसे डूरंड लाइन के नाम से भी जाना जाता है। अफगानिस्तान ने ऐतिहासिक रूप से इसे इंटरनेशनल बॉर्डर के तौर पर औपचारिक रूप से मान्यता देने से इनकार किया है। कतर समर्थित युद्ध विराम प्रयासों सहित मध्यस्थता के प्रयासों के बावजूद, पिछले एक साल में सीमा पर बार-बार झड़पें हुई हैं।
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दरअसल, पाकिस्तान के गठन के बाद से ही अफगानिस्तान के साथ उसके संबंध सामान्य नहीं रहे हैं। वर्ष 1949 में आजाद पश्तूनिस्तान बनाने के मुद्दे पर पाकिस्तान ने अफगानिस्तान की आदिवासी बस्तियों पर हमले किए थे। इसके बाद दोनों देशों के बीच सीमा पर हिंसक झड़पों का सिलसिला शुरू हो गया। पाकिस्तान का दावा है कि जब से अफगानिस्तान में तालिबान की सत्ता आई है, टीटीपी ने अपनी गतिविधियां तेज कर दी हैं। उधर, अफगानिस्तान का आरोप है कि पाकिस्तान के सुरक्षाबल बिना कारण उसके सीमा क्षेत्र में हवाई हमले कर रहे हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें…
