ताज़ा खबर
 

बयान पर कायम हैं आमिर खान, देश छोड़ने का इरादा नहीं

देश में कथि‍त तौर पर बढ़ती असहिष्‍णुता को लेकर दिए गए एक बयान पर हुए बवाल के बाद एक्‍टर आमिर खान ने सफाई दी है।

आमिर खान। फाइल फोटो

असहिष्णुता पर अपने बयान को लेकर भाजपा और उसके सहयोगियों के निशाने पर आए अभिनेता आमिर खान ने बुधवार को जोर देते हुए कहा कि उन्होंने जो कहा था, उस पर वे कायम हैं। पर न तो उनकी और न ही उनकी पत्नी किरण राव की देश छोड़ने की कोई मंशा है। हाल में असहिष्णुता की बढ़ती घटनाओं पर ‘चिंता और निराशा’ जाहिर करने पर भाजपा और फिल्म समुदाय के एक हिस्से के आलोचना किए जाने के बीच 50 साल के आमिर ने एक बयान जारी कर कहा कि उन्हें ‘भारतीय होने पर गर्व है’।

आमिर पर बरसते हुए केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने बुधवार को कहा कि अभिनेता की ‘अतिवादी प्रतिक्रिया’ से न केवल देश की छवि बल्कि उनकी अपनी छवि को भी नुकसान पहुंचा है। आमिर की आलोचना में अपने पार्टी सहयोगियों का साथ देते हुए उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी के अभिनेता के बयान से सहमत नहीं होने की वजह यह है कि देश में सहिष्णुता की विरासत रही है।

एक अन्य केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने आमिर को ‘मनगढ़ंत राजनीतिक दुष्प्रचार’ के प्रभाव में नहीं आने की सलाह देते हुए कहा कि सहिष्णुता भारत के डीएनए में है और अभिनेता को देश छोड़कर जाने की जरूरत नहीं है। नकवी ने एक ट्वीट में कहा, ‘सहिष्णुता भारत के डीएनए में है। देश में असहिष्णुता के लिए कोई जगह नहीं है। लोगों को मनगढ़ंत राजनीतिक दुष्प्रचार से प्रभावित होने की जरूरत नहीं है’।

केंद्रीय मंत्री वेंकैया नायडू ने कहा, ‘कुछ लोग गलत चीजों का प्रचार कर रहे हैं, कुछ लोग दुष्प्रचार के प्रभाव में आ रहे हैं। भारत में ज्यादा सहिष्णुता है। भारत के लोग सहिष्णु हैं’। सरकार ने आमिर के बयान को भय फैलाने वाला बताया और मंत्रियों ने भारत की छवि खराब करने के लिए साजिश का आरोप लगाया था। आमिर ने अपने एक पृष्ठ के बयान में कहा, ‘पहले मैं स्पष्ट रूप से कह दूं कि न तो मैं और न ही मेरी पत्नी किरण का देश छोड़ने का कोई इरादा है। हमने न तो ऐसा किया न ही भविष्य में ऐसा करेंगे’।

उन्होंने कहा, ‘जो लोग उलटा अर्थ निकाल रहे हैं उन्होंने या तो मेरा साक्षात्कार देखा नहीं या जानबूझकर मेरी कही बातों को तोड़-मरोड़ रहे हैं। भारत मेरा देश है, मैं इसे प्यार करता हूं, मैं यहां जन्म लेकर खुद को भाग्यशाली मानता हूं और मैं यहीं रह रहा हूं’। दिल्ली में सोमवार को एक कार्यक्रम के दौरान अभिनेता ने यह कहकर राजनीतिक तूफान खड़ा कर दिया था कि वर्तमान माहौल में उनकी पत्नी को अपने बच्चे के लिए भय लगता है। उन्होंने कहा था, ‘किरण और मैंने अपनी पूरी जिंदगी भारत में गुजारी है। पहली बार उसने कहा कि क्या हमें भारत से बाहर चले जाना चाहिए… उसे अपने बच्चे के लिए भय है, उसे भय है कि हमारे आसपास माहौल कैसा होगा’।

कड़ी आलोचनाओं के बीच अपने बयान में आमिर ने कोई पश्चाताप नहीं दिखाया। उन्होंने कहा, ‘मैंने अपने साक्षात्कार में जो कहा, उस पर मैं कायम हूं। जो लोग मुझे देश विरोधी कह रहे हैं उनसे मैं कहना चाहता हूं कि मुझे भारतीय होने पर गर्व है और इसके लिए मुझे किसी से अनुमति लेने या मंजूरी लेने की जरूरत नहीं है’। अभिनेता के करीबी सूत्रों ने मीडिया की इन खबरों से इनकार किया कि विवाद को देखते हुए किरण को कुछ दिनों के लिए मुंबई से बाहर जाने के लिए कहा गया था। सूत्रों ने कहा कि वे मुंबई में हैं और शहर छोड़ने की उनकी कोई योजना नहीं है।

भाजपा ने आमिर पर निशाना साधते हुए कहा था, ‘वे और उनका परिवार भारत के सिवाय कहां जाएगा? भारत से बेहतर कोई देश नहीं है और किसी भारतीय मुसलमान के लिए हिंदू से बेहतर पड़ोसी नहीं है। मुसलिम देशों और यूरोप में क्या स्थिति है। हर जगह असहनशीलता है’। हमले से उनका बचाव करते हुए कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा था कि सरकार और प्रधानमंत्री पर सवाल खड़ा करने वालों को ‘देशद्रोही, देश विरोधी और निहित मंशा वाला’ करार देने के बजाए सरकार को ऐसे लोगों से संपर्क कर जानना चाहिए कि वे किस बात से निराश हैं।

अपने बयान में आमिर ने कहा, ‘दिल की बात रखने के लिए मुझ पर चिल्लाने वाले सभी लोग केवल मेरी बात की पुष्टि कर रहे हैं’। उन्होंने समर्थन करने वाले लोगों को धन्यवाद भी दिया। उन्होंने कहा, ‘जिन लोगों ने मेरा समर्थन किया उनको धन्यवाद। हमें अपने देश की सुंदरता और विविधता को बचाना है। हमें इसकी एकता, विविधता, समग्रता, इसकी भाषाओं, इसकी संस्कृति, इसके इतिहास, सहनशीलता, एकांतवाद की इसकी अवधारणा, इसके प्यार, संवेदनशीलता और इसकी भावनात्मक मजबूती की रक्षा करनी होगी’।

अभिनेता ने अपने बयान का समापन रवींद्रनाथ ठाकुर की इस मशहूर कविता से किया, ‘जहां दिमाग में भय नहीं है और सिर ऊंचा है, जहां ज्ञान स्वतंत्र है, जहां दुनिया टुकड़ों में बंटी हुई नहीं है, संकीर्ण घरेलू दीवारों से बंटी हुई नहीं है, जहां शब्द सच्चाई के गहरेपन से निकलते हैं’। नकवी ने कहा, ‘देश में शांति और सौहार्द बना हुआ है और कुछ भी गलत नहीं है। इसलिए आमिर को देश छोड़कर जाने की जरूरत नहीं है। उन्हें यहीं रहना चाहिए और मनगढ़ंत राजनीतिक दुष्प्रचार के प्रभाव में नहीं आना चाहिए’।

जावड़ेकर ने कहा, ‘आमिर का बयान उनका अपना बयान हो सकता है लेकिन देश काफी हद तक आहत हुआ है। यदि ऐसी अतिवादी प्रतिक्रिया किसी मशहूर कलाकार द्वारा दी जाती है तो स्वाभाविक रूप से कुछ लोग आहत और दुखी होते हैं’। उन्होंने कहा, ‘हम इस बयान से क्यों सहमत नहीं है, उसकी वजह यह है कि सहिष्णुता हमारे देश की विरासत रही है और आज भी है। आमिर के बयान से न केवल देश की छवि बल्कि उनकी अपनी छवि को भी नुकसान पहुंचा है’।

इस बीच आमिर के एक करीबी सूत्र ने कहा कि सुरक्षा के मद्देनजर अभिनेता, उनकी पत्नी और पुत्र की कुछ दिनों के लिए मुंबई से बाहर जाने की कोई योजना नहीं है। इस संबंध में आई रपटों के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘नहीं, कृपया ऐसी अफवाहों पर ध्यान नहीं दीजिए’। सूत्र ने कहा कि आमिर ने लुधियाना में अपनी फिल्म ‘दंगल’ की शूटिंग शुरू कर दी है जबकि उनकी फिल्म निर्माता पत्नी किरण मुंबई में ही हैं।

वहीं आमिर के आलोचकों को आड़े हाथों लेते हुए राकांपा अध्यक्ष शरद पवार ने कहा कि अभिनेता के बयान पर जिस तरीके से प्रतिक्रियाएं दी जा रही हैं, वे इस मामले पर उनके विचारों को मजबूत कर रही हैं। उन्होंने ट्वीट किया कि आमिर की तीखी आलोचना भी असहिष्णुता के समान है। यह असहिष्णुता पर उनकी राय को मजबूत बनाएगी।

 

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App